
टेस्ला का बाजार, यूरोप का कारोबार और टैरिफ की बाधा... मस्क और पीटर नैवारो के बीच लड़ाई की पूरी Inside Story
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एलॉन मस्क DOGE चीफ हैं जबकि पीटर नैवारो ट्रंप के आर्थिक सलाहकार है. पीटर नैवारो को ही टैरिफ का आर्किटेक्ट माना जा रहा है. वह चीन के कट्टर आलोचक हैं और उन देशों पर भारी-भरकम टैरिफ लगाने के हिमायती रहे हैं जिन्हें अमेरिका को बड़ा व्यापार घाटा हो रहा है. इनमें यूरोप भी शामिल हैं.
टैरिफ इस समय दुनिया में सबसे ज्यादा चर्चा में है. दो अप्रैल को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 70 से ज्यादा देशों पर रेसिप्रोकल टैरिफ लगाने का ऐलान किया था. इसके तहत अमेरिका ने कई देशों पर टैरिफ लगाया. इसका असर ये हुआ कि अमेरिका सहित दुनियाभर के शेयर बाजारों में तेज गिरावट देखने को मिली. इससे हलचल बढ़ी और टैरिफ को लेकर ट्रंप की टॉप टीम के दो बड़े अधिकारी एलॉन मस्क और पीटर नैवारो भिड़ गए.
एलॉन मस्क DOGE चीफ हैं जबकि पीटर नैवारो ट्रंप के आर्थिक सलाहकार है. पीटर नैवारो को ही टैरिफ का आर्किटेक्ट माना जा रहा है. वह चीन के कट्टर आलोचक हैं और उन देशों पर भारी-भरकम टैरिफ लगाने के हिमायती रहे हैं जिन्हें अमेरिका को बड़ा व्यापार घाटा हो रहा है. इनमें यूरोप भी शामिल हैं.
यूरोप पर भारी-भरकम टैरिफ लगाए जाने से एलॉन मस्क नाराज थे क्योंकि उनकी कंपनी टेस्ला की कई मैन्युफैक्चरिंग कंपनियां बड़े पैमाने पर जर्मनी और अन्य यूरोपीयन देशों में हैं. ऐसे में यूरोप पर भारी टैरिफ लगाने से उन्हें नुकसान हो रहा था, जो भविष्य में और आगे बढ़ने की संभावना है.
रिपोर्ट के मुताबिक, मस्क की चिंता का कारण ये है कि टेस्ला का कारोबार यूरोप और अन्य क्षेत्रों पर निर्भर है. टेस्ला की कारें यूरोप में ज्यादा बिकती हैं. टैरिफ से कारों और उसके पार्ट्स की कीमत बढ़ेगी, जिससे टेस्ला की बिक्री और मुनाफा प्रभावित हो सकता है.
बता दें कि मस्क लंबे समय से मुक्त व्यापार के पक्षधर रहे हैं. उनका मानना है कि टैरिफ जैसे व्यापार अवरोध नवाचार और आर्थिक विकास को रोकते हैं. वह चाहते हैं कि अमेरिका और यूरोप के बीच जीरो टैरिफ वाली नीति लागू होत ताकि एक मुक्त व्यापार क्षेत्र बने.
उन्होंने कहा था कि मुझे उम्मीद है कि यूरोप और अमेरिका को एक साथ आगे बढ़ना चाहिए. मेरे विचार में जीरो टैरिफ की स्थिति ही बेहतर होगी जिससे यूरोप और उत्तरी अमेरिका के बीच फ्री ट्रेड हो सकेगा. मालूम हो कि ने ट्रंप ने यूरोपीय यूनियन पर 20 फीसदी का टैरिफ लगाया है.

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