
खिचड़ी घोटाले में संजय राउत के भाई संदीप राउत को ED का नोटिस, अगले सप्ताह पेश होने के लिए बुलाया
AajTak
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने कोविड-19 महामारी के चरम पर होने के दौरान कथित ‘खिचड़ी घोटाले’ से जुड़े घोटाले में पूछताछ के लिए शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के सांसद संजय राउत के छोटे भाई संदीप राउत को तलब किया है.
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने कोविड-19 महामारी के चरम पर होने के दौरान कथित ‘खिचड़ी घोटाले’ से जुड़े घोटाले में पूछताछ के लिए शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के सांसद संजय राउत के छोटे भाई संदीप राउत को तलब किया है. अधिकारियों ने बताया कि संदीप राउत को अगले सप्ताह केंद्रीय एजेंसी के मुंबई कार्यालय में पेश होने के लिए कहा गया है. मनी लॉन्ड्रिंग निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत उनका बयान दर्ज किया जाएगा.
यह भी पढ़ें: Sharad Pawar के पोते Rohit की ED के सामने पेशी, दफ्तर के गेट तक छोड़ने आईं Supriya Sule
ईडी ने इस मामले में शिवसेना (यूबीटी) गुट के पदाधिकारी सूरज चव्हाण को बीते सप्ताह गिरफ्तार किया था. उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिव सेना (यूबीटी) की युवा शाखा, ‘युवा सेना’ की कोर कमेटी के सदस्य चव्हाण गुरुवार तक ईडी की हिरासत में हैं और उन्हें यहां एक अदालत में पेश किए जाने की उम्मीद है. मनी लॉन्ड्रिंग का मामला मुंबई पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) की एक FIR से उपजा है.
जांच एजेंसी ने बताया कि खिचड़ी पैकेट की आपूर्ति के लिए बृहन्मुंबई महानगर पालिका (बीएमसी) द्वारा ‘फोर्स वन मल्टी सर्विसेज’ (जिसके पास ‘खिचड़ी’ का ठेका गया था) के बैंक खाते में 8.64 करोड़ रुपये की राशि ट्रांसफर की गई थी.
शरद पवार के पोते रोहित पवार से ED की 11 घंटे चली पूछताछ उधर, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) प्रमुख शरद पवार के पोते और विधायक रोहित पवार को कथित महाराष्ट्र राज्य सहकारी (MSC) बैंक घोटाले के सिलसिले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने 1 फरवरी को एक बार फिर तलब किया है. रोहित पूछताछ के लिए बुधवार को प्रवर्तन निदेशालय के सामने पेश हुए और 11 घंटे से अधिक समय तक उनसे पूछताछ चलती रही. विधायक रोहित पवार रात करीब 10 बजे दक्षिण मुंबई स्थित ईडी कार्यालय से निकले और पार्टी कार्यालय के लिए रवाना हुए.
रोहित पवार के समर्थन में नारे राज्यभर से आए सैकड़ों राकांपा कार्यकर्ता दक्षिण मुंबई स्थित पार्टी कार्यालय में एकत्र हुए. उन्होंने रोहित पवार के समर्थन में नारे लगाए और ईडी के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया. ED द्वारा पूछताछ के बाद लौटने पर रोहित ने मीडिया से बातचीत की. उन्होंने कहा, जैसा कि आप सभी जानते हैं कि मुझे 19 जनवरी को ईडी का समन मिला था. मैंने उनसे 22 या 23 तारीख को पूछताछ करने का अनुरोध किया था, क्योंकि मराठा प्रदर्शनकारी मुंबई की ओर बढ़ रहे हैं. इसलिए हमें ईडी की जांच से उन्हें कोई परेशानी होने की उम्मीद नहीं थी. मैंने अपने अनुरोध के संबंध में ईडी को एक मेल भेजा था, लेकिन मुझे कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली इसलिए मैंने उनसे संपर्क किया और उन्हें बताया कि मैं 24 तारीख को सुबह 10:30 बजे ईडी अधिकारियों के सामने पेश होऊंगा.

सुप्रीम कोर्ट ने यूजीसी द्वारा लागू किए गए नए नियमों पर रोक लगा दी है. छात्रों ने इस फैसले का स्वागत किया है और कहा कि यूजीसी का यह कानून छात्रों में भेदभाव उत्पन्न करता है. छात्रों का कहना है कि वे नियमों में बदलाव नहीं बल्कि पुराने नियमों को वापस चाहते हैं. यदि नियमों में कोई बदलाव नहीं किया गया तो वे भविष्य में भी प्रदर्शन जारी रखेंगे.

जोधपुर में साध्वी प्रेम बाईसा की संदिग्ध मौत के बाद उनके पैतृक गांव में समाधि दी जाएगी. जुकाम के इलाज में लगाए गए इंजेक्शन के महज 30 सेकंड बाद तबीयत बिगड़ने से मौत का दावा किया जा रहा है. घटना से संत समाज में गहरी नाराजगी है. संतों ने निष्पक्ष जांच, दोषियों पर सख्त कार्रवाई और सोशल मीडिया पर अनर्गल लिखने वालों पर कार्रवाई की मांग की है.

दिल्ली के जल मंत्री प्रवेश साहिब सिंह वर्मा ने सार्वजनिक शिकायतों के निपटारे में लापरवाही के आरोपों पर राजेंद्र नगर, कन्हैया नगर और अशोक विहार के जोनल रेवेन्यू अधिकारियों और कन्हैया नगर के एक असिस्टेंट सेक्शन ऑफिसर को सस्पेंड कर दिया. अचानक निरीक्षण में प्रशासनिक खामियां मिलने के बाद उन्होंने विभागीय कार्रवाई और प्रभावित जोनों में तत्काल नए अधिकारियों की तैनाती के आदेश दिए हैं.

देश के शिक्षण संस्थानों में दलित और आदिवासी छात्रों और शिक्षकों के साथ होने वाले भेदभाव को खत्म करने के लिए विश्विद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने नए नियम लागू किए थे, जिसे लेकर विरोध इतना बढ़ गया कि मामला अदालत तक पहुंच गया. सुप्रीम कोर्ट ने फिलहाल रोक लगा दी है, जिसे लेकर राजनीतिक दलों के नजरिए अलग-अलग दिखे.

दक्षिण मुंबई के फोर्ट इलाके में पुलिसकर्मी बनकर एक केन्याई महिला से 66 लाख रुपये की ठगी करने के मामले में पुलिस ने ठाणे से 48 वर्षीय सुरेश रंगनाथ चव्हाण को गिरफ्तार किया है. उसका एक साथी अभी फरार है. 21 जनवरी को एम. जी. रोड पर आरोपी ने अपने साथी के साथ महिला की टैक्सी रोककर जांच के बहाने 66.45 लाख रुपये से भरे बैग जब्त किए और पुलिस स्टेशन चलने का कहकर फरार हो गया.








