
समुद्र की गर्मी से तूफान हुए बेकाबू, 'मेलिसा' और 'मोंथा' से दोहरी चेतावनी
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कैरेबियाई सागर में बना तूफान मेलिसा बहुत तेजी से बढ़कर कैटेगरी-5 चक्रवात बन गया है. वैज्ञानिकों का कहना है कि समुद्र का बढ़ता तापमान तूफानों को ज़्यादा ताकतवर बना रहा है. यह धरती के बढ़ते तापमान यानी जलवायु परिवर्तन का साफ असर है.
आंध्र प्रदेश के तटीय इलाके में चक्रवात 'मोंथा' के खतरे के बीच कैरेबियाई सागर में बना तूफान मेलिसा अब बहुत खतरनाक कैटेगरी-5 चक्रवात बन गया है. यह बहुत धीमी रफ्तार से आगे बढ़ रहा है, जिससे भारी बारिश, तेज़ हवाओं और ऊंची लहरों से बड़ी तबाही हो सकती है.
वैज्ञानिकों का कहना है कि अब तूफान बहुत जल्दी तेज होते जा रहे हैं और कई बार एक जगह रुक भी जाते हैं. यह सब धरती के बढ़ते तापमान यानी जलवायु परिवर्तन की वजह से हो रहा है.
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मेलिसा ने शनिवार तक 110 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से चलना शुरू किया था, लेकिन सिर्फ 24 घंटे में इसकी रफ्तार 225 किलोमीटर प्रति घंटा हो गई और अब यह कैटेगरी-5 तूफान बन गया है. इतने तेज तूफान में मजबूत इमारतें भी गिर सकती हैं.
समुद्र का पानी गर्म होने से तूफान को मिलती है ऊर्जा
एक न्यूज एजेंसी की रिपोर्ट के मुताबिक एमआईटी के वैज्ञानिक केरी इमैनुएल ने कहा, "इस बार अटलांटिक में बहुत ज्यादा तूफान नहीं बने, लेकिन जो भी बने, वे बहुत तेजी से ताकतवर हुए. यह जलवायु परिवर्तन का साफ असर है."

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