
श्रीलंका: भ्रष्टाचार के मामले में पूर्व राष्ट्रपति विक्रमसिंघे को मिली जमानत, अक्टूबर में होगी अगली सुनवाई
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श्रीलंका की एक अदालत ने पूर्व राष्ट्रपति रानिल विक्रमसिंघे को एक भ्रष्टाचार मामले में जमानत दे दी है. विक्रमसिंघे को शुक्रवार को गिरफ्तार किया गया था. अदालत में उनके वकीलों ने खराब स्वास्थ्य का हवाला दिया था.
श्रीलंका की एक अदालत ने पूर्व राष्ट्रपति रानिल विक्रमसिंघे को एक भ्रष्टाचार मामले में जमानत दे दी है. कोर्ट ने मंगलवार को यह फैसला सुनाया. विक्रमसिंघे पर राज्य निधि के कथित दुरुपयोग का आरोप था. कोर्ट ने 76 वर्षीय विक्रमसिंघे को 50 लाख श्रीलंकाई रुपये के तीन मुचलकों पर जमानत पर रिहा करने का आदेश दिया.
इस दौरान, वे कोलंबो नेशनल हॉस्पिटल के आईसीयू से वर्चुअली जुड़े थे. विक्रमसिंघे के वकीलों ने उनकी खराब स्वास्थ्य स्थितियों का हवाला देते हुए जमानत पर रिहाई की मांग की.
अदालत को बताया गया कि 75 वर्षीय पूर्व राष्ट्रपति के दिल की चार मुख्य धमनियों में से तीन बंद हो गई थीं, उनके दिल के टिसूज यानी ऊतकों को भी नुकसान पहुंचा था, और वह फेफड़ों के संक्रमण के साथ-साथ डायबिटीज से भी जूझ रहे थे. एक हृदय रोग विशेषज्ञ ने भी अदालत को उनके स्वास्थ्य के बारे में विस्तार से बताया.
क्या है पूरा मामला?
पूर्व राष्ट्रपति विक्रमसिंघे पर साल 2023 में अपनी पत्नी की निजी यात्रा को वित्त पोषित करने के लिए 1.66 करोड़ श्रीलंकाई रुपये की सरकारी निधि का दुरुपयोग करने का आरोप है. विक्रमसिंघे ने इस आरोप से इनकार किया है. उनकी पत्नी एक विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में शामिल होने के लिए ब्रिटेन गई हुई थीं. उनका कहना है कि उन्हें यह आमंत्रण राष्ट्रपति के रूप में उनकी आधिकारिक क्षमता में मिला था.
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