
'आतंकवाद का धर्म होता है, हिंदू पराक्रम के लिए तैयार रहें', पहलगाम आतंकी हमले पर शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद का बड़ा बयान
AajTak
स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने आगे कहा कि हिंदुओं को इस घटना से सबक लेना चाहिए और अपने पूर्वजों जैसा पराक्रम दिखाने के लिए तैयार रहना चाहिए. हिंदुओं को इस घटना से सीखने की जरूरत है.
पहलगाम में हुए आतंकी हमले पर ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने कहा कि पहलगाम की घटना सामान्य नहीं है. हमारे देश के बड़े-बड़े नेता समय-समय पर कहते रहे हैं कि आतंकवाद का कोई धर्म नहीं होता. इस घटना ने सिद्ध कर दिया कि आतंकवाद का धर्म होता है. नेताओं को अब यह बात कहने से पहले सोचना चाहिए. आतंकियों ने लोगों का धर्म पूछकर और एक विशेष धर्म के लोगों को निशाना बनाकर उन्हें मारा.
मध्य प्रदेश के सिवनी में शंकराचार्य ने पहलगाम में 26 पर्यटकों की मौत पर कहा, ''यह काम राक्षसों के अलावा कोई नहीं कर सकता. इसलिए आतंकवादियों को 'राक्षस' कहना शुरू करना चाहिए.''
स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने आगे कहा, ''हिंदुओं को इस घटना से सबक लेना चाहिए और अपने पूर्वजों जैसा पराक्रम दिखाने के लिए तैयार रहना चाहिए. हिंदुओं को इस घटना से सीखने की जरूरत है. हिंदुओं को चुनौती दी जा रही है. अपनी पहचान को समझें और अपने पूर्वजों के पराक्रम को फिर से प्रकट करने के लिए तैयार हों. कब तक धर्म बताकर गोलियां खाते रहेंगे?''
शंकराचार्य ने सरकार पर भी निशाना साधते हुए कहा, ''जिन लोगों ने दावा किया कि कश्मीर में सब ठीक हो गया है, धारा 370 हट गई है, और स्वर्ग की वादियों का आनंद लें, उनके आश्वासनों पर भरोसा कर लोग वहां गए. सरकार को आत्ममंथन करना चाहिए कि उनकी चूक कहां हुई. घटना के बाद प्रशासन अपनी वीरता का ढोल पीटता है, लेकिन घटना के समय सुरक्षा व्यवस्था कहां थी?''

देश की सर्वोच्च अदालत ने UGC के नए नियमों से सामान्य वर्ग को नफरती करके फंसाए जाने की आशंका को गंभीरता से लिया है. कॉलेज कैंपस में भेदभाव रोकने के नाम पर 13 जनवरी के नियमों को सुप्रीम कोर्ट ने फिलहाल रोक लगा दी है. इसके बाद सामान्य वर्ग की राजनीतिक ताकत और इस मुद्दे के व्यापक मायनों पर चर्चा तेज हो गई है. जातिगत भेदभाव रोकने के लिए बनाए गए इन नियमों पर सुप्रीम कोर्ट की रोक ने इसके भविष्य पर सवाल खड़े कर दिए हैं.

प्रयागराज माघ मेले से लौटे शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. उन्होंने सरकार को गोहत्या और मांस निर्यात के मुद्दे पर कड़ी चेतावनी दी है. शंकराचार्य ने साफ कहा है कि अगर सरकार द्वारा निर्धारित शर्तें पूरी नहीं की गईं, तो वे मुख्यमंत्री को नकली हिंदू घोषित करेंगे. यह बयान राजनीतिक और सामाजिक विवादों को जन्म दे सकता है क्योंकि गोहत्या और मांस निर्यात जैसे मुद्दे प्रदेश के भीतर संवेदनशील विषय हैं.

झारखंड फेडरेशन ऑफ चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज (FJCCI) के अध्यक्ष आदित्य मल्होत्रा ने राज्य के चार ऐसे जिलों की रेल कनेक्टिविटी समेत अन्य आवश्यक मांगों को लेकर यूनियन बजट में शामिल करने की बात कही है जहां आज तक रेल कनेक्टिविटी उपलब्ध नहीं है. आदित्य मल्होत्रा ने इन जिलों के लिए रेल परिवहन के महत्व को रेखांकित करते हुए बताया कि यह कदम कैसे क्षेत्रीय विकास में सहायक होगा.

उत्तर भारत में मौसम का मिजाज बदलने वाला है. मौसम विभाग (IMD) के अनुसार आने वाले दिनों में हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर में फिर बर्फबारी की संभावना है. वहीं, दिल्ली-NCR में 31 जनवरी से 2 फरवरी तक बारिश का पूर्वानुमान जताया गया है. मौसम विभाग ने पंजाब, हरियाणा और राजस्थान के लिए भी बारिश का अलर्ट जारी किया है.

जम्मू कश्मीर से हिमाचल प्रदेश तक पहाड़ों पर लगातार भारी बर्फबारी जारी है. इस बर्फबारी के कारण खूबसूरत नजारे देखने को मिल रहे हैं, जिससे बड़ी तादाद में पर्यटक इन इलाकों की तरफ आकर्षित हो रहे हैं. मौसम के इस बदलाव ने कई रास्ते बंद कर दिए हैं जिससे कई जगहों पर यातायात जाम की स्थिति बनी है. श्रीनगर समेत पुलवामा, कुलगाम, शोपिया, गुरेज और अन्य क्षेत्रों में तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है.

मिडिल ईस्ट में तनाव चरम पर है. अमेरिका ने USS Abraham Lincoln कैरियर ग्रुप अरब सागर में तैनात कर ईरान पर हमले की धमकी दी है. ईरान डर से अपने न्यूक्लियर साइट्सको गहराई में छिपा रहा है. टनल सील कर रहा है. ड्रोन कैरियर शहीद बघेरी को बंदर अब्बास से 6 किमी दूर रखा है. IRGC 1-2 फरवरी को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में लाइव-फायर एक्सरसाइज करेगा.

दिल्ली पुलिस की महिला कमांडो काजल की हत्या के मामले अब नई परतें खुल रही हैं. उसके परिजनों ने पति अंकुर पर हत्या के साथ-साथ पेपर लीक रैकेट का मास्टरमाइंड होने के गंभीर आरोप लगाए हैं. दावा है कि काजल के पास उसके काले कारनामों के राज़ थे. हत्या से पहले वीडियो कॉल और डंबल से हत्या के आरोपों ने मामले को और सनसनीखेज बना दिया है.






