
कोर्ट ने 7 दिन के लिए बढ़ाई गैंगस्टर अनमोल बिश्नोई की कस्टडी, NIA मुख्यालय में हुई सुनवाई
AajTak
लॉरेंस बिश्नोई के भाई और गैंगस्टर अनमोल बिश्नोई की NIA हिरासत को 7 दिन और बढ़ा दिया गया है. सुरक्षा खतरे को देखते हुए इस बार पेशी कोर्ट में नहीं, बल्कि सीधे NIA हेडक्वार्टर में ही सुनवाई की गई. सलमान खान के घर पर फायरिंग और बाबा सिद्दीकी हत्याकांड जैसे मामलों में आरोपी अनमोल पर खतरे को देखते हुए एजेंसियों ने सतर्कता बढ़ा दी है.
गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के भाई अनमोल बिश्नोई की गिरफ्तारी के बाद मामला लगातार हाई-प्रोफाइल होता जा रहा है. राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) मुख्यालय में हुई सुनवाई के दौरान रिमांड अवधि 7 दिन के लिए और बढ़ा दी गई है. सुरक्षा एजेंसियों को आशंका है कि अनमोल पर पेशी के दौरान किसी विरोधी गैंग द्वारा हमला किया जा सकता है.
खतरे को देखते हुए पटियाला हाउस कोर्ट के विशेष NIA जज ने NIA हेडक्वार्टर में सुनवाई की. जज ने अनमोल की हिरासत अवधि बढ़ाकर 5 दिसंबर तक कर दी है. अनमोल बिश्नोई को हाल ही में अमेरिका से भारत लाया गया है. वह कई हाई-प्रोफाइल मामलों में आरोपी है, जिनमें मुंबई के NCP नेता बाबा सिद्दीकी की हत्या की साजिश, बॉलीवुड अभिनेता सलमान खान के घर पर फायरिंग की साजिश जैसे केस शामिल हैं. NIA ने कोर्ट के सामने तर्क दिया कि अनमोल से पूछताछ बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि उसके जरिए गैंगस्टर नेटवर्क, फंडिंग और विदेशों से होने वाली गतिविधियों के बड़े खुलासे संभव हैं.
यह भी पढ़ें: बाबा सिद्दीकी हत्याकांड के आरोपी का नया वीडियो जारी, गैंगस्टर जीशान ने लॉरेंस और अनमोल बिश्नोई पर किया बड़ा खुलासा
जब अनमोल को पहली बार रिमांड पर भेजा गया था, तब कोर्ट ने NIA को कई कड़े निर्देश दिए थे, जिनमें हर 48 घंटे में मेडिकल परीक्षण, कोर्ट में पेशी के दौरान पूरे रूट की वीडियो रिकॉर्डिंग, पेशी से पहले यह बताना कि उसे किस रास्ते से लाया जाएगा, उसकी सुरक्षा व्यवस्था का विस्तृत विवरण कोर्ट को सौंपना शामिल है. सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कोर्ट ने NIA मुख्यालय में ही अस्थायी अदालत घोषित कर सुनवाई की.
लारेंस बिश्नोई के गैंग की बंबिहा गैंग समेत कई गैंग्स से दुश्मनी है, ऐसे में सुरक्षा एजेंसियों को लगता है कि विरोधी गैंग कोर्ट में पेशी के दौरान हमला कर सकता है, उसके बाद कानून व्यवस्था पर सवाल भी उठ सकता है. इसलिए एजेंसी फूंक-फूंककर कदम उठा रही है. इन्हीं हालात को देखते हुए NIA ने अदालत से आग्रह किया कि सुनवाई उनकी बिल्डिंग में ही कराई जाए. कोर्ट ने इसे मंजूरी देते हुए रिमांड 7 दिन बढ़ा दी है.

पश्चिमी एशिया में युद्ध के बीच भारत की चिंताएं तेल और गैस सप्लाई को लेकर बढ़ी हुई हैं. प्रधानमंत्री ने ताजा हालात की जानकारी सदन में बोलते हुए देश को दी. अब आज रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कर्तव्य भवन-2 में अहम बैठक की है. करीब डेढ़ घंटे तक चली इस बैठक में CDS और तीनों सेनाओं के प्रमुख भी मौजूद रहे, जिन्होंने होर्मुज से तेल और गैस की सप्लाई को लेकर चर्चा की. देखें वीडियो.

पश्चिम एशिया के हालात सुधरते नहीं दिख रहे..ट्रंप ने ईरान के पावर प्लांट पर 5 दिनों तक हमला ना करने की हामी जरूर भरी है लेकिन अब भी हमले थमे नहीं है. पश्चिम एशिया के हालात को देखते हुए भारत ने भी अपनी तैयारी मुकम्मल कर रखी है. राजनाथ सिंह ने एक हाईलेवल मीटिंग बुलाकर तैयारी की समीक्षा की. तो भारतीय एलपीजी टैंकरों की सुरक्षा के लिए भारतीय युद्धपोत हॉर्मुज पहुंच चुके हैं. पीएम मोदी ने कल लोकसभा में साफ कह दिया था कि तेल सप्लाई में रुकावट या नागरिकों और पावर प्लांट पर हमला मंजूर नहीं.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ईरान जंग पर राज्यसभा में कहा कि पश्चिम एशिया में चल रहे इस युद्ध को तीन हफ्ते से ज्यादा का समय हो चुका है. इसने पूरे विश्व को गंभीर ऊर्जा संकट में डाल दिया है. इसका असर भारत पर भी पड़ रहा है. गल्फ देशों में करीब एक करोड़ भारतीय रहते हैं, वहां काम करते हैं. उनके जीवन की रक्षा भी भारत के लिए चिंता का विषय है. होर्मुज स्ट्रेट में बड़ी संख्या में जहाज फंसे हैं. उनके क्रू मेंबर्स भी अधिकतर भारतीय हैं. यह भी भारत के लिए चिंता का विषय है. ऐसे में जरूरी है कि भारत के इस उच्च सदन से दुनिया में संवाद का संदेश जाए. हम गल्फ के देशों के साथ लगातार संपर्क में हैं. हम ईरान, इजरायल और अमेरिका के साथ भी संपर्क में हैं. हमने डीएस्केलेशन और होर्मुज स्ट्रेट खोले जाने पर भी लगातार बात की है. भारत ने नागरिकों पर, सिविल इंफ्रास्ट्रक्चर पर, एनर्जी और ट्रांसपोर्टेशन इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमलों का विरोध किया है.










