
सिर्फ 48 घंटे बाद चलेगी पहली Vande Bharat Sleeper Train, कितना किराया, क्या बिहार में रुकेगी ट्रेन?
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देश की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन को 17 जनवरी को पीएम मोदी हरी झंडी दिखाएंगे जिसके बाद 18 जनवरी से हावड़ा–कामाख्या के बीच इसकी नियमित सेवा शुरू होगी. ट्रेन के किराए तय कर दिए गए हैं, जिसमें AC1, AC2 और AC3 श्रेणियां शामिल हैं. अब लोग सवाल पूछ रहे हैं कि क्या असम से बंगाल जाने वाली इस प्रीमियम ट्रेन का बिहार में भी किसी स्टेशन पर ठहराव होगा ?
भारतीय रेलवे के इतिहास में एक नया अध्याय जुड़ने जा रहा है. देश की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 17 जनवरी को मालदा से हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे. इसके बाद 18 जनवरी से यह ट्रेन हावड़ा (पश्चिम बंगाल) और कामाख्या/गुवाहाटी (असम) के बीच नियमित रूप से चलेगी. इस नई प्रीमियम ट्रेन को लेकर लोगों में जबरदस्त उत्साह है. हालांकि यात्रियों के मन में यह सवाल भी बना हुआ है कि क्या यह पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन बिहार के किसी स्टेशन पर भी रुकेगी?
भारतीय रेल की यह पहली वंदे भारत स्लीपर एक्सप्रेस हावड़ा–कामाख्या के बीच 958 किलोमीटर लंबे रूट पर चलेगी. यह ट्रेन लंबी दूरी की यात्रा के लिए विशेष रूप से डिजाइन की गई है, जिसमें यात्रियों को प्रीमियम सुविधाएं मिलेंगी. इसी बीच ट्रेन के किराए को लेकर भी तस्वीर साफ हो गई है.
किस श्रेणी में कितना होगा किराया ?
जानकारी के अनुसार, AC3 श्रेणी में हावड़ा से कामाख्या का किराया 2299 रुपये तय किया गया है. इसी श्रेणी में हावड़ा से न्यू जलपाईगुड़ी के लिए 1334 रुपये और हावड़ा से मालदा टाउन के लिए 960 रुपये किराया देना होगा.
अब अगर बात AC 2 श्रेणी में हावड़ा से कामाख्या के किराया की करें तो इसके लिए 2970 रुपये, न्यू जलपाईगुड़ी के लिए 1724 रुपये और मालदा टाउन के लिए 1240 रुपये निर्धारित किया गया है. वहीं AC1 क्लास में हावड़ा से कामाख्या का किराया 3640 रुपये, न्यू जलपाईगुड़ी के लिए 2113 रुपये और मालदा टाउन के लिए 1520 रुपये तय किया गया है.
कामाख्या से मालदा टाउन के बीच AC3 क्लास, का किराया 1522 रुपये, AC2 का 1965 रुपये और AC1 का 2409 रुपये होगा जबकि कामाख्या से न्यू जलपाईगुड़ी के लिए AC3 का किराया 962 रुपये, AC2 का 1243 रुपये और AC1 का 1524 रुपये तय किया गया है. इसके अलावा यात्रियों को टिकट पर 5 प्रतिशत GST भी देना होगा. रेलवे ने किराया निर्धारण के लिए न्यूनतम दूरी 400 किलोमीटर तय की है.

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