
ईरान-इजरायल युद्ध में अमेरिका की एंट्री, अब रूस की बारी?
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अमेरिका ने ईरान के परमाणु ठिकानों पर हमला किया है, जिसके जवाब में ईरान ने इजरायल और कतर में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर मिसाइलें दागी हैं. रूस के पूर्व राष्ट्रपति दिमित्री मेदवेदेव ने दावा किया है कि अमेरिकी हमलों से परमाणु ठिकानों को कम नुकसान हुआ है और परमाणु हथियारों का निर्माण जारी रहेगा.

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ईरान को होर्मुज पर धमकी अब उन्हीं पर उलटी पड़ चुकी है. ट्रंप ने ईरान को 48 घंटे की डेडलाइन देकर होर्मुज खोलने को कहा था, जिसके बाद अब ईरान ने ट्रंप के स्टाइल में ही उन्हें जवाब देते हुए कहा कि यदि अमेरिका उनपर हमला करेगा तो ईरान भी अमेरिका के एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर को निशाना बनाएगा.

आज यु्द्ध का 24वां दिन है. इजरायल पर ईरान और जवाब में अमेरिका और इजरायल के ईरान पर ताबड़तोड़ हमले जारी हैं. इस बीच सवाल ये कि क्या डोनाल्ड ट्रंप हॉर्मुज पर फंस गए हैं. ट्रंप के बार-बार बदलते बयानों से लग रहा है कि जंग छेड़ने से पहले हॉर्मुज को लेकर ट्रंप सोच नहीं पाए थे. देखें कैसे बदलते जा रहे ट्रंप के बयान.











