
प्रियंका गांधी ने गहलोत को किया फोन, फिर भरतपुर रेप केस की पीड़िता के परिवार को मिली सुरक्षा
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जिस पीड़िता ने प्रियंका गांधी ने मुलाकात की थी उसका मामला राजस्थान के भरतपुर का है. प्रियंका गांधी ने अशोक गहलोत से फोन पर बात की, जिसके बाद अशोक गहलोत ने भरतपुर के एसपी को आगे के निर्देश दिए.
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा बीते दिन उत्तर प्रदेश के मथुरा में थीं. यहां प्रियंका ने किसान महापंचायत को संबोधित किया, लेकिन इसी दौरान प्रियंका गांधी ने एक गैंगरेप पीड़िता से मुलाकात की. जब पीड़िता ने अपना मामला प्रियंका को बताया, तो फिर कांग्रेस महासचिव ने राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से बात की. दरअसल, जिस पीड़िता ने प्रियंका गांधी ने मुलाकात की थी उसका मामला राजस्थान के भरतपुर का है. प्रियंका गांधी ने अशोक गहलोत से फोन पर बात की, जिसके बाद अशोक गहलोत ने भरतपुर के एसपी को आगे के निर्देश दिए. मामला सुर्खियों में आने के बाद भरतपुर पुलिस हरकत में आई और एसपी देवेंद्र विश्नोई ने इस मामले की पूरी रिपोर्ट मुख्यमंत्री को भेज दी है. राजस्थान पुलिस की ओर से अब गैंगरेप पीड़िता और उसके परिवार को सुरक्षा भी मुहैया करा दी गई है. राजस्थान के भरतपुर में घटी ये घटना 26 अप्रैल, 2020 की है. आरोप है कि 15 साल की पीड़िता से तीन लोगों ने रेप किया था, अब इसी मामले में पीड़िता ने प्रियंका गांधी से गुहार लगाई है. मथुरा में मंगलवार को जब प्रियंका गांधी वाड्रा अपना भाषण दे रही थीं, तभी बीच में प्रियंका मंच से नीचे उतरीं और पीड़िता से मुलाकात की थी. बाद में प्रियंका ने अलग से पीड़िता से मुलाकात की और पूरी समस्या को सुना. गौरतलब है कि कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा लगातार पश्चिमी उत्तर प्रदेश में किसान महापंचायतों में हिस्सा ले रही हैं. अभी तक प्रियंका ने सहारनपुर, मथुरा, बिजनौर, मुजफ्फरनगर में किसान महापंचायत को संबोधित किया है.
जिस समय दुनिया में भारत में चल रही AI समिट की वाहवाही हो रही थी. दुनिया के तमाम देशों के राष्ट्रप्रमुख भारत की क्षमताओं और लीडरशिप के कायल हो रहे थे. तब कांग्रेस की यूथ विंग का 'राजनीतिक विरोध'... कुंठा और हताशा की सारी सीमाओं को पार कर गया और फिर उन्होंने जो किया, उसे शर्मनाक, फूहड़ता, निर्लज्जता और 'राजनीतिक अधोपतन' ही कहा जा सकता है. कांग्रेस की यूथ विंग के कार्यकर्ताओं ने किसी पूर्व नियोजित योजना के तहत सुरक्षा घेरा तोड़कर AI समिट में प्रवेश किया.

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ब्राजील के राष्ट्रपति लूला डा सिल्वा ने इस इंटरव्यू ब्रिक्स करेंसी पर विस्तार से बात की. उन्होंने कहा कि हमने यह नहीं कहा कि हम ब्रिक्स करेंसी बनाएंगे. ब्रिक्स के अंदर नई करेंसी बनाने पर कोई बहस नहीं है. लेकिन यह जरूरी नहीं है कि ब्राजील और इंडिया के बीच ट्रेड डील US डॉलर में ही हो. हम इसे अपनी करेंसी में भी कर सकते हैं.





