
ट्रूडो के खालिस्तानी प्रेम से कनाडा के हिंदुओं पर कैसे मंडरा रहा है खतरा, भारतवंशी सांसद चंद्रा आर्या ने खोली पोल
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कनाडा के हिंदू सांसद चंद्र आर्या ने कहा, 'पिछले हफ्ते मैं एडमोंटन में एक हिंदू कार्यक्रम में केवल RCMP अधिकारियों की सुरक्षा की वजह से भाग ले पाया क्योंकि खालिस्तानी प्रदर्शनकारियों के एक समूह ने मेरे खिलाफ खतरनाक प्रदर्शन किया था.' उन्होंने स्वीकार किया कि कनाडा लंबे समय से खालिस्तानी हिंसक उग्रवाद की गंभीर समस्या से जूझ रहा है.
भारत और कनाडा के बीच चल रही तनातनी के बीच खालिस्तानी आतंकी गुरपतवंत सिंह पन्नू लगातार भारत और हिंदुओं के खिलाफ जहर उगल रहा है. पन्नू और खालिस्तानी समर्थकों की धमकी की वजह से कनाडा में रह रहे हिंदुओं की सुरक्षा को लेकर वहां के सांसद चंद्रा आर्या ने चिंता जाहिर की है.
‘हाउस ऑफ कॉमन्स’ में नेपियन से सांसद चंद्रा आर्य को भी खुद पन्नू ने धमकी दी है जिसके बाद उनकी सुरक्षा और बढ़ा दी गई है. बीते कुछ महीनों के दौरान कनाडा में भारतीयों और हिंदुओं के खिलाफ नफरत फैलाने वाले भाषण और हिंसा की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं. चंद्रा आर्या ने ऐसी घटनाओं पर चिंता जाहिर की है.
हिंदुओं की चिंताएं खुद महसूस की- चंद्रा आर्या
उन्होंने कहा, 'मैंने हाल ही में हुए घटनाक्रमों के बारे में कनाडा में रह रहे हिंदुओं की चिंताओं को सुना है. एक हिंदू सांसद के रूप में, मैं खुद ऐसी चिंताओं का प्रत्यक्ष अनुभव कर रहा हूं. पिछले हफ्ते मैं एडमोंटन में एक हिंदू कार्यक्रम में केवल RCMP (रॉयल कैनेडियन माउंटेड पुलिस) अधिकारियों की सुरक्षा की वजह से भाग ले पाया क्योंकि खालिस्तानी प्रदर्शनकारियों के एक समूह ने मेरे खिलाफ खतरनाक प्रदर्शन किया था. कनाडा लंबे समय से खालिस्तानी हिंसक उग्रवाद की गंभीर समस्या से जूझ रहा है.'
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उन्होंने आगे कहा, 'मैं स्पष्ट कर दूं कि कनाडा के भीतर किसी भी रूप में विदेशी ताकतों द्वारा की गई कोई भी कार्रवाई या भागीदारी अस्वीकार्य है. कनाडाई होने के नाते, हम नहीं चाहते कि कनाडा अन्य देशों के घरेलू मामलों में हस्तक्षेप करे. इसी तरह, हम नहीं चाहते कि विदेशी सरकारें कनाडा के घरेलू मामलों में हस्तक्षेप करें, जिसमें खालिस्तानी उग्रवाद से जुड़े मामले भी शामिल हैं. यह एक कनाडाई समस्या है और इसे हल करना हमारी सरकार और हमारी कानून प्रवर्तन एजेंसियों का काम है.'

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