
मराठा आंदोलन: मनोज जरांगे पाटिल को मुंबई पुलिस का समन, 10 नवंबर को पेश होने का आदेश
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मुंबई पुलिस ने मराठा आंदोलन के नेता मनोज जरांगे पाटिल को 10 नवंबर को आजाद मैदान थाने में पूछताछ के लिए बुलाया है. यह समन आंदोलन के दौरान नियमों के उल्लंघन और बॉम्बे हाई कोर्ट की गाइडलाइंस का पालन न करने के आरोप में भेजा गया है.
महाराष्ट्र में मराठा आरक्षण आंदोलन से जुड़े प्रमुख नेता मनोज जरांगे पाटिल को मुंबई पुलिस ने पूछताछ के लिए समन जारी किया है. पुलिस ने उन्हें 10 नवंबर को सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे के बीच आज़ाद मैदान पुलिस स्टेशन में उपस्थित रहने के निर्देश दिए हैं.
पुलिस ने मनोज जरांगे पाटिल के साथ-साथ पांडुरंग तारक, गंगाधर कालकुटे, चंद्रकांत भोसले, वीरेंद्र पवार और प्रशांत सावंत को भी समन भेजा है. इन सभी से मराठा आंदोलन के दौरान किए गए कथित नियम उल्लंघन के मामले में पूछताछ की जाएगी.
नोटिस में आज़ाद मैदान पुलिस स्टेशन के निरीक्षक ज्ञानेश आव्हाड के हस्ताक्षर हैं. इसमें कहा गया है कि भारतीय न्याय संहिता, 2023 की धारा 35(3) के तहत दिए गए अधिकारों के अनुसार यह कार्रवाई की जा रही है.
पुलिस के अनुसार, मनोज जरांगे पाटिल और उनके साथियों ने आज़ाद मैदान में अनशन के दौरान आंदोलन से जुड़े नियमों और बॉम्बे हाईकोर्ट की गाइडलाइंस का उल्लंघन किया. इसी को लेकर अपराध क्रमांक 214/2025 के तहत विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया था.
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अब मुंबई पुलिस इस मामले में चार्जशीट दाखिल करने की तैयारी में है, जिसके लिए FIR में नामजद आरोपियों के बयान दर्ज करना आवश्यक है. इसी कारण सभी को समन जारी किया गया है.

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