
तिहाड़ की जेल नंबर 2 में कैद केजरीवाल, जहां बंद रहे डॉन छोटा राजन और बाहुबली शहाबुद्दीन, 3 तो बहुत डरावनी है!
AajTak
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को तिहाड़ की जेल नंबर 2 में कैद कर दिया गया है. सोमवार को राउज एवेन्यू कोर्ट में पेशी के बाद उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में 15 अप्रैल तक जेल में भेज दिया गया. शराब घोटाले में ईडी ने कुछ दिन पहले ही केजरीवाल को गिरफ्तार किया था.
मनीष सिसोदिया, सत्येंद्र जैन, संजय सिंह के बाद अब आम आदमी पार्टी के मुखिया अरविंद केजरीवाल भी तिहाड़ जेल पहुंच गए हैं. सोमवार को दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट के 14 दिन के न्यायिक हिरासत के आदेश के बाद उनको भारी सुरक्षा के बीच तिहाड़ के जेल नंबर 2 में लाया गया है. उनको यहां 24 घंटे सीसीटीवी कैमरों की निगरानी में रखा गया है. देश की सबसे बड़ी जेल तिहाड़ में 2 नंबर जेल को ज्यादा सुरक्षित माना जाता है. जेल के आलाधिकारी यहां सख्त नजर रखते हैं. यही वजह है कि हाई प्रोफाइल लोगों को इसी जेल में लाकर कैद किया जाता है.
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के तिहाड़ जेल पहुंचने से पहले आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता संजय सिंह को जेल नंबर 2 से जेल नंबर 5 में शिफ्ट किया गया. इस वक्त शराब घोटले में अब तक गिरफ्तार किए गए सभी आरोपी तिहाड़ जेल में ही बंद है. इनमें मनीष सिसोदिया जेल नंबर 1 और सत्येंद्र जैन जेल नंबर 7 में बंद है. इसके अलावा तेलंगाना के पूर्व मुख्यमंत्री के. चंद्रशेखर राव की बेटी के. कविता जेल नंबर 6 और आम आदमी पार्टी के संचार प्रभारी रहे विजय नायर जेल नंबर 4 में बंद है. तिहाड़ के जेल नंबर 4 में श्रद्धा मर्डर केस का आरोपी आफताब पूनावाला भी कैद है.
तिहाड़ जेल में पहुंचने के बाद अरविंद केजरीवाल की मेडिकल जांच कराई गई. उनको उस बैरक में ले जाया गया, जहां वो अगले 14 दिन तक अकेले रहेंगे. यह बैरक करीब 14 फुट लंबा और 8 फुट चौड़ा है. इसमें एक सीमेंट का चबूतरा बनाया गया है, जिस पर बिछाने के लिए चादर और ओढने के लिए कंबल दिया गया है. बैरक में टीवी और टॉयलेट की भी सुविधा है. दो बाल्टियां भी दी गई हैं, जिसमें एक नहाने और दूसरी पानी रखने के लिए है. बैरक के बाहर चा सुरक्षाकर्मी हर वक्त तैनात रहेंगे. तिहाड़ की जेल नंबर 2 सजायाफ्ता कैदियों के लिए है. यहां सजा पाने के बाद ही कैदी को रखा जाता है.
बहुत दिलचस्प है तिहाड़ की जेल नंबर 2 की कहानी
तिहाड़ की जेल नंबर 2 की कहानी भी बहुत दिलचस्प है. यहां अंडरवर्ल्ड डॉन छोटा राजन और बिहार के बाहुबली नेता मो. शहाबुद्दीन जैसे कुख्यात अपराधी कैद में रह चुके हैं. चूंकि इस जेल को सुरक्षा के लिहाज से चाक चौबंद माना जाता है, इसलिए ज्यादातर हाई प्रोफाइल लोगों को यहां पर लाया जाता है. साल 2015 में इंडोनेशिया से गिरफ्तार किए जाने के बाद छोटा राजन को भारत डिपोर्ट किया गया था. साल 2018 में उसको मुंबई के पत्रकार जेडे हत्याकांड में उम्रकैद की सजा मिली थी. इसके बाद से ही उसे दिल्ली के तिहाड़ जेल में रखा गया था. कोरोना काल में उसकी मौत हो गई थी.
इस वजह से तिहाड़ जेल लाए गए थे मो. शहाबुद्दीन

