
कुरनूल हादसा: 19 मौतों के मामले में गिरफ्तार बस मालिक को मिली जमानत
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डीआईजी कोया प्रवीण ने बताया कि बस मालिक को भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 105 और 106 सहित मोटर वाहन अधिनियम की कई धाराओं में बुक किया गया था. अदालत ने यह मानते हुए जमानत दी कि अधिकांश उल्लंघन ‘कंपाउंडेबल ऑफेंस’ की श्रेणी में आते हैं.
आंध्र प्रदेश के कुरनूल में हाल ही में हुए एक दर्दनाक सड़क हादसे में 19 लोगों की मौत के मामले में निजी बस के मालिक को शुक्रवार को गिरफ्तार किया गया था. हालांकि बाद में उसे एक स्थानीय अदालत से जमानत मिल गई.
यह हादसा 24 अक्टूबर की तड़के हुआ था, जब बेंगलुरु जा रही एक निजी बस की टक्कर एक दोपहिया वाहन से हुई थी. टक्कर के बाद बाइक बस के नीचे फंस गई औरखुले पेट्रोल कैप से लीक हुआ ईंधन आग का कारण बन गया. देखते ही देखते बस आग की लपटों में घिर गई और 19 लोगों की मौत हो गई.
कुरनूल रेंज के पुलिस उप महानिरीक्षक (DIG) कोया प्रवीण ने पीटीआई को बताया कि बस मालिक वी. विनोद कुमार को भारतीय न्याय संहिता (BNS) अधिनियम की धारा 105 और 106 के तहत, मोटर वाहन (MV) अधिनियम के कई उल्लंघनों के साथ गिरफ्तार किया गया था.
ज़मानत का आधार पुलिस जांच में यह बात सामने आई कि बस के डिजाइन में मालिक ने संरचनात्मक बदलाव किए थे, जिससे आपातकालीन निकास द्वार अवरुद्ध हो गया और आग लगने के बाद यात्री समय पर बाहर नहीं निकल पाए। यह लापरवाही ‘गैर-इरादतन हत्या’ के दायरे में लाई गई है. स्लीपर कोच डिज़ाइन के कारण आपातकालीन निकास द्वार और अन्य अग्निशमन सुरक्षा उपाय बाधित हो गए थे.
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हालांकि, विनोद कुमार को एक स्थानीय अदालत में पेश किया गया, जिसने उन्हें ज़मानत दे दी. DIG प्रवीण ने बताया कि ज़मानत इस तर्क के आधार पर दी गई कि मोटर व्हीकल अधिनियम के तहत किए गए सभी उल्लंघन शेड्यूल कंपाउंडेबल अपराध थे.

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