
6 महीनों में 71 मामले, नाबालिग भी निशाने पर... बांग्लादेश में हिंदुओं पर ‘ईशनिंदा’ के नाम पर अत्याचार
AajTak
HRCBM की ताजा रिपोर्ट के अनुसार, जून 2025 से दिसंबर 2025 के बीच हिंदुओं के खिलाफ ईशनिंदा के कम से कम 71 मामले दर्ज किए गए हैं. रिपोर्ट में सबसे भयावह घटना 18 दिसंबर 2025 की बताई गई है, जिसमें ईशनिंदा के आरोप में दीपू चंद्र दास की भीड़ ने पीट-पीटकर हत्या कर दी और शव को आग के हवाले कर दिया.
बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय के खिलाफ ईशनिंदा के आरोपों को हथियार बनाकर की जा रही हिंसा ने अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार समूहों की चिंता बढ़ा दी है. 'ह्यूमन राइट्स कांग्रेस फॉर बांग्लादेश माइनॉरिटीज' (HRCBM) की ताजा रिपोर्ट के अनुसार, जून 2025 से दिसंबर 2025 के बीच हिंदुओं के खिलाफ ईशनिंदा के कम से कम 71 मामले दर्ज किए गए हैं.
रिपोर्ट के अनुसार ये घटनाएं 30 से अधिक जिलों में हुई हैं, जिनमें रंगपुर, चांदपुर, चटगांव, दिनाजपुर, लालमोनिरहाट, सुनामगंज, खुलना, कोमिल्ला, गाजीपुर, टांगाइल और सिलहट प्रमुख हैं. मानवाधिकार संगठनों का कहना है कि यह महज अलग-अलग घटनाएं नहीं, बल्कि हिंदू अल्पसंख्यकों की एक ‘संरचनात्मक असुरक्षा’ को उजागर करती हैं.
दीपू दास केस सबसे भयावह घटना
रिपोर्ट में सबसे भयावह घटना 18 दिसंबर 2025 की बताई गई है, जहां मयमनसिंह के भालुका में ईशनिंदा के आरोप में दीपू चंद्र दास (30) की भीड़ ने पीट-पीटकर हत्या कर दी और उसके बाद उनके शव को आग के हवाले कर दिया. इसके अलावा रिपोर्ट में 19 जून 2025 को बरिशाल के अगलझारा में तमाल बैद्य की गिरफ्तारी, 22 जून को चांदपुर के मतलाब में शांतों सूत्रधार के खिलाफ विरोध मार्च, 27 जुलाई 2025 को रंगपुर के बेटगारी यूनियन में 17 वर्षीय रंजन रॉय की गिरफ्तारी के बाद 22 हिंदू घरों में तोड़फोड़, 4 सितंबर 2024 को खुलना के सोनाडांगा में 15 वर्षीय उत्सव मंडल पर कथित तौर पर सुरक्षा बलों की मौजूदगी में हुई बर्बर पिटाई जैसे मामलों का उल्लेख किया गया है.
रिपोर्ट के मुख्य बिंदु और आंकड़े
हिंसा और आरोप किसी एक क्षेत्र तक सीमित नहीं हैं, बल्कि रंगपुर, चटगांव, खुलना और सिलहट समेत 30 से अधिक जिलों में फैल चुके हैं. रिपोर्ट के अनुसार, 90% आरोपी हिंदू हैं, जिनमें 15 से 17 साल के बच्चे भी शामिल हैं. रंगपुर में 17 वर्षीय रंजन रॉय की गिरफ्तारी के बाद भीड़ ने 22 हिंदू घरों में तोड़फोड़ की, जो दर्शाता है कि एक व्यक्ति पर आरोप का खामियाजा पूरे मोहल्ले को भुगतना पड़ रहा है. अधिकांश मामले सोशल मीडिया पोस्ट से जुड़े हैं, जिनमें से कई आईडी हैक होने या फर्जी होने का दावा किया गया है.

ईरान के सुरक्षा प्रमुख अली लारिजानी की मौत से ईरान बुरी तरह आहत है. इस हमले में लारिजानी का बेटा भी मारा गया है. ईरान ने अब अमेरिकी और इजरायली हमले के जवाब में कार्रवाई तेज करते हुए कई क्लस्टर बम गिराए है और तेल अवीव में भारी नुकसान पहुंचाया है और अनुमान लगाया जा रहा है कि जंग यहां से अब और भीषण रूप ले लेगी.

ईरान और अमेरिका-इजरायल की जंग का आज 19वां दिन है. लेकिन ये जंग अब थमने का नाम नहीं ले रही है. दोनों तरफ से ताबड़तोड़ हमले जारी है. इस बीच ईरान ने दुबई पर फिर हमला किया है. इस हमले का वीडियो भी सामने आया है. हमले के बाद दुबई के कई इलाकों में धमाकों की आवाज सुनाई दी. दुबई के एयर डिफेंस सिस्टम ने कई मिसाइलों को इंटरसेप्ट कर तबाह किया.

ईरान और अमेरिका की जंग का आज 19वीं दिन है. इस बीच इजरायल के हमले में ईरान के सिक्योरिटी चीफ लीडर अली लारिजानी की मौत के बाद अब ईरान ने इजरायल और अमेरिकी बेसों पर हमले तेज कर दिए हैं. ईरान ने मिसाइल हमलों का वीडियो भी जारी किया है. IRGC ने कहा कि हमले में मल्टी-वॉरहेड बैलिस्टिक मिसाइलों समेत कई और घातक मिसाइलें शामिल हैं.

अमेरिका ने होर्मुज के समुद्री रास्ते को खुलवाने के लिए ईरान के मिसाइल ठिकानों पर 5,000 पाउंड के बंकर बस्टर बमों से हमला किया है. अमेरिकी राष्पति ट्रंप इस बात से नाराज हैं कि उनके साथी देश (नाटो) इस लड़ाई में साथ नहीं दे रहे हैं. इस हमले का मकसद तेल की सप्लाई को बहाल करना और ईरानी मिसाइलों के खतरे को खत्म करना है.

ईरान के साथ बढ़ते संघर्ष के बीच अमेरिका और उसके नाटो सहयोगियों के बीच मतभेद खुलकर सामने आ रहे हैं. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने जहां आक्रामक रुख अपनाया है, वहीं कई सहयोगी देश सैन्य हस्तक्षेप से दूरी बनाकर कूटनीतिक समाधान पर जोर दे रहे हैं. ब्रिटेन के ईरान के खिलाफ युद्ध में शामिल होने से इनकार कर दिया है, जिसे लेकर ट्रंप भड़क गए हैं.








