
'भारत के लिए पाकिस्तान नहीं, बल्कि...', उमा भारती ने बताया देश के सामने असली चुनौती क्या
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पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ने भोपाल में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कई अहम मुद्दों पर अपनी बात रखी. इस दौरान उन्होंने कहा कि भारत पहले से ही हिंदू राष्ट्र है. इसे हिंदू राष्ट्र बनाने की नहीं, बल्कि स्वीकार करने की जरूरत है.
भाजपा नेता और पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ने आज शनिवार को भोपाल में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कई अहम मुद्दों पर अपनी बात रखी. उन्होंने गौरक्षा, शराबबंदी, सिंहस्थ लैंड पूलिंग, लव जिहाद, हिंदू राष्ट्र की अवधारणा और मुख्यमंत्री मोहन यादव के दो साल के कार्यकाल पर खुलकर राय रखी. इसके साथ ही उन्होंने कहा कि पाकिस्तान भारत के लिए चुनौती नहीं है, बल्कि भ्रष्टाचार और आर्थिक असमानता देश की असली चुनौतियां हैं.
उमा भारती ने कहा कि किसानों के गोपालन से ही गाय बचेगी, यह स्पष्ट है. देश की नदियों को बचाना पर्यावरण की दृष्टि से अत्यंत जरूरी है. सड़क दुर्घटनाओं में गायों की मौत रोकने के लिए उन्होंने सुझाव दिया कि सड़क किनारों पर तारबंदी (फेंसिंग) होनी चाहिए, और इस मांग को लेकर वह सड़क पर बैठने तक को तैयार हैं.
शराबबंदी की वकालत
उन्होंने कहा कि शराबबंदी जरूरी है और इसे चरणबद्ध तरीके से लागू किया जा सकता है. समाज धीरे-धीरे इस दिशा में आगे बढ़ रहा है और पूरी शराबबंदी लागू होनी चाहिए.
उमा भारती ने सिंहस्थ 2028 के लिए प्रस्तावित लैंड पूलिंग का विरोध करते हुए कहा कि इसे पूरी तरह निरस्त करना चाहिए. उन्होंने कहा कि सिंहस्थ में किसी नई परंपरा की जरूरत नहीं है और इसे पहले की तरह ही आयोजित किया जाए. किसानों और संघ की मांगों पर सरकार को गंभीरता से विचार करने की जरूरत है.
उन्होंने कहा कि यदि लड़का धर्म छुपाकर लड़की से मिलता है और शादी के बाद धर्म बदलने का दबाव डालता है तो यह लव जिहाद है. उमा भारती ने कहा कि उन्हें अंतर्जातीय विवाह से आपत्ति नहीं है, पर धर्मांतरण पर रोक लगनी चाहिए.

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