
दिल्ली बसाने वाले तोमर राजाओं की विरासत पर दांव, मूर्ति लगेगी, म्यूजियम बनवाएगी सरकार
AajTak
अनंगपाल द्वितीय जिन्हें इतिहास और लोककथाओं में अनंगपाल तोमर के नाम से जाना जाता है वे तोमर वंश से संबंध से ताल्लुक रखते हैं. इस राजवंश ने 8वीं से 12वीं सदी तक आधुनिक दिल्ली और हरियाणा के इलाकों में शासन किया था. इसकी पुष्टि करने के लिए पुरातात्विक महत्व के सिक्के मिले हैं.
केंद्र सरकार दिल्ली की विरासत और इतिहास को लेकर जागरुकता फैलाने के लिए दिल्ली के तोमर वंश के राजाओं से जुड़े स्थलों का संरक्षण करने जा रही है और सरकार की योजना यहां एक संग्रहालय बनाने की है. जहां दिल्ली पर 8 से 12वीं सदी राज करने वाले तोमर राजाओं से जुड़ी धरोहरों को सुरक्षित रखा जाएगा. बता दें कि हाल ही में राष्ट्रीय स्मारक अथॉरिटी ने इतिहास के पन्नों में गुम हो गए तोमर राजा अनंगपाल द्वितीय की विरासत पर एक सेमिनार आयोजित किया था. चर्चित राजपूत राजा पृथ्वीराज चव्हाण अनंगपाल द्वितीय के परपोते थे. इंडियन एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट के अनुसार इस सेमिनार के दौरान राष्ट्रीय स्मारक प्राधिकरण के चेयरमैन तरुण विजय से जब पूछा गया कि इस सेमिनार का उद्देश्य क्या है तो उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयान का जिक्र करते हुए कहा, "इतिहास बनाने वालों के खिलाफ इतिहास लिखने वालों ने जो नाइंसाफी की है उसे सही किया जा रहा है."
पुणे शहर में एक गंभीर सड़क हादसा उस समय हुआ जब एक नशे में धुत चालक ने तेज रफ्तार से वाहन चलाते हुए अपना संतुलन खो दिया. दुर्घटना का सीसीटीवी फुटेज सामने आया है, जिसमें वाहन सीधे सड़क किनारे लगे दुकानों से टकराता दिख रहा है. जोरदार टक्कर की वजह से दुकानों के शटर, सामान और ढांचे पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए. इस घटना के बाद पुलिस ने चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर वाहन को जब्त कर लिया है.

रिटायर्ड एसबीआई निदेशक राजकुमार मेहता को उनका बेटा युवराज फोन करता है 'मुझे बचा लीजिए, मैं डूब जाऊंगा… मेरी कार नाले में गिर गई है.' आधे घंटे बाद पिता घटना स्थल पर पहुंचते हैं. पुलिस, फायर ब्रिगेड और एसडीआरएफ के 80 कर्मचारी मौजूद होने के बावजूद संसाधनों की कमी और जोखिम के डर के चलते कोई पानी में नहीं उतरता. निक्कमे सिस्टम और बेबस पिता के सामने ही युवराज तड़प-तड़प कर दम तोड़ देता है.

इंदौर के सर्राफा बाजार में लकड़ी की फिसलने वाली गाड़ी, पीठ पर टंगा बैग और हाथों में जूते लेकर घिसटकर चलता मांगीलाल जिसे भी दिखाई देता, वह सहानुभूति में उसे पैसे दे देता. लेकिन यही मांगीलाल तीन पक्के मकानों, तीन ऑटो और एक डिजायर कार का मालिक है. इतना ही नहीं, वह लोगों को ब्याज पर पैसा भी देता था. इस खुलासे ने सबको चौंका दिया.

बेंगलुरु में रोड रेज की एक सनसनीखेज घटना सामने आई है. सड़क पर मामूली बात को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद हो गया. इसी दौरान एक युवक अचानक अपना आपा खो बैठा और उसने सड़क पर ही चाकू निकाल लिया. आरोपी गुस्से में चाकू लहराते हुए सामने वाले को धमकाने लगा. वह सड़क पर खुलेआम हथियार दिखाकर डराने की कोशिश करता रहा, जिससे वहां मौजूद लोगों में दहशत फैल गई. कुछ देर के लिए सड़क पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया और लोग अपनी जान बचाने के लिए पीछे हटने लगे. वीडियो में आरोपी का आक्रामक रवैया और चाकू लहराने की हरकत साफ तौर पर देखी जा सकती है फिलहाल आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है.

देश के अलग-अलग राज्यों से आग की भयावह घटनाएं सामने आई हैं, जिसने एक बार फिर सुरक्षा इंतजामों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. गुजरात के खेड़ा जिले में भोपाल जा रहे एक कंटेनर ट्रक में अचानक आग लग गई, जिसमें मारुति कंपनी की 8 नई कारें पूरी तरह जलकर राख हो गईं. उत्तर प्रदेश के जालौन जिले में एक फर्नीचर गोदाम में भीषण आग लगने से लाखों रुपये का तैयार माल नष्ट हो गया. झारखंड के रामगढ़ जिले में देर रात बोरा फैक्ट्री में आग लगने से फैक्ट्री पूरी तरह खाक हो गई, आग की लपटें दूर तक दिखाई दीं और आसपास के घरों को भी नुकसान पहुंचा. वहीं जयपुर–दिल्ली राष्ट्रीय राजमार्ग पर गैस टैंकर और ट्रेलर की टक्कर के बाद केमिकल से भरे टैंकर में आग भड़क उठी, जिससे हाईवे पर अफरा-तफरी मच गई. वहीं रायपुर के जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय में भीषण आग लग गई, जहां भंडार कक्ष में रखी कई अहम फाइलें जलकर खाक हो गईं. राहत की बात यह रही कि इन सभी घटनाओं में कोई जनहानि नहीं हुई, हालांकि करोड़ों रुपये के नुकसान का अनुमान है.








