
सतना में फूड पॉइजनिंग से पोता-पोती और दादी की मौत, परिवार के 3 अन्य लोगों की हालत गंभीर
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सतना जिले में एक ही परिवार के तीन सदस्यों की उल्टी दस्त की वजह से मौत हो गई. वहीं, तीन अन्य लोग अस्पताल में उपचार के लिए कराए गए हैं. प्रथम दृष्टया फूड पॉइजनिंग का मामला बताया जा रहा है. स्वास्थ्य विभाग की टीम जांच में जुटी है.
मध्य प्रदेश के सतना में एक ही परिवार के छह लोग फूड पॉइजनिंग का शिकार हो गए. फूड पॉइजनिंग के कारण परिवार के दो बच्चों और उनकी दादी की मौत हो गई. जबकि, परिवार की एक महिला और दो अन्य बच्चे नागौद स्वास्थ्य केंद्र में उपचार के लिए भर्ती हैं. उनकी हालत गंभीर बनी हुई है.
मामला नागौद थाना क्षेत्र के सितपुरा कोलान बस्ती का है. जानकारी के मुताबिक शिवपुर ग्राम के निवासी मिठाई लाल उर्फ ढैया कोल की मां झल्ली बाई कोल सहित ढैया की पत्नी जुगनू कोल एवं उनके चार बच्चों को शुक्रवार और शनिवार की दरमियानी रात को अचानक उल्टी दस्त होने लगे.
परिजन आनन फानन में सभी को उपचार के लिए नागौद स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे. जहां उपचार के दौरान झल्ली बाई (उम्र 70 वर्ष), धनराज (उम्र डेढ़ वर्ष) और आरती (उम्र 3 वर्ष) की मौत हो गई. वहीं, जुगनू उसकी बड़ी बेटी वर्षा और छोटी बेटी का अस्पताल में इलाज जारी है. एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत होने से पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है. परिजनों की इसमें स्वास्थ्य विभाग के लापरवाही बताई है. उनका कहना है कि समय पर एंबुलेंस या स्वास्थ्य सुविधा मिल जाती तो शायद उनके परिजनों की जान पर सकती थी.
वहीं, इस मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी एल के तिवारी में बताया कि ''स्वास्थ्य विभाग को सितपुरा ग्राम से यह सूचना मिली थी कि एक ही परिवार के 6 लोग उल्टी दस्त का शिकार हो गए हैं. सभी को उपचार के लिए नागौर स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया था. जिनमें से एक महिला और दो मासूम बच्चों की मौत हो गई है और एक महिला 2 बच्चों का इलाज किया जा रहा है. प्रथम दृष्टया फूड पॉइजनिंग का मामला सामने आया है. परिवार के द्वारा रात में घर में खाए जाने वाले भोजन की सेंपलिंग करा ली गई है, उसके बाद ही कुछ कहा जा सकता है.'

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