
Rio Olympics में ही फैसला कर दिया था कि Tokyo में खुद को साबित करना है: मीराबाई
Zee News
चानू ने खुलासा किया कि रियो ओलंपिक खेलों में नाकाम रहने के बाद उन्होंने अपनी ट्रेनिंग और तकनीक पूरी तरह से बदल दी थी ताकि वह टोक्यो में अच्छा खेल सकें.
टोक्यो: टोक्यो ओलंपिक (Tokyo Olympics) में सिल्वर मेडल जीतकर भारतीय वेटलिफ्टिंग में नया इतिहास बनाने वाली मीराबाई चानू (Mirabai Chanu) ने शनिवार को कहा कि वह अब प्रेक्टिस की परवाह किये बिना अपने परिवार वालों के साथ छुट्टियां बिता सकती हैं क्योंकि पिछले पांच सालों में वह सिर्फ पांच दिन के लिये मणिपुर में मौजूद अपने घर पर जा पायीं. चानू ने खुलासा किया कि रियो ओलंपिक खेलों में नाकाम रहने के बाद उन्होंने अपनी ट्रेनिंग और तकनीक पूरी तरह से बदल दी थी ताकि वह टोक्यो में अच्छा खेल सकें. चानू ने कहा, "पिछले पांच वर्षों में मैं केवल पांच दिन के लिये घर जा पायी थी. अब मैं इस मेडल के साथ घर जाऊंगी." उनका परिवार नोंगपोक काकचिंग गांव में रहता है जो इंफाल से लगभग 20 किमी दूर है.
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