
मिडिल ईस्ट जंग के बीच UN चीफ ने उठाया बड़ा कदम, बोले- बड़े युद्ध के मुहाने पर दुनिया
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संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने मिडिल ईस्ट संघर्ष पर चिंता जताते हुए फ्रांसीसी राजनयिक जीन आर्नो को विशेष दूत नियुक्त किया है. उन्होंने कहा कि हालात नियंत्रण से बाहर होते जा रहे हैं और बड़े युद्ध का खतरा बढ़ रहा है. गुटेरेस ने शांति वार्ता को जरूरी बताते हुए स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद होने से वैश्विक आपूर्ति पर असर की चेतावनी दी. उन्होंने अमेरिका-इजरायल से युद्ध खत्म करने और ईरान व हिज़्बुल्लाह से हमले रोकने की अपील की.
संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने मिडिल ईस्ट में जारी संघर्ष को लेकर गंभीर चिंता जताते हुए अनुभवी फ्रांसीसी राजनयिक जीन आर्नो को अपना विशेष दूत नियुक्त किया है. उन्होंने चेतावनी दी कि यह संघर्ष 'नियंत्रण से बाहर' होता जा रहा है और दुनिया एक बड़े युद्ध के खतरे के सामने खड़ी है. उन्होंने खास तौर पर शांति वार्ता (peace talks) और मध्यस्थता (mediation) के लिए नियुक्त किया गया है.
न्यूयॉर्क स्थित संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में गुटेरेस ने कहा कि क्षेत्र और दुनिया भर में शांति के लिए कई पहलें चल रही हैं, जिन्हें सफल होना जरूरी है. उन्होंने यह भी कहा कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज का लंबा बंद रहना तेल, गैस और उर्वरक की आपूर्ति को प्रभावित कर रहा है, जिसका वैश्विक अर्थव्यवस्था पर गंभीर असर पड़ सकता है.
गुटेरेस ने अमेरिका और इजरायल से युद्ध खत्म करने की अपील करते हुए कहा कि मानवीय संकट और नागरिक हताहत लगातार बढ़ रहे हैं. वहीं, ईरान से पड़ोसी देशों पर हमले रोकने को कहा. उन्होंने हिज़्बुल्लाह से इजरायल पर हमले बंद करने और इजरायल से लेबनान में सैन्य कार्रवाई रोकने की भी अपील की.
ईरान अपनी शर्तों पर खत्म करेगा युद्ध इस बीच मध्य पूर्व में ईरान से जुड़ा युद्ध अब भी जारी है और 28 मार्च को इसे एक महीना पूरा होने जा रहा है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप लगातार यह दावा कर रहे हैं कि ईरान युद्ध समाप्त करना चाहता है, लेकिन तेहरान ने साफ कर दिया है कि वह केवल अपनी शर्तों पर ही संघर्ष खत्म करेगा.
ईरान ने ट्रंप द्वारा तय किसी भी समयसीमा को खारिज करते हुए अमेरिकी प्रस्ताव को एकतरफा बताया है. सरकारी मीडिया के अनुसार, प्रस्ताव पर विचार जरूर किया जा रहा है, लेकिन शुरुआती प्रतिक्रिया नकारात्मक है. ईरान का कहना है कि युद्धविराम का फैसला पूरी तरह उसके हाथ में रहेगा.
तेहरान ने अपनी पांच प्रमुख शर्तें रखी हैं, जिनमें हमले पूरी तरह बंद करना, भविष्य में युद्ध रोकने का ठोस तंत्र, नुकसान की भरपाई की गारंटी, सभी मोर्चों पर संघर्ष खत्म करना और होर्मुज पर उसकी संप्रभुता की अंतरराष्ट्रीय मान्यता शामिल है.

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर ईरान पर नया बयान देकर दुनिया को चौंका दिया है. ट्रंप ने कहा कि ईरान समझौता करना चाहता है और वो समझौता करेंगे. साथ ही उन्होनें ये भी कहा कि ईरान ने अमेरिका को एक तोहफा दिया जो बहुत बड़ा और महत्वपूर्ण है. ट्रंप ने आगे ये बाताया कि ये तोहपा तेल और गैस से जुड़ा है.

ईरान के सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई के सलाहकार मोहसेन रेजाई ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के 5 दिनों के युद्ध विराम के दावे की धज्जियां उड़ा दी है. रेजाई ने साफ कर दिया है कि अमेरिका और इजरायल के साथ जंग थमेगी नहीं बल्कि और तेज होगी साथ ही उन्होनें चेतावनी दी कि अगर ईरान के इंफ्स्ट्रराक्चर को अगर छुआ भी गया तो अमेरिका को गहरी चोट मिलेगी.

अमेरिका-इज़रायल-ईरान जंग के 25 दिन पूरे हो गए हैं. एक तरफ कूटनीतिक बातचीत की हलचल तेज हुई है, तो दूसरी तरफ सैन्य गतिविधियां भी जारी हैं.इधर इराक बगदाद में विक्टोरिया हवाई अड्डे पर हुए हमले का वीडियो सामने आया है. जानकारी के मुताबिक इराकी इस्लामिक रेजिस्टेंस ने विक्टोरिया बेस को निशाना बनाकर हमला किया. यहां पर अमेरिकी सेना तैनात है.

इजरायल पर ईरान के हमले जारी हैं. ईरान ने ऐसे ही एक हमले का वीडियो जारी किया है. ये वीडियो तेल अवीव पर मिसाइल दागने का बताया जा रहा है. इजरायल की एम्बुलेंस सर्विस की मानें तो ईरानी मिसाइल हमलों में इजरायल में 16 लोग मारे गए हैं. स्थानीय रिपोर्टों के मुताबिक इजरायल के कब्जे वाले वेस्ट बैंक में ईरानी मिसाइल हमले में 4 फिलिस्तीनी महिलाओं की मौत हो गई.

ईरान के साथ जारी जंग और अमेरिका में पेट्रोल की बढ़ती कीमतों ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की लोकप्रियता को तगड़ा झटका दिया है. ट्रंप की रेटिंग गिरकर 36% के रिकॉर्ड निचले स्तर पर आ गई है. चौंकाने वाली बात यह है कि आर्थिक मोर्चे पर अब ट्रंप की रेटिंग उनसे पहले राष्ट्रपति रहे जो बाइडेन के सबसे खराब दौर से भी नीचे चली गई है.








