
दुनिया आजतक: क्या ईरान के परमाणु ठिकाने सच में नष्ट हुए? ट्रंप के दावे पर उठे सवाल
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अमेरिकी राष्ट्रपति ने ईरान के परमाणु ठिकानों पर हवाई हमले को पूरी तरह सफल बताया, लेकिन खुफिया रिपोर्ट्स ने इस दावे को खारिज किया. रिपोर्ट्स के अनुसार, परमाणु कार्यक्रम को पूरी तरह नष्ट नहीं किया जा सका. एक अन्य रिपोर्ट में कहा गया कि 'नुकसान हुआ लेकिन कितना नुकसान हुआ है ये अभी पता नहीं है.

ईरान में सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के खिलाफ जारी विरोध प्रदर्शन 13वें दिन में प्रवेश कर चुका है. निर्वासित क्राउन प्रिंस रेजा पहलवी ने आंदोलन को निर्णायक मोड़ देने के लिए शहर केंद्रों पर कब्जा और तेल-गैस समेत अहम सेक्टरों में देशव्यापी हड़ताल की अपील की है. इस बीच दावा किया जा रहा है कि प्रदर्शनों में अब तक 217 लोग मारे गए हैं.

रणभूमि में इरान में बढ़ती हिंसा और प्रदर्शनकारियों के संघर्ष पर चर्चा की गई. आर्थिक संकट और महंगाई के खिलाफ हो रहे विरोध प्रदर्शनों में कई लोगों की मौत हुई है जबकि सरकार ने इंटरनेट बंद कर दिया है. अमेरिका, इजराइल और रूस के बीच तनाव बढ़ रहा है, विशेषकर तेल के मुद्दे पर टकराव. इन सभी घुमावदार मुद्दों पर रणभूमि स्पेशल में विस्तृत विश्लेषण पेश किया गया.

लंबे समय बाद दुनिया एक ऐसे अमेरिकी राष्ट्रपति को देख रही है जिनके रणनीतिक फैसले ही नहीं शारीरिक भाव भंगिमाएं भी लोगों को अचरज में डाल रही है. डोनाल्ड ट्रंप की कारगुजारियां आज फैमिली गपशप का हिस्सा बन गई हैं. क्या ट्रंप का बिहैवियर किसी चीज से प्रभावित हो रहा है. आपको बता दें कि 79 साल के ट्रंप अपने दिल का ख्याल रखते हुए वर्षों से एस्पिरिन की गोली का ओवरडोज ले रहे हैं.

ईरान में सरकार विरोधी प्रदर्शनों के बीच हिंसा तेज होती दिख रही है. टाइम मैगजीन से बातचीत में एक ईरानी डॉक्टर ने दावा किया कि सिर्फ राजधानी तेहरान के केवल छह अस्पतालों में अब तक कम से कम 217 प्रदर्शनकारियों की मौत दर्ज की गई है, जिनमें अधिकतर गोली लगने से मरे हैं. देशभर में इंटरनेट बंदी और सख्त कार्रवाई के बावजूद प्रदर्शन सभी 31 प्रांतों में फैल चुके हैं.









