
RJD की इफ्तार पार्टी में शामिल होने पर CM नीतीश कुमार बोले, राजनीतिक मायने ना निकालें
AajTak
एक दिन पहले सीएम नीतीश कुमार के आरजेडी की इफ्तार पार्टी में पहुंचने से बिहार के राजनीतिक गलियारे में चर्चाएं तेज हो गईं हैं. इस बारे में अब नीतीश कुमार का बयान सामने आया है.
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के शुक्रवार को राजद की इफ्तार पार्टी में पहुंचने से बिहार के राजनीतिक गलियारे में चर्चाएं तेज हो गई हैं. इस बारे में अब सीएम नीतीश कुमार का बयान सामने आया है. सीएम ने कहा कि इसका कोई राजनीतिक मतलब नहीं है. नीतीश ने कहा कि निमंत्रण आया था तो गए थे. इसके कोई राजनीतिक मायने ना निकाले जाएं.
राजद मुंगेरीलाल के सपने ना देखे: तारकिशोर प्रसाद
वहीं, डिप्टी सीएम तारकेश्वर प्रसाद ने सीएम के इफ्तार पार्टी में शामिल होने पर कहा कि कोई यह ना समझे कि वह (राजद) सरकार में आ रहे हैं. मुंगेरीलाल के हसीन सपने कभी सच नहीं होते. गौरतलब है कि 2017 में महागठबंधन (RJD-JDU) सरकार गिरने के 5 साल बाद पहली बार नीतीश कुमार राबड़ी आवास पहुंचे थे.
दरअसल, बोचहां उपचुनाव में मिली चुनावी जीत के बाद महागठबंधन नए सियासी जोड़-तोड़ की तैयारियों में जुट गया है. RJD ने इफ्तार पार्टी के बहाने सियासी बिसात बिछाना शुरू कर दिया है. शुक्रवार को तेजस्वी यादव और राबड़ी देवी की तरफ से आयोजित इफ्तार में NDA के मुकेश सहनी और चिराग पासवान को भी न्योता दिया गया था. हालांकि, चिराग पासवान लगातार तेजस्वी और लालू परिवार से नजदीकियों का इशारा करते रहे हैं, लेकिन गठबंधन की संभावनाओं पर फिलहाल चिराग पासवान ने साफ इनकार कर दिया है.

कोर्ट ने पारदर्शी और जवाबदेह प्रणाली बनाने पर जोर दिया ताकि बिना नसबंदी वाले कुत्तों की रिपोर्टिंग हो सके. 28 जनवरी को सरकारों की ओर से सॉलिसिटर जनरल अपनी दलीलें प्रस्तुत करेंगे. कोर्ट ने एनिमल राइट्स एक्टिविस्ट के पॉडकास्ट पर नाराजगी जताई और मामले की गंभीरता को रेखांकित किया. ये सुनवाई आवारा कुत्तों की समस्या के स्थायी समाधान की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है.

कोर्ट ने कहा कि शिकायतकर्ता को जाति के आधार पर अपमानित करने की स्पष्ट मंशा होनी चाहिए। पटना हाईकोर्ट के फैसले को चुनौती देते हुए सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में एफआईआर और आरोप पत्र में जाति-आधारित अपमान के अभाव को रेखांकित किया। कोर्ट ने एससी एसटी एक्ट की धारा 3(1) के प्रावधानों को दोहराते हुए कहा कि केवल अपशब्दों का प्रयोग अपराध नहीं बनता।

भारतीय जनता पार्टी ने नितिन नबीन को अपना 12वां राष्ट्रीय अध्यक्ष नियुक्त किया है. सोमवार को चुनाव प्रक्रिया पूरी होने के बाद मंच पर उन्हें निर्वाचन पत्र सौंपा गया. इस मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, अमित शाह और राजनाथ सिंह समेत पार्टी के प्रमुख नेता मौजूद थे. पीएम मोदी ने नितिन नबीन को बधाई देते हुए कहा कि वे उनके बॉस हैं और अब वे सभी के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं. देखें PM मोदी के संबोधन की बड़ी बातें.

कर्नाटक में कांग्रेस सरकार का आधा टर्म नवंबर 2025 में पूरा हो चुका है, जिससे स्पेकुलेशन बढ़ा. होम मिनिस्टर जी परमेश्वर भी फ्रे में हैं, लेकिन मुख्य जंग सिद्धारमैया-डीके के बीच है. पार्टी वर्कर्स में कन्फ्यूजन है, लेकिन हाई कमांड का फोकस यूनिटी पर है. क्या 29 जनवरी का समन टसल खत्म करेगा या नया ड्रामा शुरू होगा? देखना बाकी है.









