
J-K: आतंकियों के घर 'बुलडोजर' एक्शन पर ऐतराज, पड़ोसियों को पहुंच रहा नुकसान, महबूबा ने की ये अपील
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जम्मू-कश्मीर में आतंकियों को खिलाफ एक्शन को लेकर अब कश्मीरी नेताओं ने आवाज उठाई है. कश्मीरी नेताओं का दावा है कि आतंकियों के घर ध्वस्त करने की कार्रवाई में पड़ोसियों के घरों को भी नुकसान हो रहा है.
पहलगाम आतंकी हमले के बाद सुरक्षाबलों ने कई सक्रिय आतंकियों घरों को ध्वस्त कर दिया है. इसी बीच सक्रिय आतंकवादियों के घरों पर जारी कार्रवाई और इससे पड़ोसियों को हो रहे नुकसान को लेकर कई कश्मीरी नेताओं ने ऐतराज जताया है. जमात-ए-इस्लामी के वरिष्ठ नेता ने कहा, 'हम भारतीय हैं और इस हमले की निंदा करते हैं.' वहीं, सुरक्षाबलों की टीम ने 9 सक्रिय आतंकवादियों के घरों को जमींदोज कर दिया है. सुरक्षाबलों की इस कार्रवाई का विरोध करते हुए जमात-ए-इस्लामी के वरिष्ठ नेता शमीम थोकर, जस्टिस डेवलपमेंट फ्रंट के संस्थापक का कहना है कि हम भारतीय हैं और पहलगाम हमले की स्पष्ट रूप से निंदा करते हैं, लेकिन टेररिस्ट के घरों को उड़ाने की ये घटना, जिसका असर पड़ोसियों के घरों पर भी पड़ता है.
'डरे हुए हैं बुजुर्ग और बच्चे'
उन्होंने कहा कि ये कार्रवाई बंद होनी चाहिए, 'मैं पीएम और गृह मंत्री से इसे रोकने की अपील करता हूं, क्योंकि जिस इलाके में ये विस्फोट होते हैं. वहां का पूरा इलाका भयभीत है, महिलाएं, बुजुर्ग, बच्चे बहुत डरे हुए हैं.'
पीडीपी नेता और जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने कहा, हाल ही में पहलगाम में हुए हमले के बाद भारत सरकार को सावधानी से काम लेना चाहिए और आतंकवादियों और नागरिकों के बीच अंतर करना चाहिए. उसे निर्दोष लोगों, खासकर आतंकवाद का विरोध करने वालों को अलग-थलग नहीं करना चाहिए.
महबूबा ने की सरकार से ये अपील
उन्होंने ये भी कहा कि ऐसी खबरें हैं कि हजारों लोगों को गिरफ्तार किया गया है और आम कश्मीरियों के साथ-साथ आतंकवादियों के घरों को भी ध्वस्त किया गया है. सरकार से अपील है कि वह अधिकारियों को ये निर्देश दे कि वे इस बात का ध्यान रखें कि निर्दोष लोगों को इसका खामियाजा न भुगतना पड़े, अगर ऐसा होता है तो ये आतंकवादियों को मंसूबों को पूरा करने में मदद करता है.

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