
'आखिर मेरा गुनाह क्या था, क्या मैं ईमानदार नहीं था...', टिकट कटने के बाद छलका BJP सांसद राहुल कस्वां का दर्द
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क्या मैं ईमानदार नहीं था? क्या मैं मेहनती नहीं था? क्या मैं निष्ठावान नहीं था? क्या मैं दागदार था? क्या मैंने चूरू लोकसभा में काम करवाने में कोई कमी छोड़ दी थी? यह बातें राजस्थान के चुरू से बीजेपी सांसद राहुल कस्वां ने कही हैं. इस बार बीजेपी ने उनका टिकट काट दिया है.
लोकसभा चुनाव से पहले भारतीय जनता पार्टी (BJP) 195 सीटों पर प्रत्याशियों का ऐलान कर चुकी है. इस लिस्ट में राजस्थान की 15 सीटें भी शामिल हैं. इस बार बीजेपी ने राजस्थान की चुरू सीट से मौजूदा सांसद राहुल कस्वां का टिकट काट दिया है. उनकी जगह पैरालंपिक में दो बार गोल्ड मेडल जीतने वाले खिलाड़ी देवेंद्र झाझरिया को टिकट दिया गया है. बीजेपी के इस कदम के बाद राहुल कस्वां ने अपना दर्द सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर शेयर किया है.
राहुल कस्वां ने सोशल मीडिया पर लिखा,'क्या मैं ईमानदार नहीं था? क्या मैं मेहनती नहीं था? क्या मैं निष्ठावान नहीं था? क्या मैं दागदार था? क्या मैंने चूरू लोकसभा में काम करवाने में कोई कमी छोड़ दी थी? मा. प्रधानमंत्री जी की सभी योजनाओं के क्रियान्वयन में, मैं सबसे आगे था. ओर क्या चाहिए था? जब भी इस प्रश्न को मैंने पूछा, सभी निरुत्तर और निःशब्द रहे. कोई इसका उत्तर नही दे पा रहा. शायद मेरे अपने ही मुझे कुछ बता पाएं.' राहुल कस्वां की यह पोस्ट सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रही है. अब तक दो हजार लोग उनकी पोस्ट को शेयर कर चुके हैं.
कांग्रेस से आए 2 नेताओं को टिकट
बता दें कि राजस्थान में बीजेपी ने 25 में से 15 सीटों पर उम्मीदवारों का ऐलान कर दिया है. इस लिस्ट में पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे के सांसद बेटे दुष्यंत सिंह को फिर से टिकट दिया गया है. दुष्यंत सिंह झालावाड़-बारां सीट से ही चुनाव लड़ेंगे. वह पहले से ही इस सीट से सांसद हैं. कांग्रेस से पाला बदलकर आए दो नेताओं को भी टिकट दिया गया है. महेंद्रजीत मालवीय और ज्योति मिर्धा कांग्रेस छोड़कर आए थे, जिन्हें क्रमश: बांसवाड़ा और नागौर से टिकट दिया गया है. लोकसभा स्पीकर ओम बिड़ला कोटा से ही चुनाव लड़ने जा रहे हैं.
विवादित चेहरों से बनाई दूरी
राजस्थान में एक ट्रेंड यह देखा गया है कि पार्टी ने तमाम विवादित चेहरे से दूरी बना ली है. रंजिता कोली भरतपुर से सांसद थीं, लेकिन पार्टी ने उनका टिकट काट दिया है. राहुल कस्वां की जगह देवेंद्र झाझड़िया को टिकट दिया गया है, जो राजनीति में अपनी एंट्री कर रहे हैं. राजस्थान में पार्टी ने जिताऊ उम्मीदवारों पर भरोसा किया है और यही वजह है कि कांग्रेस से आए दो नेताओं को टिकट दिया गया है. मसलन, पहली लिस्ट में पार्टी जीतने वाले उम्मीदवारों पर फोकस किया गया है.

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