
इंडियन नेवी ने दिखाया दम, समुद्री लुटेरों के चंगुल से माल्टा के नाविक को बचाया
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माल्टा के इस जहाज में चालक दल के 18 सदस्य सवार थे, जिसमें से एक को समुद्री लुटेरों की ओर से की गई फायरिंग में गोली लग गई थी. इस सदस्य के कंधे के पास गोली लगी थी. भारतीय नौसेना ने इस जख्मी क्रू मेंबर की रिहाई के लिए समुद्री लुटेरों से बातचीत की.
भारतीय नौसेना के युद्धपोत आईएनएस कोच्ची (INS Kochi) ने अरब सागर में समुद्री लुटेरों द्वारा हाईजैक किए गए माल्टा के जहाज एमवी रुएन (MV Ruen) को रेस्क्यू किया गया था. अब खबर है कि इस जहाज के एक घायल क्रू मेंबर को भी नौसेना ने बचा लिया है.
माल्टा के इस जहाज में चालक दल के 18 सदस्य सवार थे, जिसमें से एक को समुद्री लुटेरों की ओर से की गई फायरिंग में गोली लग गई थी. इस सदस्य के कंधे के पास गोली लगी थी. भारतीय नौसेना ने इस जख्मी क्रू मेंबर की रिहाई के लिए समुद्री लुटेरों से बातचीत की. इस सदस्य को जख्मी होने के बाद फर्स्ट एड ट्रीटमेंट दिया गया था. अब भारतीय नौसेना इस घायल सदस्य को विशेष इलाज के लिए ओमान के एक पोर्ट ले गए हैं.
माल्टा का यह जहाज सोमालिया के क्षेत्रीय जलसीमा में घुस गया था, जिसके बाद समुद्री लुटेरों ने इसे हाईजैक कर लिया था. 14 दिसंबर को भारतीय नौसेना को एक अलर्ट मिला था, जिसके बाद नौसेना ने अपना एक युद्धपोत अदन की खाड़ी में हाइजैक हुए जहाज MV रुएन की मदद के लिए भेजा था.
अधिकारियों ने कहा कि जहाज को हाईजैक करने की सूचना गुरुवार को दी गई और भारतीय नौसेना ने शुक्रवार तड़के घटना क्षेत्र में अपनी सहायता भेजी थी.
बता दें कि माल्टा का हाइजैक हुआ जहाज कोरिया से तुर्की की तरफ जा रहा था. तभी सोमालिया के समुद्री लुटेरों ने उस पर हमला कर दिया था. 2017 के बाद ये अरब सागर में जहाज हाइजैक होने का सबसे बड़ा मामला है.

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