अमेरिका ने ब्रिटेन, फ्रांस,इजरायल और चार अरब देशों के साथ मिलकर ईरान पर हमले की गुप्त टारगेट लिस्ट तैयार की है. मेन टारगेट न्यूक्लियर साइट्स (फोर्डो, नंटाज, इस्फाहान), IRGC कमांडर्स, बैलिस्टिक मिसाइल फैक्ट्रीज और स्ट्रैटेजिक बेस हैं. ट्रंप ने प्रदर्शनों और न्यूक्लियर प्रोग्राम को लेकर धमकी दी है, लेकिन अभी हमला नहीं हुआ. अरब देश युद्ध से डर रहे हैं.

सुप्रीम कोर्ट ने यूजीसी द्वारा लागू किए गए नए नियमों पर रोक लगा दी है. छात्रों ने इस फैसले का स्वागत किया है और कहा कि यूजीसी का यह कानून छात्रों में भेदभाव उत्पन्न करता है. छात्रों का कहना है कि वे नियमों में बदलाव नहीं बल्कि पुराने नियमों को वापस चाहते हैं. यदि नियमों में कोई बदलाव नहीं किया गया तो वे भविष्य में भी प्रदर्शन जारी रखेंगे.

जोधपुर में साध्वी प्रेम बाईसा की संदिग्ध मौत के बाद उनके पैतृक गांव में समाधि दी जाएगी. जुकाम के इलाज में लगाए गए इंजेक्शन के महज 30 सेकंड बाद तबीयत बिगड़ने से मौत का दावा किया जा रहा है. घटना से संत समाज में गहरी नाराजगी है. संतों ने निष्पक्ष जांच, दोषियों पर सख्त कार्रवाई और सोशल मीडिया पर अनर्गल लिखने वालों पर कार्रवाई की मांग की है.

दिल्ली के जल मंत्री प्रवेश साहिब सिंह वर्मा ने सार्वजनिक शिकायतों के निपटारे में लापरवाही के आरोपों पर राजेंद्र नगर, कन्हैया नगर और अशोक विहार के जोनल रेवेन्यू अधिकारियों और कन्हैया नगर के एक असिस्टेंट सेक्शन ऑफिसर को सस्पेंड कर दिया. अचानक निरीक्षण में प्रशासनिक खामियां मिलने के बाद उन्होंने विभागीय कार्रवाई और प्रभावित जोनों में तत्काल नए अधिकारियों की तैनाती के आदेश दिए हैं.

देश के शिक्षण संस्थानों में दलित और आदिवासी छात्रों और शिक्षकों के साथ होने वाले भेदभाव को खत्म करने के लिए विश्विद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने नए नियम लागू किए थे, जिसे लेकर विरोध इतना बढ़ गया कि मामला अदालत तक पहुंच गया. सुप्रीम कोर्ट ने फिलहाल रोक लगा दी है, जिसे लेकर राजनीतिक दलों के नजरिए अलग-अलग दिखे.

दक्षिण मुंबई के फोर्ट इलाके में पुलिसकर्मी बनकर एक केन्याई महिला से 66 लाख रुपये की ठगी करने के मामले में पुलिस ने ठाणे से 48 वर्षीय सुरेश रंगनाथ चव्हाण को गिरफ्तार किया है. उसका एक साथी अभी फरार है. 21 जनवरी को एम. जी. रोड पर आरोपी ने अपने साथी के साथ महिला की टैक्सी रोककर जांच के बहाने 66.45 लाख रुपये से भरे बैग जब्त किए और पुलिस स्टेशन चलने का कहकर फरार हो गया.







