
पीएम रह चुके कैमरन, सुनक के ऑफर पर विदेश मंत्री बनने को कैसे हुए तैयार? ये है उनकी कमबैक स्टोरी
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ब्रिटेन के पूर्व प्रधानमंत्री डेविड कैमरन ने कहा कि हम इस समय बेहद मुश्किल दौर से गुजर रहे हैं, जहां यूक्रेन युद्ध से लेकर मिडिल ईस्ट संकट सहित कई तरह की अंतर्राष्ट्रीय चुनौतियां हैं. वैश्विक बदलाव के इस दौर में ब्रिटेन का हमारे सहयोगी देशों के साथ खड़े रहना, हमारी साझेदारी को मजबूत करना बहुत जरूरी है ताकि हमारी आवाज को सुना जा सके.
ब्रिटेन की सियासत में सोमवार को चौंकाने वाले फेरबदल देखने को मिले. गृहमंत्री सुएला ब्रेवरमैन की बर्खास्तगी के बाद देश के पूर्व प्रधानमंत्री डेविड कैमरन को पीएम ऋषि सुनक ने नया विदेश मंत्री नियुक्त किया. कैमरन को विदेश मंत्री बनाने का फैसला चर्चा में बना हुआ है. ऐसे में सवाल है कि आखिर पूर्व पीएम ने किन परिस्थितियों में यह पद स्वीकार किया?
अब इस मामले पर खुद डेविड कैमरन ने सोशल मीडिया पोस्ट कर बताया है कि प्रधानमंत्री ऋषि सुनक ने उनसे विदेश मंत्री पद स्वीकार करने की पेशकश की थी, जिसे उन्होंने खुशी-खुशी स्वीकार कर लिया.
कैमरन ने कहा कि हम इस समय बेहद मुश्किल दौर से गुजर रहे हैं, जहां यूक्रेन युद्ध से लेकर मिडिल ईस्ट संकट सहित कई तरह की अंतर्राष्ट्रीय चुनौतियां हैं. वैश्विक बदलाव के इस दौर में ब्रिटेन का हमारे सहयोगी देशों के साथ खड़े रहना, हमारी साझेदारी को मजबूत करना बहुत जरूरी है ताकि हमारी आवाज को सुना जा सके.
उन्होंने कहा कि हालांकि, मैं सात सालों से सक्रिय राजनीति से दूर हूं. लेकिन मुझे उम्मीद है कि 11 सालों तक कंजरवेटिव नेता और छह साल तक प्रधानमंत्री के रूप में मेरे अनुभव से प्रधानमंत्री को इस कठिन चुनौतियों से निपटने में मदद मिलेगी. ब्रिटेन एक अंतर्राष्ट्रीय देश है. हमारे लोग दुनियाभर में हैं और हमारा कारोबार दुनिया के हर कोने में फैला है. वैश्विक स्तर पर स्थिरता और सुरक्षा सुनिश्चित करना बहुत जरूरी है लेकिन इसके साथ ही राष्ट्रहित भी जरूरी है. हमारी घरेलू सुरक्षा के लिए अंतर्राष्ट्रीय सुरक्षा बहुत जरूरी है.
कैमरन ने कहा कि हालांकि, में कुछ फैसलों से असहमत हो सकता हूं. यह स्पष्ट है कि ऋषि सुनक बहुत मजबूत और सक्षम प्रधानमंत्री हैं, जिन्होंने कठिन समय में बेहतरीन नेतृत्व किया है. मैं इस संकट के समय में देश के लिए जरूरी सुरक्षा और समृद्धि लाने के लिए उनकी मदद करना चाहता हूं. मैं जनसेवा में यकीन रखता हूं. 1980 के दशक में राजनीति में आने, 1990 के दशक में सरकार में काम करने, 2000 के दशक में सांसद बनने और आगे चलकर प्रधानमंत्री बनने की मेरी प्रेरणा जनसेवा ही है. उन्होंने कहा कि एक बार फिर देश की सेवा करना मेरे लिए सम्मान की बात है.
बता दें कि सोमवार को ब्रिटेन की राजनीति में बड़े फेरबदल देखने को मिले. लंदन की पुलिस पर फिलिस्तीन समर्थक होने का आरोप लगाने के बाद ऋषि सुनक ने गृहमंत्री सुएला ब्रेवरमैन को बर्खास्त कर दिया, जिसके बाद जेम्स क्लेवर्ली को देश का नया गृहमंत्री नियुक्त किया. इसके साथ ही पूर्व प्रधानमंत्री डेविड कैमरन की सात साल बाद राजनीति में वापसी हुई.

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