
जम्मू, जैसलमेर, जालंधर से पठानकोट...PAK को हर जगह मुंह की खानी पड़ी, जानें सरहदी इलाकों के ताजा हालात
AajTak
पाकिस्तान ने ना केवल जम्मू-कश्मीर में आसमान से हमले की कोशिश की बल्कि एलओसी से सटे गांवों में फायरिंग भी शुरू की. पुंछ में कई घर क्षतिग्रस्त हो गए. इस बीच आज सुबह ही जम्मू के सतवारी में आसमान में हलचल देखी गई. भारतीय फौज ने फ्लाइंग ऑब्जेक्ट पर फायर किया.
पाकिस्तान की ओर से भारत के कई सीमावर्ती इलाकों में किए गए ड्रोन और मिसाइल हमलों को भारतीय सुरक्षा बलों ने समय रहते नाकाम कर दिया है. पाकिस्तान ने गुरुवार शाम को जम्मू, पठानकोट, उधमपुर, जैसलमेर, पोखरण, जालंधर और भुज जैसे रणनीतिक स्थलों को निशाना बनाने की कोशिश की लेकिन उसे मुंह की खानी पड़ी.
भारत के एयर डिफेंस सिस्टम ने सभी हमलों को सफलतापूर्वक विफल कर दिया. इतना ही नहीं भारत ने सख्त कार्रवाई करते हुए पाकिस्तान के तीन फाइटर जेट गिराए हैं. इनमें दो JF17 और एक F16 फाइटर जेट शामिल हैं.
जम्मू-कश्मीर में कई मिसाइलें और ड्रोन से किया गया हमला पाकिस्तान ने ना केवल जम्मू-कश्मीर में आसमान से हमले की कोशिश की बल्कि एलओसी से सटे गांवों में फायरिंग भी शुरू की. उरी, अखनूर और पुंछ में कई घर ध्वस्त हो गए. इस बीच आज सुबह ही जम्मू के सतवारी में आसमान में हलचल देखी गई. भारतीय फौज ने फ्लाइंग ऑब्जेक्ट पर फायर किया.
यह भी पढ़ें: 'हां, पाकिस्तान आतंकियों का मददगार...', जंग के बीच खुलकर भारत के सपोर्ट में आया अमेरिका
रक्षा मंत्रालय ने जानकारी देते हुए बताया कि जम्मू-कश्मीर में अंतरराष्ट्रीय सीमा पर पाकिस्तानी ड्रोन और मिसाइलों द्वारा जम्मू, पठानकोट और उधमपुर में सैन्य स्टेशनों को निशाना बनाया गया. स्थापित मानक संचालन प्रक्रियाओं (एसओपी) के अनुरूप गतिज और गैर-गतिज क्षमताओं का उपयोग करके खतरों को तेजी से बेअसर कर दिया गया.
सुरक्षा एजेंसियों ने पुष्टि की है कि जम्मू हवाई अड्डे, सांबा, आरएस पुरा, अरनिया और पड़ोसी क्षेत्रों में पाकिस्तान की तरफ से कई मिसाइलें दागी गईं और सभी को एस 400 डिफेंस सिस्टम ने मार गिराया. राजौरी और पुंछ में नियंत्रण रेखा (LoC) पर जोरदार धमाकों की आवाज सुनी गई. जम्मू विश्वविद्यालय के पास एक पाकिस्तानी ड्रोन को मार गिराया गया जो सीमा पार से भेजा गया था. उधमपुर और पठानकोट में भी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाने की कोशिश को नाकाम किया गया.

वेस्ट एशिया में छिड़ी जंग के बाद पैदा हुए हालातों पर प्रधानमंत्री लोकसभा को संबोधित कर रहे हैं. इस बीच उन्होंने कहा कि अब इस संकट को 3 सप्ताह से ज्यादा हो रहा है. इसका पूरे विश्व की अर्थव्यवस्था पर, लोगों के जीवन पर बहुत ही विपरित असर हो रहा है. इसलिए पूरी दुनिया इस संकट के जल्द से जल्द समाधान के लिए सभी पक्षों से आग्रह भी कर रही है.












