
IND vs ENG: गेंद की शेप को लेकर लॉर्ड्स में बवाल, अंपायर पर भड़के कप्तान शुभमन गिल... मोहम्मद सिराज भी तमतमाए
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लॉर्ड्स टेस्ट मैच के दूसरे दिन बवाल भी देखने को मिला. भारतीय खिलाड़ी ड्यूक्स गेंद की शेप से नाखुश थे और अंपायर से इसे लेकर शिकायत की. अंपायर ने गेंद को जांचने के लिए 'रिंग टेस्ट' किया. लेकिन गेंद उस रिंग से नहीं निकली, जिससे ये स्पष्ट हो गया कि गेंद खराब हो गई है.
भारत-इंग्लैंड के बीच लंदन के लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड पर ब्लॉकबस्टर टेस्ट मैच जारी है. इस मुकाबले में इंग्लैंड के कप्तान बेन स्टोक्स ने टॉस जीतकर पहले बैटिंग का फैसला किया था. इंग्लैंड की ओर से पहली पारी में जो रूट शतक जड़ने में कामयाब रहे. रूट के टेस्ट करियर का ये 37वां शतक रहा.
इस मुकाबले के दूसरे दिन (11 जुलाई) बवाल भी देखने को मिला. भारतीय खिलाड़ी ड्यूक्स गेंद की शेप से नाखुश थे और अंपायर से इसे लेकर शिकायत की. यह पूरा वाकया इंग्लैंड की पारी के 91वें ओवर में हुआ. चूंकि 80 ओवर के बाद भारतीय टीम ने नई गेंद ली थी, ऐसे में नई गेंद सिर्फ 10 ओवर पुरानी थी. हालांकि इसके बावजूद गेंद की शेप सही नहीं थी.
अंपायर ने गेंद को जांचने के लिए 'रिंग टेस्ट' किया. लेकिन गेंद उस रिंग से नहीं निकली, जिससे ये स्पष्ट हो गया कि गेंद खराब हो गई है. इसके बाद नई गेंद मंगवाई गई, लेकिन भारतीय कप्तान शुभमन गिल को वो भी पसंद नहीं आई. वो अंपायर से जोरदार बातचीत करते दिखे.
शुभमन गिल जब अंपायर से बात कर रहे थे तो वे काफी गुस्से में लग रहे थे. हालांकि अंपायर ने उनकी दलीलों को खारिज कर दिया. स्टम्प माइक पर तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज की आवाज भी सुनाई दी. सिराज कहते हैं, 'ये 10 ओवर पुरानी गेंद है? सच में?' भारतीय खिलाड़ियों के लगातार अनुरोध के बाद अंपायर ने 99वें ओवर में गेंद को एक बार फिर से बदलने का फैसला किया.
जो रूट को पहली पारी में जसप्रीत बुमराह ने बोल्ड किया. ये 11वीं बार है जब जो रूट टेस्ट क्रिकेट में जसप्रीत बुमराह का शिकार बने हैं. रूट बुमराह के खिलाफ टेस्ट क्रिकेट में 28.27 के एवरेज से 311 रन बना पाए हैं. इससे पता चलता है कि बुमराह इंग्लैंड के पूर्व कप्तान पर किस कदर हावी रहे हैं.
रूट vs बुमराह (टेस्ट में) रन: 311 गेंद: 612 आउट: 11 औसत: 28.27

देवदत्त पडिक्कल ने विजय हज़ारे ट्रॉफी में पुडुचेरी के खिलाफ 113 रन की पारी खेलकर चार मैचों में तीसरा शतक जड़ा. अब तक 405 रन बनाकर वह टूर्नामेंट के सबसे निरंतर बल्लेबाज़ों में शामिल हैं. उनकी शानदार लिस्ट-A रिकॉर्ड और मौजूदा फॉर्म ने भारत की वनडे टीम में चयन की उनकी दावेदारी को बेहद मजबूत कर दिया है.




