
प्लेन में अजनबी महिला ने लड़की को दिया लिफाफा, खोलते ही बदल गई जिंदगी!
AajTak
लड़की के पास उस समय ना तो रहने का ठिकाना था और ना ही खाने के पैसे. तब उन कठिन हालातों में एक अजनबी महिला ने उसकी मदद की थी.
34 साल की हो चुकी Ayda Zugay अमेरिका में एक रिफ्यूजी के तौर पर आईं थीं. दो दशक पहले Zugay ने यूगोस्लाविया से भागकर अपनी बहन के साथ यहां शरण ली थी. तब उनके पास ना तो रहने का ठिकाना था और ना ही खाने के पैसे. लेकिन उन कठिन हालातों में एक अजनबी महिला ने उनकी मदद की थी. जिसकी तलाश Ayda Zugay को आज भी है.
Zugay उस अजनबी महिला से मिलकर उसे धन्यवाद देना चाहती हैं, क्योंकि बुरे दौर में पैसे देकर महिला ने उनकी मदद की थी. लेकिन Zugay की तलाश दो दशक बाद भी खत्म नहीं हुई है.
सीएनएन की रिपोर्ट के मुताबिक, उस महिला ने यूगोस्लाविया छोड़कर आ रही Zugay को हवाई जहाज में एक लिफाफा दिया था. महिला ने Zugay से कहा था कि इस लिफाफे को वह प्लेन से उतरने के बाद ही खोले. लिफाफे में एक चिट्ठी के साथ 100 डॉलर (7 हजार रुपये से अधिक) थे. इन पैसों ने ही Ayda Zugay की जिंदगी बदली.
चिट्ठी में लिखा था ये
महिला ने चिट्ठी में लिखा था- 'मुझे बहुत खेद है कि आपके देश में बमबारी की वजह से आपके परिवार को समस्या हुई. मुझे आशा है कि अमेरिका में आपका प्रवास आपके लिए सुरक्षित और खुशहाल होगा. अमेरिका में आपका स्वागत है. कृपया यहां इसका (पैसों) उपयोग करें, ये आपकी सहायता के लिए है. विमान से एक दोस्त- TRACY.'
चिट्ठी में उस अजनबी महिला ने अपना नाम TRACY बताया, लेकिन बाकी कोई जानकारी नहीं दी और ना ही कभी Ayda Zugay से संपर्क किया. ऐसे में Zugay को उसे खोजने में बड़ी मशक्कत करनी पड़ रही है. इसके लिए Zugay ने सोशल मीडिया का भी सहारा लिया है.

NCERT ने 3 से 8 साल तक के बच्चों के लिए ई-मैजिक बॉक्स ऐप लॉन्च किया है. इस प्लेटफॉर्म पर बच्चे मोबाइल या कंप्यूटर से पढ़ सकते हैं और नई-नई चीजें सीख सकते हैं. इसमें एक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) स्मार्ट बॉट है, जो बच्चों की पढ़ाई में मदद करता है और उनके सवालों का आसान जवाब देता है. इसके साथ ही इसमें खेल-खेल में सीखने वाली गतिविधियां भी शामिल हैं.












