
भारत-बांग्लादेश सीमा पर BSF ने जब्त किया 3.2 किलो सोना, दो करोड़ रुपये से अधिक है कीमत
AajTak
जानकारी के मुताबिक, 11 मई को सीमा चौकी हलदरपाड़ा के जवानों को बीएसएफ के खुफिया विभाग से सोने की संभावित तस्करी की सूचना मिली थी. एक समूह को आईबी के अग्रिम क्षेत्र पर नजर रखने के लिए अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास केले के बागान में तैनात किया गया था और दूसरे समूह को बाड़ के पास बांस की झाड़ियों में तैनात किया गया था ताकि वे बाड़ के पास आने वाले तस्करों पर नजर रख सकें.
देश में चल रहे लोकसभा चुनाव के चलते बीएसएफ ने भारत-बांग्लादेश सीमा पर सख्ती बढ़ा दी है. इसी बीच चौथे चरण के मतदान से पहले बीएसएफ को बड़ी सफलता मिली है. दक्षिण बंगाल फ्रंटियर के अंतर्गत सीमा चौकी हलदरपाड़ा, 32 बटालियन, बीएसएफ के जवानों ने नादिया जिले में अंतरराष्ट्रीय सीमा पर तस्करी के प्रयास को विफल कर दिया और 26 सोने के बिस्कुट जब्त किए. जब्त सोने के बिस्कुट का वजन 3.208 किलोग्राम और अनुमानित कीमत 2,35,46,720/- रुपये है.
जानकारी के मुताबिक, 11 मई को सीमा चौकी हलदरपाड़ा के जवानों को बीएसएफ के खुफिया विभाग से सोने की संभावित तस्करी की सूचना मिली थी. एक समूह को आईबी के अग्रिम क्षेत्र पर नजर रखने के लिए अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास केले के बागान में तैनात किया गया था और दूसरे समूह को बाड़ के पास बांस की झाड़ियों में तैनात किया गया था ताकि वे बाड़ के पास आने वाले तस्करों पर नजर रख सकें.
घात लगाकर किए गए हमले के दौरान जवानों ने देखा कि दो तस्कर धारदार हथियार (दाह) और कुछ पैकेट लेकर बाड़ की ओर बढ़ रहे हैं. करीब 150 मीटर की दूरी पर केले के बगीचे में जवानों ने तीन अन्य तस्करों को देखा जो सोना लेने आए थे. जब तस्कर बाड़ के पार पैकेट फेंकने वाले थे, तो जवानों ने उन्हें रुकने के लिए चुनौती दी, लेकिन अचानक तस्करों ने जवानों पर तेज धार वाले दाह से हमला कर दिया. अपनी जान पर खतरा महसूस करते हुए जवानों ने बदमाशों को डराने के लिए अपने गैर घातक हथियार से सुरक्षित दिशा में एक राउंड फायरिंग की.
इससे तस्कर डर गये और अपने पैकेट फेंक कर वापस बांग्लादेश की ओर भाग गए. जवानों ने उस स्थान की गहन तलाशी ली और मौके से दो तेज धार वाले दाह और तीन छोटे पैकेट बरामद किए, जिन्हें खोलने पर 26 सोने के बिस्किट मिले. जवानों ने सोना जब्त कर लिया और आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए सीमा चौकी पर ले आए. जब्त किए गए सोने को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए सीमा शुल्क कार्यालय, बानपुर को सौंप दिया गया है.

जिस अमेरिका और इजरायल ने मिलकर 28 फरवरी को ईरान पर हमले कर जंग की शुरुआत की थी, उसी अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को ये ऐलान किया कि अमेरिका अगले 5 दिनों के लिए युद्ध विराम कर रहा है यानी जंग को रोक रहा है. अब सवाल ये है कि जंग के पहले हफ्ते में जब ट्रंप ने ये दावा किया था कि ईरान की ताकत को वो पूरी तरह कुचल चुके हैं तो फिर भी ईरान इस जंग को तीसरे हफ्ते तक कैसे खींच ले गया.

आज ईरान-अमेरिका युद्ध का 24 वां दिन है. आज युद्ध को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप का बड़ा बयान आया. ट्रंप ने ऐलान किया है कि अगले पांच दिनों तक ईरान के पावर और इनर्जी के ठिकानों पर हमले नहीं होंगे. ईरान को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति के बयान को युद्ध की दिशा में उठाया गया बड़ा कदम माना जा रहा है. हालांकि ईरान की तरफ से अमेरिकी के साथ किसी तरह की बातचीत का खंडन किया गया है, ईरान का यही दावा है कि उनकी धमकी के डर से अमेरिकी राष्ट्रपति झुक गए. अब सवाल यही है क्या ट्रंप के सीजफायर से युद्ध रुक जाएगा.

गाजियाबाद पुलिस ने पाकिस्तान के लिए जासूसी करने वाले गिरोह के सदस्य नौशाद अली उर्फ लालू को फरीदाबाद से गिरफ्तार किया है. वह पेट्रोल पंप पर पंचर की दुकान की आड़ में काम कर रहा था. गिरोह के सरगना सुहेल समेत 22 आरोपी पहले ही पकड़े जा चुके हैं. यह गैंग रेलवे स्टेशनों और सुरक्षा ठिकानों की तस्वीरें और वीडियो पाकिस्तान भेजता था, जिसके बदले 4-6 हजार रुपये मिलते थे. दिल्ली-हरियाणा में लगाए कैमरों की लाइव स्ट्रीमिंग भी पाकिस्तान तक पहुंच रही थी. पुलिस जांच जारी है.

राजकोट में एक डॉक्टर के क्लिनिक में स्पाई कैमरा लगाकर निजी वीडियो रिकॉर्ड कर 25 लाख रुपये की उगाही के मामले में पुलिस ने डॉ. कमल नांढा को गिरफ्तार किया है. आरोप है कि उसने 3000 से ज्यादा वीडियो बनाकर स्थानीय पत्रकारों के जरिए ब्लैकमेल किया. राजकोट साइबर क्राइम पुलिस ने 12 आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया है, जबकि 11 आरोपी अभी फरार हैं और उनकी तलाश जारी है.

महायुद्ध के 24 दिन हो चुके हैं. खबरदार की शुरुआत अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के ताजा यूटर्न से. डोनाल्ड ट्रंप ने आज शाम ऐलान किया कि ईरान के पावर प्लांट्स और एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर पर होने वाले हमलों को उन्होंने फिलहाल टाल दिया है. ट्रम्प ने कहा कि अमेरिका और ईरान के बीच पिछले दो दिनों से चली बातचीत के बाद ये फैसला लिया गया है.








