
अतीक गैंग और नेपाली माफिया के बीच होने वाली थी सीक्रेट डील, तभी सीमा हैदर की एंट्री ने बिगाड़ दिया सारा गेम
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माफिया अतीक और अशरफ की पत्नियां शाइस्ता और जैनब माफिया की बेनामी संपत्तियों को बेचना चाहती थीं, लेकिन सीमा हैदर की भारत में अवैध एंट्री से दोनों का प्लान धरा रह गया. दरअसल, नेपाली माफिया के साथ संपत्तियों की डील हुई थी, जो सीमा हैदर मामले के बाद नेपाल से यूपी नहीं आ सका. इसी बीच वकील विजय मिश्रा की गिरफ्तारी भी हो गई.
उत्तर प्रदेश में माफिया अतीक अहमद की पत्नी शाइस्ता परवीन और अतीक के भाई अशरफ की पत्नी जैनब के पास अब पैसों की कमी सामने आ रही है. अब दोनों अतीक और अशरफ की बेनामी संपत्तियों को बेचने की जुगाड़ में लगी हैं, ताकि वह अली और उमर को जेल से बाहर निकाल सकें और अपना साम्राज्य खड़ा कर सकें. दोनों इसके लिए वकील विजय मिश्रा को शामिल कर बेनामी संपत्तियों को बेचने की जुगत में लगी हैं.
काफी हद तक बेनामी संपत्तियां बिक भी जातीं, लेकिन इस बीच सीमा हैदर अवैध रूप से भारत आ गई, जिससे शाइस्ता परवीन के अरमानों पर पानी फिर गया. शाइस्ता का सारा प्लान धरा का धरा रह गया. इसका खुलासा वकील विजय मिश्रा की गिरफ्तारी के बाद पूछताछ में हुआ है.
सूत्रों के मुताबिक, विजय मिश्रा ने पुलिस को बताया कि अतीक की प्रयागराज और लखनऊ स्थित बेनामी संपत्तियों को बेचने के लिए वह खरीदार ढूंढ़ रहा था, लेकिन यूपी का कोई भी बिल्डर अतीक की संपत्ति खरीदने को तैयार नहीं था. ऐसे में नेपाल में रहने वाला यूपी का एक माफिया इन संपत्तियों को खरीदने के लिए तैयार हुआ था.
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संपत्ति की तस्वीर और वीडियो के साथ जरूरी कागजात विजय मिश्रा ने वॉट्सएप के जरिए नेपाल के उस माफिया को भेजे थे. इसके बाद जमीन की डील पक्की हो गई थी. हालांकि खरीदार एक बार आमने सामने बैठकर विजय मिश्रा और शाइस्ता या जैनब से बात करना चाहता था. इसके लिए लखनऊ में मीटिंग बुलाई गई थी, जिसमें अशरफ की पत्नी जैनब, वकील विजय मिश्रा और नेपाल का खरीदार माफिया शामिल होने वाले थे.

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