
लेबनान में टूट रही हिज्बुल्लाह का मिलिट्री पावर... इजरायल पर चोट के चक्कर में 70% ड्रोन खत्म
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हिज्बुल्लाह ने इजरायल पर हमले के लिए ड्रोन को ही अपना अहम हथियार बनाया है. इसका एक कारण ये है कि इजरायली सेना रॉकेट के मुकाबले ड्रोन का पता लगाने में कम सक्षम साबित हुई. इजरायल हिज्बुल्लाह के करीब 90 फीसदी रॉकेट मार गिराने में कामयाब रहा तो ड्रोन गिराने का प्रतिशत लगभग 80 फीसदी रहा. यही वजह है कि युद्ध के दौरान ड्रोन ने बड़ी संख्या में इज़रायली सैनिकों और नागरिकों को मार डाला या घायल कर दिया है.
इजरायली सेना का हिज्बुल्लाह के खिलाफ एक्शन जारी है. लेबनान में हिज्बुल्लाह के लगभग सभी ठिकानें तबाह हो चुके हैं. ऐसे में अब इजरायल हिज्बुल्लाह की मिलिट्री पावर को भी लगातार चोट पहुंचा रहा है. इजरायल का दावा है कि उसकी सेना ने इजरायल के 70 फीसदी ड्रोन नष्ट कर दिए हैं. आईडीएफ ने गुरुवार को कहा कि उसने अपनी यूनिट 127 से हिज्बुल्लाह के लगभग 70% ड्रोन नष्ट कर दिए हैं.
आईडीएफ ने कहा कि उसने हिज्बुल्लाह के 10 फीसदी ड्रोन ऑपरेटरों और पूरी यूनिट के कमांडर को मार गिराया है. उसने उत्तरी लिटानी क्षेत्र के हिज्बुल्लाह ड्रोन कमांडर को मार गिराया है और ड्रोन रखने वाले 54 ठिकानों को नष्ट कर दिया है. इसके अलावा, आईडीएफ ने कहा कि उसने हिज्बुल्लाह की ड्रोन इकाइयों से संबंधित 24 डिटेक्शन या ऑपरेशन प्रतिष्ठानों को नष्ट कर दिया है. इजरायली मीडिया के मुताबिक सेना ने कहा कि उसने ड्रोन को इकट्ठा करने के आठ केंद्रों, छह भूमिगत ड्रोन से संबंधित ठिकानों और सात ड्रोन भंडारण केंद्रों को नष्ट कर दिया है.
इजरायल के लिए ड्रोन का पता लगाना मुश्किल?
बता दें कि हिज्बुल्लाह ने इजरायल पर हमले के लिए ड्रोन को ही अपना अहम हथियार बनाया है. इसका एक कारण ये है कि इजरायली सेना रॉकेट के मुकाबले ड्रोन का पता लगाने में कम सक्षम साबित हुई. इजरायल हिज्बुल्लाह के करीब 90 फीसदी रॉकेट मार गिराने में कामयाब रहा तो ड्रोन गिराने का प्रतिशत लगभग 80 फीसदी रहा. यही वजह है कि युद्ध के दौरान ड्रोन ने बड़ी संख्या में इज़रायली सैनिकों और नागरिकों को मार डाला या घायल कर दिया है. इजरायल लगभग 1,300 ड्रोन में से सिर्फ 231 को ही गिराने में कामयाब रहा था.
हमास और लेबनान में 200 से अधिक हमले
बता दें कि गुरुवार को आईडीएफ ने गाजा में हमास और लेबनान में हिज्बुल्लाह से जुड़े 200 से अधिक स्थलों को निशाना बनाया, जिसमें कमांड सेंटर, मिसाइल लॉन्च साइट और आतंकी समूहों द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले अन्य महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे पर ध्यान केंद्रित किया गया. इस क्रम में उत्तरी इज़रायल के हामिफ्रेट्ज़ क्षेत्र के पास लेबनान से प्रोजेक्टाइल हमला करने वाले एक लॉन्च साइट और संदिग्ध आतंकवादी पर हमला किया. लेबनान से हामिफ्रेट्ज़ की ओर प्रोजेक्टाइल दागे गए, जिसके बाद इज़रायल वायु सेना (IAF) ने जवाबी हमला किया, प्रक्षेपण स्थल को निशाना बनाया और हमलावर को मार गिराया.

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