
पहले से ही कर्ज में डूबा पाकिस्तान फिर लेने जा रहा लोन, 350 मिलियन डॉलर के लिए ADB से किया एग्रीमेंट
AajTak
9 जून को जारी आर्थिक सर्वेक्षण 2024-25 के अनुसार, चालू वित्त वर्ष के पहले नौ महीनों में पाकिस्तान का कुल कर्ज बढ़कर 76,000 अरब पाकिस्तानी रुपये तक पहुंच गया है. ऐसे में यह अनुमान लगाया जा रहा है कि चालू वर्ष में देश की अर्थव्यवस्था केवल 2.7 प्रतिशत की दर से ही वृद्धि कर पाएगी.
पहले से ही भारी भरकम कर्ज में डूबे पाकिस्तान ने एशियन डेवलपमेंट बैंक (ADB) के साथ 350 मिलियन अमेरिकी डॉलर के लोन समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं. यह समझौता महिलाओं की वित्तीय भागीदारी और आर्थिक सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के लिए किया गया है. 'वुमन इन्क्लूसिव फाइनेंस (WIF)' सेक्टर डेवलपमेंट प्रोग्राम के तहत यह करार मंगलवार को हुआ.
समझौते पर पाकिस्तान की आर्थिक मामलों की डिवीजन की अतिरिक्त सचिव सबीना कुरैशी और ADB के प्रोजेक्ट एडमिनिस्ट्रेशन यूनिट के प्रमुख दिनेश राज शिवाकोटी ने हस्ताक्षर किए. रेडियो पाकिस्तान की रिपोर्ट के अनुसार, इस कार्यक्रम का उद्देश्य महिलाओं को वित्तीय सेवाओं तक बेहतर पहुंच देना, व्यापार के अवसर बढ़ाना और रोजगार के नए रास्ते खोलना है.
चार प्रमुख क्षेत्रों पर फोकस
इस कार्यक्रम के तहत WIF का सब-प्रोग्राम II चार प्रमुख सुधार क्षेत्रों पर ध्यान केंद्रित करता है:
- महिलाओं की वित्तीय भागीदारी के लिए अनुकूल नीतिगत और विनियामक वातावरण तैयार करना
- महिलाओं के लिए वित्तीय संसाधनों की उपलब्धता बढ़ाना

ईरान के सुरक्षा प्रमुख अली लारिजानी की मौत से ईरान बुरी तरह आहत है. इस हमले में लारिजानी का बेटा भी मारा गया है. ईरान ने अब अमेरिकी और इजरायली हमले के जवाब में कार्रवाई तेज करते हुए कई क्लस्टर बम गिराए है और तेल अवीव में भारी नुकसान पहुंचाया है और अनुमान लगाया जा रहा है कि जंग यहां से अब और भीषण रूप ले लेगी.

ईरान और अमेरिका-इजरायल की जंग का आज 19वां दिन है. लेकिन ये जंग अब थमने का नाम नहीं ले रही है. दोनों तरफ से ताबड़तोड़ हमले जारी है. इस बीच ईरान ने दुबई पर फिर हमला किया है. इस हमले का वीडियो भी सामने आया है. हमले के बाद दुबई के कई इलाकों में धमाकों की आवाज सुनाई दी. दुबई के एयर डिफेंस सिस्टम ने कई मिसाइलों को इंटरसेप्ट कर तबाह किया.

ईरान और अमेरिका की जंग का आज 19वीं दिन है. इस बीच इजरायल के हमले में ईरान के सिक्योरिटी चीफ लीडर अली लारिजानी की मौत के बाद अब ईरान ने इजरायल और अमेरिकी बेसों पर हमले तेज कर दिए हैं. ईरान ने मिसाइल हमलों का वीडियो भी जारी किया है. IRGC ने कहा कि हमले में मल्टी-वॉरहेड बैलिस्टिक मिसाइलों समेत कई और घातक मिसाइलें शामिल हैं.

अमेरिका ने होर्मुज के समुद्री रास्ते को खुलवाने के लिए ईरान के मिसाइल ठिकानों पर 5,000 पाउंड के बंकर बस्टर बमों से हमला किया है. अमेरिकी राष्पति ट्रंप इस बात से नाराज हैं कि उनके साथी देश (नाटो) इस लड़ाई में साथ नहीं दे रहे हैं. इस हमले का मकसद तेल की सप्लाई को बहाल करना और ईरानी मिसाइलों के खतरे को खत्म करना है.

ईरान के साथ बढ़ते संघर्ष के बीच अमेरिका और उसके नाटो सहयोगियों के बीच मतभेद खुलकर सामने आ रहे हैं. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने जहां आक्रामक रुख अपनाया है, वहीं कई सहयोगी देश सैन्य हस्तक्षेप से दूरी बनाकर कूटनीतिक समाधान पर जोर दे रहे हैं. ब्रिटेन के ईरान के खिलाफ युद्ध में शामिल होने से इनकार कर दिया है, जिसे लेकर ट्रंप भड़क गए हैं.








