
करुण नायर बल्ले से मचा रहे धमाल... लगातार दूसरे मैच में जड़ा शतक, क्या टीम इंडिया में होगी वापसी?
AajTak
करुण नायर ने रणजी ट्रॉफी में लगातार दूसरा शतक जड़ा है. ये वही करुण नायर हैं, जो इंग्लैंड दौरे पर अपनी कमबैक सीरीज में कुछ खास नहीं कर पाए थे और उन्हें टीम से एक बार फिर ड्रॉप कर दिया गया था.
अनुभवी बल्लेबाज करुण नायर रणजी ट्रॉफी 2025-26 में शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं. कर्नाटक की ओर से खेल रहे करुण ने अब केरल के खिलाफ शतक जड़ दिया है. मंगलापुरम (तिरुवनतंपुरम) के केसीए क्रिकेट ग्राउंड में जारी एलीट ग्रुप-बी के इस मुकाबले में करुण ने पहले ही दिन (1 नवबंर) शतक जड़ा. करुण ने 10 चौके और दो छक्के की मदद से 160 बॉल पर अपना शतक पूरा किया.
करुण नायर के फर्स्ट क्लास करियर का ये 26वां शतक लगाया है. इस दौरान करुण ने फर्स्ट क्लास क्रिकेट में 9 हजार रन भी पूरे कर लिए. करुण यह उपलब्धि हासिल करने वाले कर्नाटक के छठे बल्लेबाज बने हैं. उनसे पहले राहुल द्रविड़, गुंडप्पा विश्वनाथ, बृजेश पटेल, सैयद किरणी और रॉबिन उथप्पा ये उपलब्धि हासिल कर चुके थे.
यह भी पढ़ें: भारत दौरे के लिए SA की टेस्ट टीम का ऐलान... बावुमा की वापसी, स्क्वॉड में 3 स्पिनर्स शामिल
करुण नायर का मौजूदा रणजी में ये लगातार दूसरा शतक रहा. इससे पहले उन्होंने गोवा के खिलाफ 174 नाबाद रन बनाए थे. इसके अलावा सौराष्ट्र के खिलाफ करुण ने 73 रनों की शानदार पारी खेली थी. करुण का लगातार अच्छा प्रदर्शन उनकी बल्लेबाजी की ताकत और निरंतरता दोनों को दर्शाता है. यह प्रदर्शन उन्हें फिर से भारतीय टेस्ट टीम में वापसी का रास्ता भी दिखा सकता है.
करुण नायर संग स्मरण रविचंद्रन ने जमाया रंग केरल के खिलाफ मैच में कर्नाटक की शुरुआत खराब रही. टीम का स्कोर एक समय 13/2 था. ऐसे में करुण नायर ने पारी को संभाला और शानदार शतक लगाया. उन्होंने कृष्णन श्रीजीत (65 रन) के साथ तीसरे विकेट के लिए 123 रनों की साझेदारी की. इसके बाद करुण नायर ने स्मरण रविचंद्रन के साथ चौथे विकेट के लिए शानदार साझेदारी करके कर्नाटक को 300 के पार पहुंचा दिया. पहले दिन स्टम्प तक कर्नाटक का स्कोर पहली पारी में 319/3 था. करुण 142 और रविचंद्रन 88 रन पर नाबाद हैं.
करुण नायर ने लगभग 8 साल बाद इंटरनेशनल क्रिकेट में वापसी की थी. करुण ने भारतीय टीम के हालिया इंग्लैंड दौरे पर कुल चार मैच खेले, जिसमें वो सिर्फ एक अर्धशतक बना पाए. कई मौकों पर उन्होंने अच्छी शुरुआत की, लेकिन उसे बड़े स्कोर में बदल नहीं पाए. करुण ने इंग्लैंड दौरे पर 25.62 के एवरेज से 205 रन बनाए.

2003 के क्रिकेट वर्ल्ड फाइनल में भारतीय टीम खिताब जीतने के लिए मैदान पर उतरी थी, लेकिन कुछ ही घंटों में ये सपना टूट गया था. रिकी पोंटिंग की तूफानी पारी, वीरेंद्र सहवाग की अकेली जंग और 'स्प्रिंग बैट' की रहस्यमयी अफवाहों ने इस मुकाबले को सिर्फ एक मैच नहीं, बल्कि क्रिकेट इतिहास की सबसे चर्चित और यादगार कहानी बना दिया.












