
MP: थाने में 'गिरफ्तारी' देने पहुंचे मऊगंज विधायक प्रदीप पटेल को BJP ने किया तलब, अब बदल गए सुर
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पिछले दिनों हुए घटनाक्रम की जानकारी जब संगठन तक पहुंची, तो विधायक को भोपाल तलब किया गया. शनिवार दोपहर में बीजेपी विधायक पटेल प्रदेश बीजेपी कार्यालय पहुंचे, जहां मुख्यमंत्री मोहन यादव, प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा और संगठन मंत्री हितानंद शर्मा ने प्रदीप पटेल से अकेले में चर्चा की.
मध्य प्रदेश की मऊगंज सीट से बीजेपी विधायक प्रदीप पटेल अक्सर चर्चाओं में बने रहते हैं. पिछले दिनों MLA पटेल का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ था, जिसमें वे नईगढ़ी थाने के अंदर बैठे नजर आ रहे थे. काफी देर तक विधायक वहां बैठे रहे, लेकिन थाना प्रभारी नहीं आए.
दरअसल, मऊगंज विधायक खुद अपनी 'गिरफ्तारी' देने के लिए थाने पहुंच गए थे. थाने में बैठने की वजह पूछे जाने पर विधायक प्रदीप पटेल ने कहा था- ''कुछ दिन पहले ही थाना प्रभारी ने एक स्थानीय मीडियाकर्मी को कलेक्ट्रेट से पकड़ लिया था और थाने ले आए थे. विधायक ने कहा कि इस घटना की जानकारी मिलने पर उन्होंने थाना प्रभारी से कारण जानने का प्रयास किया, लेकिन उन्होंने बात नहीं की. साथ ही मीडियाकर्मी से कहा कि अगला मेरा नंबर है. पता नहीं ऐसा कौन सा मुकदमा है मेरे ऊपर. घसीटकर न ले जाना पड़े, इसलिए मैं खुद गिरफ्तारी देने थाने आ गया हूं. मैं यह जानने का प्रयास कर रहा हूं कि कोई अपराध है या नहीं, या उन्होंने ऐसा क्यों कहा. मैं जानने के लिए आया हूं. कोई भरोसा नहीं है, रास्ते में कोई मुझे घसीट ले, इसलिए मैं थाने में पूछने आया हूं.'' इस पूरे घटनाक्रम की जानकारी जब बीजेपी संगठन तक पहुंची, तो संगठन ने शनिवार को बीजेपी विधायक को भोपाल तलब किया. दोपहर में बीजेपी विधायक पटेल प्रदेश बीजेपी कार्यालय पहुंचे, जहां मुख्यमंत्री मोहन यादव, प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा और संगठन मंत्री हितानंद शर्मा ने प्रदीप पटेल से अकेले में चर्चा की.
गौरतलब है कि इस घटनाक्रम से बीजेपी संगठन नाराज था, क्योंकि इससे पार्टी की छवि को नुकसान पहुंचता है. तमाम दिग्गजों से प्रदीप पटेल की लंबी चर्चा हुई.
अब बदल गए सुर
हालांकि, संगठन से चर्चा के बाद प्रदीप पटेल ने कहा, "मैं कार्यालय आया था. क्षेत्र के विकास को लेकर मुख्यमंत्री और प्रदेश अध्यक्ष से चर्चा हुई. मैंने कोई धरना नहीं दिया था. कोई नाराजगी नहीं थी. पुलिस ने ऐसा कुछ कमेंट किया था, इसलिए मैंने पता लगाने के लिए कहा था. उन्होंने बता दिया है कि मुझ पर कोई अपराध दर्ज नहीं है. बिंदुवार क्षेत्र के बारे में सिर्फ चर्चा की थी."
हालांकि, बीजेपी संगठन ने कई अन्य नेताओं को भी भोपाल बीजेपी कार्यालय तलब किया. विधायक प्रीतम लोधी, बीना की नगरपालिका अध्यक्ष, देवास महापौर और सागर महापौर को भी संगठन ने बातचीत के लिए बुलाया था. इनमें से प्रीतम लोधी और सागर महापौर नहीं पहुंचे. प्रीतम लोधी शाम तक संगठन के सामने पेश होंगे. वहीं, सागर महापौर संगीता तिवारी को बीजेपी नोटिस जारी कर रही है.

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