
ईरान के बंदर अब्बास शहर के राजई बंदरगाह पर भीषण धमाका, 281 लोग घायल
AajTak
हसनजादेह के मुताबिक ये धमाका राजई बंदरगाह पर कंटेनरों की वजह से हुआ है. राहत और बचाव दल मौके पर पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं, जबकि अन्य टीमें क्षेत्र को खाली कराने में जुटी हैं.
ईरान के बंदरगाह शहर बंदर अब्बास में शनिवार को एक भीषण धमाका और आग लगने की घटना हुई है. इस ब्लास्ट में 281 लोग घायल हो गए हैं. प्रांतीय आपदा प्रबंधन अधिकारी मेहरदाद हसनजादेह ने बताया कि धमाका काफी भयावह था. ईरानी मीडिया के मुताबिक विस्फोट में घायल हुए लोगों की संख्या 281 हो गई है. घायलों में से कई लोगों को होर्मोज़गान प्रांत के अस्पतालों में भर्ती कराया गया है.
हसनजादेह के मुताबिक ये धमाका राजई बंदरगाह पर कंटेनरों की वजह से हुआ है. राहत और बचाव दल मौके पर पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं, जबकि अन्य टीमें क्षेत्र को खाली कराने में जुटी हैं.
समाचार एजेंसी एपी के मुताबिक सोशल मीडिया पर घटना के वीडियो वायरल हो रहे हैं. वीडियो में काले धुएं का विशाल गुबार आसमान में उठता हुआ देखा जा सकता है.
बता दें कि राजई बंदरगाह मुख्य रूप से कंटेनर ट्रैफिक संभालता है और वहां तेल टैंक और पेट्रोकेमिकल इकाइयां भी मौजूद हैं, जिससे आग की भयावहता और बढ़ने का खतरा बना हुआ है.
धमाके के बाद ईरान के सीमा शुल्क प्राधिकरण ने सभी कस्टम कार्यालयों को आदेश दिया है कि वे बंदरगाह के लिए निर्यात और ट्रांजिट शिपमेंट भेजने पर तत्काल रोक लगा दें. यह रोक अगले आदेश तक प्रभावी रहेगी. हालांकि, जिन ट्रकों ने पहले ही सीमा शुल्क की प्रक्रिया पूरी कर ली थी, उन्हें बंदरगाह क्षेत्र से बाहर निकलने की अनुमति दी गई है.
इस बीच ईरान की राष्ट्रीय आपातकालीन सेवा के प्रमुख यकतापरस्त ने बताया कि बंदरगाह धमाके में घायल हुए लोगों को विभिन्न अस्पतालों में भर्ती कराया गया है. शनिवार को हुए इस भीषण धमाके ने न सिर्फ बंदरगाह की गतिविधियों को ठप कर दिया है, बल्कि क्षेत्रीय व्यापार और सप्लाई चेन पर भी बड़ा असर डाला है.

अमेरिका-इजरायल और ईरान की जंग का आज 25वां दिन है. एक तरफ कूटनीतिक बातचीत की हलचल तेज हुई है, तो दूसरी तरफ सैन्य हमले भी थम नहीं रहे हैं. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक दिन पहले ईरान के ऊर्जा और पावर इंफ्रास्ट्रक्चर पर 5 दिन हमला ना करने का दावा किया लेकिन अब IRGC ने दावा किया है कि ईरान के 2 ऊर्जा ठिकानों को फिर से निशाना बनाया गया. इस बीच इजरायली पीएम नेतन्याहू ने ट्रंप से बातचीत की और उसके बाद कहा कि ईरान और लेबनान पर हमले जारी रहेंगे. इजरायल लगातार लेबनान में हिज्बुल्ला के ठिकानों को निशाना बना रहा है. इस हमलों के बीच ये युद्ध भीषण रूप लेता जा रहा है. जंग को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बड़ा दावा किया है. ट्रंप ने कहा है कि ईरान के साथ बेहद मजबूत बातचीत हुई है और करीब करीब सभी बिंदुओं पर सहमति बन गई है. उन्होंने ये भी कहा है कि विटकॉफ और कुश्नर बातचीत कर रहे हैं. अगर इसी तरह बातचीत चली तो युद्ध खत्म हो सकता है. ट्रंप दावा कर रहे हैं कि मजबूत बातचीत रही लेकिन ईरान का कहना है कि कोई बातचीत नहीं हुई जब ट्रंप से पूछा गया कि विटकॉफ और कुशनर किससे बातचीत कर रहे हैं तो उन्होंने किसी का नाम लेने से इनकार कर दिया. उन्होंने कहा कि हम उस व्यक्ति से बात कर रहे हैं, जिसे मैं सबसे अधिक सम्मानित और नेता मानता हूं. जब उनसे पूछा गया कि क्या वो नेता ईरान के सुप्रीम लीडर मोजतबा खुमेनेई हैं तो ट्रंप ने कहा कि नहीं- वो सुप्रीम लीडर नहीं है, हमें ये भी नहीं पता कि वो जीवित हैं या नहीं.

टायर सिटी में IDF के हमलों में 12 की मौत, बेरूत से टूटा कनेक्शन... लेबनान से आजतक की ग्राउंड रिपोर्ट
IDF ने बेरूत के दक्षिणी उपनगरों में चार अलग-अलग जगहों पर बमबारी की. पिछले रात हुए इन हमलों में 12 और लोगों की मौत की खबर है. IDF दक्षिण लेबनान में तेजी से अपने जमीनी सैनिकों को आगे बढ़ा रहा है,

ईरान ने दावा किया है कि असने अमेरिकी ड्रोन लुकास को मार गिराया है. ईरान न्यूज एजेंसी ने ड्रोन की तस्वीरें भी साझा की. जहां एक तरफ ईरान अमेरिका में शांति वार्ता की बातचीत चल रही है वहा यूएस-ईरान के हमले भी जारी है. वहीं कोलंबिया के अमेजन इलाके में एक विमान हादसा हो गया. इस हादसे में 66 लोगों की मौत हो गई है.










