
केजरीवाल ने जेल जाने के बाद क्यों नहीं दिया इस्तीफा? संदीप पाठक ने बताया
AajTak
आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली का मुख्यमंत्री रहते शराब घोटाला केस में जेल जाने के बाद वहीं से सरकार चलाई. पार्टी के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री और राज्यसभा सांसद संदीप पाठक ने अब ये बताया है कि केजरीवाल ने जेल जाने के बाद इस्तीफा क्यों नहीं दिया?
हरियाणा चुनाव में आम आदमी पार्टी और कांग्रेस के बीच गठबंधन की चर्चा थी. दोनों दलों के बीच बातचीत भी हुई, बैठकों का दौर भी चला लेकिन दोनों ही पार्टियां अकेले चुनाव मैदान में उतरीं. आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद संदीप पाठक ने पंचायत आजतक हरियाणा 2024 के 'AAP का क्या होगा?' सेशन में इससे जुड़े सवालों के जवाब दिए.
आम आदमी पार्टी के नेता किसी नेता पर भ्रष्टाचार के आरोप लगे नहीं कि सड़कों पर उतर इस्तीफे की मांग करने लगते थे. लेकिन अरविंद केजरीवाल जब जेल गए, कहा कि यहीं से सरकार चलाऊंगा. केजरीवाल को इस्तीफा देने में 117 दिन लग गए. इसे लेकर सवाल पर संदीप पाठक ने कहा कि बीजेपी पर साजिशन गिरफ्तारी कराने का आरोप लगाते हुए कहा कि इनका प्लान था कि केजरीवाल को जेल में डाल देंगे तो नया सीएम बनेगा. फिर पार्टी तोड़ दो. उन्होंने कहा कि दिल्ली में उल्टे आम आदमी पार्टी मजबूत हो गई. संदीप पाठक ने कहा कि केजरीवाल ने जेल में रहकर रिजाइन नहीं किया और बीजेपी का प्लान फेल कर दिया.
उन्होंने कहा कि जेल से बाहर आने के बाद केजरीवाल ने रिजाइन किया जब इसकी कोई जरूरत नहीं थी. संदीप पाठक ने कहा कि अरविंद केजरीवाल ने जेल में रहते हुए संवैधानिक दायित्वों की पूर्ति के लिए इस्तीफा नहीं दिया और जब बाहर आ गए, तब रिजाइन कर नैतिक दायित्वों की पूर्ति कर ली. केजरीवाल को डराकर आप रिजाइन नहीं ले सकते. उन्होंने कहा कि केजरीवाल हरियाणा के लाल हैं. कट्टर ईमानदार आदमी हैं अरविंद केजरीवाल. केजरीवाल का नैतिक दायित्व ये प्लान फेल करना था.
यह भी पढ़ें: 'कांग्रेस ने खिलाड़ियों के कंधे पर बंदूक रखकर निशाना साधा', विनेश पर बोले हरियाणा के सीएम सैनी
आम आदमी पार्टी के संगठ महामंत्री संदीप पाठक ने कहा कि केजरीवाल ने दूसरे राज्यों के मुख्यमंत्रियों को रास्ता दिखाया है. केजरीवाल ने जेल से छूटते ही सीएम से रिजाइन करने का निर्णय लेने में दो मिनट भी नहीं लगाए. उन्होंने कहा कि जब आप पर लांछन लगा हो तो आप सो पाओगे क्या. अब केजरीवाल ने फैसला किया है कि हम जनता की अदालत में जाएंगे. संदीप पाठक ने कहा कि अगर कोर्ट से बरी भी हो जाएं और अगर जनता सोचे कि इसने क्या किया है तो ये बात भी ठीक नहीं.
यह भी पढ़ें: 'बीजेपी ने 10 साल में हरियाणा को विकास की पटरी से उतार दिया', बोले कांग्रेस सांसद दीपेंद्र हुड्डा

झारखंड के लातेहार जिले के भैंसादोन गांव में ग्रामीणों ने एलएलसी कंपनी के अधिकारियों और कर्मियों को बंधक बना लिया. ग्रामीणों का आरोप था कि कंपनी बिना ग्राम सभा की अनुमति गांव में आकर लोगों को ठगने और जमीन हड़पने की कोशिश कर रही थी. पुलिस के हस्तक्षेप के बाद लगभग दो घंटे में अधिकारी सुरक्षित गांव से बाहर निकल सके.

दिल्ली के सदर बाजार में गोरखीमल धनपत राय की दुकान की रस्सी आज़ादी के बाद से ध्वजारोहण में निरंतर उपयोग की जाती है. प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के कार्यकाल के बाद यह रस्सी नि:शुल्क उपलब्ध कराई जाने लगी. इस रस्सी को सेना पूरी सम्मान के साथ लेने आती है, जो इसकी ऐतिहासिक और भावनात्मक महत्ता को दर्शाता है. सदर बाजार की यह रस्सी भारत के स्वाधीनता संग्राम और सांस्कृतिक गौरव का प्रतीक बनी हुई है. देखिए रिपोर्ट.

संभल में दंगा मामले के बाद सीजेएम के तबादले को लेकर विवाद शुरू हो गया है. पुलिस के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के आदेश दिए गए थे लेकिन पुलिस ने कार्रवाई नहीं की. इस पर सीजेएम का अचानक तबादला हुआ और वकील प्रदर्शन कर रहे हैं. समाजवादी पार्टी, कांग्रेस और AIMIM ने न्यायपालिका पर दबाव बनाने का आरोप लगाया है. इस विवाद में राजनीतिक सियासत भी जुड़ी है. हाई कोर्ट के आदेशानुसार जजों के ट्रांसफर होते हैं लेकिन इस बार बहस हुई कि क्या यहां राज्य सरकार ने हस्तक्षेप किया.

दावोस में भारत वैश्विक आर्थिक चुनौतियों का सामना करने और एक बेहतर भविष्य बनाने के लिए पूरी तैयारी कर रहा है. इस संदर्भ में सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव से खास बातचीत की गई जिसमें उन्होंने बताया कि AI को लेकर भारत की क्या योजना और दृष्टिकोण है. भारत ने तकनीकी विकास तथा नवाचार में तेजी लाई है ताकि वैश्विक प्रतिस्पर्धा में आगे रह सके. देखिए.

महाराष्ट्र के स्थानीय निकाय चुनावों के बाद ठाणे जिले के मुंब्रा क्षेत्र में राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं. एमआईएम के टिकट पर साढ़े पांच हजार से अधिक वोट के अंतर से जीत हासिल करने वाली सहर शेख एक बयान की वजह से चर्चा में हैं. जैसे ही उनका बयान विवादास्पद हुआ, उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका बयान धार्मिक राजनीति से जुड़ा नहीं था. सहर शेख ने यह भी कहा कि उनके बयान को गलत तरीके से प्रस्तुत किया जा रहा है और वे उस तरह की राजनीति का समर्थन नहीं करतीं.

नोएडा के सेक्टर 150 में इंजीनियर युवराज मेहता की दर्दनाक मौत के बाद योगी सरकार ने जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है. हादसे के जिम्मेदार बिल्डर अभय कुमार को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि नोएडा अथॉरिटी के अधिकारियों पर भी गाज गिरी है. प्रशासन ने अब भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने के लिए पुख्ता इंतजाम शुरू कर दिए हैं.







