
ट्रंप का आदेश, 150 विमान और 30 मिनट में पत्नी संग बंधक बन गए मादुरो... ऑपरेशन 'एब्सोल्यूट रिजॉल्व' की पूरी कहानी
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Operation Absolute Resolve: अमेरिका ने ‘ऑपरेशन एब्सोल्यूट रिजॉल्व’ के तहत वेनेजुएला की राजधानी काराकस में गुप्त सैन्य कार्रवाई कर राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोर्स को हिरासत में ले लिया. महीनों की योजना और 150 से अधिक विमानों के साथ अमेरिकी स्पेशल फोर्स के जवानों ने इस अभियान को 30 मिनट से कम समय में अंजाम दिया.
अमेरिका ने 3 दिसंबर की सुबह वेनेजुएला की राजधानी काराकस पर धावा बोला और राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को पत्नी सिलिया फ्लोर्स सहित बंदी बना लिया. अमेरिकी सैनिक मादुरो और उनकी पत्नी को लेकर न्यूयॉर्क आए, जहां उन्हें अब अमेरिकी कानून के तहत मुकदमे का सामना करना होगा. ट्रंप प्रशासन ने मादुरो पर अंतरराष्ट्रीय ड्रग कार्टेल्स के साथ मिलकर अमेरिका में मादक पदार्थों की तस्करी और अवैध प्रवासियों की घुसपैठ कराने का आरोप लगाता रहा है.
अमेरिका ने मादुरो को पकड़ने के लिए 'ऑपरेशन एब्सोल्यूट रिजॉल्व' चलाया था. इसका मतलब हुआ किसी काम को करने के लिए पूरी तरह समर्पित होना. यह कोई अचानक किया गया हमला नहीं था, बल्कि इसके पीछे बहुत लंबी प्लानिंग थी. अमेरिका ने वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की गिरफ्तारी तक ले जाने वाले गुप्त सैन्य अभियान से जुड़े नए विवरण सार्वजनिक किए हैं. वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों के अनुसार यह अभियान अभूतपूर्व और अत्यधिक सटीकता के साथ अंजाम दिया गया, जिसमें 150 से अधिक विमान (हेलीकॉप्टर और जेट) शामिल थे.
पिछले कई महीनों से अमेरिकी सेना वेनेजुएला के तट के पास अपनी मौजूदगी लगातार बढ़ा रही थी. इस दौरान कथित ड्रग तस्करी में इस्तेमाल होने वाली नौकाओं पर हवाई हमले किए गए और उनमें सवार लोगों को मार गिराया गया. इसी बीच अमेरिकी खुफिया एजेंसियां वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो पर बारीकी से नजर रखे हुए थीं. उनकी दिनचर्या, खाने-पीने की आदतों तक का अध्ययन किया गया, जबकि अमेरिका की स्पेशल फोर्स गुप्त रूप से उन्हें सत्ता से हटाने की योजना पर काम कर रही थी. कई महीनों की गोपनीय तैयारी के बाद 3 दिसंबर की सुबह इस साहसिक अभियान को अंजाम दिया गया.
ट्रंप ने आदेश दिया और सिर्फ 5 घंटे में ऑपरेशन पूरा
अमेरिकी सेना ने इस दक्षिण अमेरिकी देश की राजधानी काराकस की बिजली व्यवस्था ठप कर दी, राष्ट्रपति आवास में घुसपैठ की और निकोलस मादुरो को पकड़कर न्यूयॉर्क ले गए, जहां उनके खिलाफ आपराधिक मुकदमा चलेगा. डोनाल्ड ट्रंप ने फ्लोरिडा स्थित अपने घर 'मार-ए-लागो' में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान वेनेजुएला पर अमेरिकी हमले का विवरण दिया. उनके मुताबिक, मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस को बंदी बनाने के बाद हेलीकॉप्टर से कैरेबियन सागर में स्थित अमेरिकी युद्धपोत पर ले जाया गया.
अमेरिकी अधिकारियों ने बताया कि यह 'ऑपरेशन एब्सोल्यूट रिजॉल्व' तभी शुरू किया गया जब मौसम की स्थिति अनुकूल हो गई, जिससे हेलीकॉप्टर और विमान बिना किसी की नजर में आए वेनेजुएला के हवाई क्षेत्र में प्रवेश कर सके. योजना के तहत वेनेजुएला के राष्ट्रपति भवन की हूबहू नकल तैयार की गई थी और विशेष उपकरणों से लैस स्पेशल फोर्स के जवानों को इस ऑपरेशन को अंजाम देने के लिए भेजा गया था.

अमेरिका ने वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को लेकर बड़ा और सनसनीखेज दावा किया है. अमेरिकी न्याय विभाग (DOJ) ने कहा है कि FBI, DEA, अमेरिकी सेना और खुफिया एजेंसियों के साझा ऑपरेशन में मादुरो को अमेरिकी हिरासत में लिया गया है. यह कार्रवाई ड्रग तस्करी और उससे जुड़े आपराधिक मामलों में चल रही कानूनी कार्रवाई के तहत की गई है.

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