
गोवा: होटल में बेटे के शव के साथ 18 घंटे तक रही सूचना सेठ, हत्या के बाद लिखा- मेरा बेटा हमेशा मेरे साथ रहेगा!
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Soochna Seth: गोवा के एक अपार्टमेंट में चार साल के अपने मासूम बेटे की हत्या के आरोप में गिरफ्तार हुई एआई एक्सपर्ट सूचना सेठ का घाघ रवैया पुलिस के मुसीबत बन गया है. गिरफ्तारी के कई दिनों बाद भी गोवा पुलिस उसकी मुंह नहीं खुलवा पाई है. इसी बीच उसके पति वेंकट रमण अपना बयान दर्ज कराने कलंगुट पुलिस स्टेशन पहुंचे हैं.
भारत के मशहूर पर्यटन स्थल गोवा में हुए एक सनसनीखेज हत्याकांड ने पूरे देश को झकझोर दिया है. महज चार साल के मासूम बच्चे की हत्या उसकी मां ने की है, इस पर किसी को सहज विश्वास नहीं हो रहा है. लेकिन अपने ही बेटे की हत्या का दिल दहला देने वाला ये आरोप आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एथिक्स एक्सपर्ट, डेटा साइंटिस्ट, माइंडफुल एआई लैब की फाउंडर और सीईओ सूचना सेठ पर लगा है. वो इस वक्त गोवा पुलिस की हिरासत में है. पुलिस उससे जुर्म कबूल कराने की तमाम कोशिशें कर रही हैं, लेकिन वो लगातार इससे इंकार कर रही है. इसी बीच अपना बयान दर्ज कराने के लिए सूचना के पति वेंकट रमण गोवा के कलंगुट पुलिस स्टेशन पहुंचे हैं. इस केस में उनका बयान बहुत अहम है.
इस मर्डर केस में एक अहम जानकारी ये भी सामने आ रही है कि हत्यारोपी एआई एक्सपर्ट सूचना सेठ अपने मासूम बच्चे की हत्या के बाद उसके शव के साथ 15 से 18 घंटे तक सर्विस अपार्टमेंट के कमरे में मौजूद रही थी. जानकारी के मुताबिक, यहां चेक-इन करने के करीब ढाई घंटे बाद 7 तारीख की रात 1 से 2 बजे के बीच बच्चे की हत्या की गई थी. इसके बाद 7 और 8 तारीख की दरमियानी रात करीब 12 बजे के बाद सूचना ने अपना अपार्टमेंट छोड़ा था. इस दौरान वो बच्चे के शव के साथ रही थी. पुलिस ने जब उससे पूछा कि वो बच्चे का शव को बैग में रखकर बेंगलुरु क्यों ले जा रही थी, तो उसने जवाब में सिर्फ इतना कहा कि वह चाहती थी कि उसका बेटा उसके बेंगलुरु स्थित घर पर उसके साथ ही रहे.
यह भी खुलासा हुआ है कि कोर्ट के द्वारा पिता वेंकट रमण को सप्ताह में एक दिन रविवार को बच्चे मिलने की इजाजत के बाद सूचना सेठ परेशान हो गई थी. बेंगलुरु छोड़ने से पहले उसने वेंकट को मैसेज किया कि वो 7 जनवरी की दोपहर में बच्चे से आकर मिल सकता है, लेकिन उससे ठीक एक दिन पहले 6 जनवरी को वो बच्चे को लेकर गोवा चली गई. पुलिस को शक है कि वेंकट रमण को बेटे से मिलने वाली बात सूचना के दिमाग में बैठ गई थी. वो नहीं चाहती थी कि उसका बेटा अपने पिता से मिले. इसलिए गोवा पहुंचने के कुछ घंटों के बाद ही उसने बच्चे की हत्या कर दी. उसने अपना गुस्सा व्यक्त करते हुए एक टिशू पेपर पर लिखा था, ''कोर्ट का आदेश जो भी हो, मेरा बेटा हमेशा मेरे साथ रहेगा''.
सूत्रों के मुताबिक, बहुत मुश्किलों के बाद गोवा पुलिस हत्यारोपी सूचना सेठ को लेकर उस सर्विस अपार्टमेंट पहुंची, जहां वारदात को अंजाम दिया गया है. यहां आने के लिए वो तैयार ही नहीं हो रही थी. पुलिस से लगातार कह रही थी कि उसने अपने बेटे की हत्या नहीं की है. दोनों रात में एक साथ सोए और सुबह उठने पर उसने देखा कि बेटे की मौत हो चुकी है. पुलिस के पास तमाम ऐसे सबूत हैं, जो इस ओर इशारा कर रहे हैं कि मासूम की हत्या सूचना ने ही की है. इसलिए वो मौका-ए-वारदात पर उसे ले जाकर सीन रीक्रिएट करना चाह रही थी. एक सीनियर महिला पुलिस अफसर के द्वारा काउंसलिंग के बाद सूचना सर्विस अपार्टमेंट जाने को तैयार हुई. इसके बाद शुक्रवार को क्राइम सीन रीक्रिएट किए गया.
पंचनामा के दौरान मिले कई अहम सबूत, सूचना ने किया खुलासा
पुलिस के मुताबिक, पंचनामा के दौरान कई अहम सबूत मिले हैं. इस दौरान सूचना सेठ ने खुलासा किया कि अपार्टमेंट के कमरे में उसने कैंची से अपने हाथ की नसें काटकर खुदकुशी की कोशिश की थी. लेकिन वो हत्या की बात अस्वीकार कर रही है. उसकी चुप्पी गोवा पुलिस के लिए मुश्किलें बढ़ा रही हैं, क्योंकि पुलिस हिरासत बहुत जल्द खत्म होने वाली है. इसके बाद उसे कोर्ट में पेश किया जाएगा. यदि जज ने दोबारा पुलिस कस्टडी में भेजने की बजाए जेल में भेज दिया तो इस मर्डर केस को हल करना मुश्किल हो जाएगा. इसलिए पुलिस चाहती है कि कोर्ट में पेशी से पहले सूचना अपना जुर्म कबूल कर ले. लेकिन वो लगातार खामोश है. उसके चेहरे पर न शिकन है, न ही किसी तरह का पछतावा दिख रहा है.

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