
'निखिल गुप्ता केस की सही जांच नहीं हुई तो रिश्ते...', आतंकी पन्नू के मामले में भारतवंशी सांसदों का बयान
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भारतीय-अमेरिकी सांसदों ने संयुक्त बयान में कहा कि अभियोग में लगाए गए आरोप बेहद चिंताजनक हैं. सांसदों ने कहा कि वे न्याय विभाग द्वारा निखिल गुप्ता को दोषी ठहराए जाने पर अहम जानकारी प्रदान करने वाले बाइडेन प्रशासन की सराहना करते हैं. साथ ही कहा कि बयान में कहा गया कि अभियोग में लगाए गए आरोप बेहद चिंताजनक हैं. सांसदों ने कहा कि वे न्याय विभाग द्वारा निखिल गुप्ता को दोषी ठहराए जाने पर अहम जानकारी प्रदान करने वाले प्रशासन की सराहना करते हैं.
खालिस्तानी आतंकवादी गुरपतवंत सिंह पन्नू की हत्या की कथित साजिश रचने का मामला अमेरिका में तूल पकड़ता जा रहा है. बाइडेन प्रशासन के अधिकारियों ने शुक्रवार को 5 भारतीय-अमेरिकी सांसदों को निखिल गुप्ता के अभियोग के बारे में जानकारी दी. दरअसल, भारतीय नागरिक निखिल गुप्ता पर अमेरिका की धरती पर पन्नू की हत्या की कथित साजिश रचने का आरोप है. इस मामले में भारतीय मूल के अमेरिकी सांसदों ने एक संयुक्त बयान जारी किया है.
भारतीय-अमेरिकी सांसद अमी बेरा,प्रमिला जयपाल, रो खन्ना, राजा कृष्णमूर्ति और श्री थानेदार ने एक संयुक्त बयान में कहा कि हम न्याय विभाग द्वारा निखिल गुप्ता के अभियोग पर क्लासिफाइड जानकारी प्रदान करने वाले प्रशासन की सराहना करते हैं. जिसमें आरोप लगाया गया है कि भारत का एक अधिकारी एक अमेरिकी नागरिक की हत्या की साजिश में शामिल था. उन्होंने कहा कि भारतीय-अमेरिकी सांसद होने के नाते हमारे अपने लोगों की सुरक्षा और भलाई हमारी सबसे महत्वपूर्ण प्राथमिकता है.
अभियोग में जो आरोप लगाए गए हैं, वो बेहद चिंताजनक हैं. हम हत्या की साजिश की जांच के लिए भारत सरकार की घोषणा का स्वागत करते हैं और यह जरूरी है कि भारत पूरी तरह से इस घटना की जांच करे और भारत अधिकारियों सहित जिम्मेदार लोगों को जवाबदेह ठहराए. साथ ही आश्वासन दे कि ऐसा दोबारा नहीं होगा. उन्होंने कहा कि हमारा मानना है कि अमेरिका-भारत संबंधों ने दोनों देशों पर सकारात्मक प्रभाव डाला है. लेकिन हमें चिंता है कि अगर इस मामले में ठीक तरह से जांच नहीं हुई तो दोनों देशों के संबंधों पर असर पड़ सकता है.
बता दें कि 29 नवंबर को भारतीय नागरिक निखिल गुप्ता पर अमेरिकी धरती पर खालिस्तानी आतंकी पन्नू की हत्या की कथित साजिश रचने का आरोप लगा था. बयान में कहा गया कि अभियोग में लगाए गए आरोप बेहद चिंताजनक हैं. सांसदों ने कहा कि वे न्याय विभाग द्वारा निखिल गुप्ता को दोषी ठहराए जाने पर अहम जानकारी प्रदान करने वाले प्रशासन की सराहना करते हैं.
अमेरिकी अधिकारियों ने आरोप लगाया था कि निखिल गुप्ता न्यूयॉर्क शहर में रहने वाले सिख अलगाववादी पन्नू को मारने के लिए एक हत्यारे को 100,000 अमेरिकी डॉलर देने पर सहमत हुए थे. पन्नू की हत्या की कथित साजिश रचने के आरोप में निखिल गुप्ता को अमेरिका के कहने पर 30 जून को चेक गणराज्य में गिरफ्तार किया गया था. हालांकि भारत ने पन्नू की हत्या की नाकाम साजिश से संबंधित आरोपों की जांच के लिए पहले ही एक उच्च स्तरीय जांच दल का गठन कर दिया है.

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