
नेपाल को मिली पहली महिला ट्रांसजेंडर सांसद, पढ़ें- कैलाश से भूमिका बनने की पूरी कहानी
AajTak
भूमिका श्रेष्ठ नेपाल की पहली महिला ट्रांसजेंडर सांसद बनी हैं. जन्म के समय वो लड़का थीं और उनका नाम कैलाश था. बाद में उन्होंने अपना नाम और रूप बदल लिया. अब भूमिका लैंगिक और यौनिक अल्पसंख्यक समुदाय के अधिकारों के लिए संसद में आवाज उठाएंगी.
बहुरंगी झंडे के नीचे एक ऐसा समुदाय है, जिसकी जिंदगी अब भी ब्लैक एंड व्हाइट बनी हुई है. उन्हें लगातार अस्वीकार, अपमान और अत्याचार का सामना करना पड़ता है. बेरोजगारी और अभाव के बीच जीना पड़ता है. कई तरह की कानूनी जटिलताओं से गुजरना पड़ता है. अपनी इच्छाओं और आकांक्षाओं को दबाना पड़ता है. इस खुले समाज में भी खुद को छुपाकर जीना पड़ता है. वो कई मजबूरियों से घिरे हुए हैं.
इन्हीं मजबूरियों से संघर्ष करते हुए भूमिका श्रेष्ठ अब नेपाल की संसद में सांसद के रूप में कानून बनाने के काम में अपना योगदान देने वाली हैं. उन्हें राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी ने समानुपातिक सूची से चुना है. निर्वाचन आयोग ने सोमवार शाम सूची जारी की, जिसमें उनका नाम भी शामिल है. इसके साथ ही भूमिका को संसद में प्रतिनिधित्व करने का मौका मिला है.
बता दें कि भूमिका एक ट्रांसजेंडर महिला हैं. जन्म के समय वो लड़का थीं और उनका नाम कैलाश था. बाद में उन्होंने अपनी भावनाओं के मुताबिक अपना रूप और नाम बदला और भूमिका बनीं. अब वो राज्य के नीति-निर्माण स्तर पर बैठकर लैंगिक और यौनिक अल्पसंख्यक समुदाय की आवाज बनेंगी.
पहली महिला ट्रांसजेंडर सांसद बनीं भूमिका
भूमिका नेपाल की पहली महिला ट्रांसजेंडर सांसद बनी हैं. हालांकि इससे पहले सन 2008 में जब नेपाल ने अपना पहला संविधान सभा का निर्वाचन किया था उस समय संविधान सभा में एशिया के पहले खुले समलैंगिक सांसद के रूप में सुनिल बाबु पंत चुने गए थे. लेकिन संसद में महिला ट्रांसजेंडर के रूप में भूमिका पहली सांसद बनी हैं.
यह भी पढ़ें: तय होगी ट्रांसजेंडर की परिभाषा, सरकार लोकसभा में लेकर आई बिल

ईरान UAE के शहरों पर भीषण हमले कर रहा है. दुबई मॉल के आसपास स्थित पुलों पर अब बिल्कुल सन्नाटा पसरा हुआ है. रात के 11 बजे होने के बावजूद वहां लोग नहीं दिख रहे हैं जो आमतौर पर बहुत भीड़ होती थी. यहां के प्रसिद्ध रेस्टोरेंट पहले फुटबॉल मैच देखने वालों से भरे रहते थे और जगह कम पड़ जाती थी. लेकिन अब वहां केवल कुछ ही लोग हैं और रेस्टोरेंट के अंदर भी भीड़ बिलकुल नहीं है. बुर्ज खलीफा के पास का इलाका भी पूरी तरह शांत है, जहां कभी शोर शराबा होता था, अब वहां एकदम सन्नाटा है. देखें वीडियो.

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि ईरान के खिलाफ उनका ऑपरेशन पूरी ताकत से जारी है. उन्होंने बताया कि अब तक 7,000 से अधिक ईरानी सैन्य ठिकानों और अन्य महत्वपूर्ण ठिकानों को निशाना बनाया जा चुका है. ट्रंप ने कहा कि मिसाइल और ड्रोन फैक्ट्रीज सहित सभी सैन्य ठिकानों को नुकसान पहुंचाया गया है, और ईरान की नेवी और एयर फोर्स को भी पूरी तरह खत्म कर दिया गया है. देखें वीडियो.

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद होने से तेल के बाजार में उथल-पुथल मची है. ट्रंप की मुश्किल ये है कि कुछ महीने बाद नवंबर में अमेरिका में मिडटर्म चुनाव होने हैं. जिसे देखते हुए ट्रंप की पार्टी के ही लोग इकॉनमी पर उनसे ज्यादा ध्यान देने की मांग कर रहे हैं. तेल के दाम बढ़ने से अमेरिका में महंगाई भी धीरे धीरे बढ़ रही है. ऐसे में अगर ये युद्ध लंबा खिंचता है तो इससे ट्रंप की सियासी मुसीबत बढ़नी तय हैं. देखें वीडियो.

अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच मिडिल ईस्ट वॉर से भी पहले से जंग चल रही है. पाकिस्तान का आरोप है कि अफगानिस्तान की तालिबान सरकार टीटीपी जैसे आतंकी समूहों को पनाह दे रही है जो पाकिस्तान में हमले करते हैं. लेकिन तालिबान ने इन आरोपों को खारिज किया है. दोनों देशों का झगड़ना चीन के हितों के खिलाफ जा रहा है जिसे देखते हुए उसने एक प्रस्ताव रखा था. पाकिस्तान ने सामने से उसे खारिज कर दिया है.

भारत ने ईरान में रह रहे अपने नागरिकों को सलाह दी है कि वे बिना भारतीय दूतावास की अनुमति और संपर्क के किसी भी जमीनी सीमा को पार करने की कोशिश न करें. दूतावास ने चेतावनी दी है कि ऐसा करने पर लोगों को गंभीर लॉजिस्टिक और इमीग्रेशन संबंधी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है. यह सलाह अमेरिका और इजरायल के हमलों के बाद बढ़े तनाव के बीच जारी की गई है. दूतावास ने भारतीयों से आधिकारिक संपर्क में रहने और हेल्पलाइन नंबरों पर मदद लेने की अपील की है. दूतावास ने कहा, 'हमें बताए बिना ईरान न छोड़ें'. दूतावास ने हेल्पलाइन नंबर जारी किया है.

अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी जंग का आज 17वां दिन है. हर दिन बीतने के साथ ये जंग और भीषण होती जा रही है क्योंकि अब अमेरिका-इजरायल के हमलों का जवाब देने के लिए ईरान ने एडवांस मिसाइलों का इस्तेमाल शुरू कर दिया है. 28 फरवरी से चल रहे युद्ध में ईरान ने पहली बार अपनी सबसे आधुनिक बैलिस्टिक मिसाइलों में से एक सेजिल से इजरायल को टारगेट किया है. सेजिल मिसाइल एयर डिफेंस सिस्टम को चकमा देने में माहिर है, इसी वजह से इसे डांसिंग मिसाइल भी कहा जाता है. ईरान की ओर से सेजिल मिसाइल का इस्तेमाल होने से युद्ध में और तेजी आने का साफ संकेत मिल रहा है.







