
अमीर सरफराज की हत्या के बाद लश्कर कैंप में हड़कंप, टेरर के आकाओं ने मीटिंग में ISI पर निकाली भड़ास!
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अमीर सरफराज की मौत के बाद पंजाब प्रांत के मुरीदके में लश्कर हेड ऑफिस और लाहौर के लश्कर की मस्जिद में टॉप आतंकियों की एक मीटिंग हुई. मीटिंग में आमिर सरफराज उर्फ तांबा की अज्ञात हमलावरों के जरिए की गई हत्या को लेकर चर्चा की गई. सूत्रों के मुताबिक लश्कर के टॉप आतंकियों में ISI को लेकर गुस्सा है.
पाकिस्तान की जेल में बंद भारतीय नागरिक सरबजीत सिंह की हत्या करने वाले अमीर सरफराज तांबा को पाकिस्तान के लाहौर में 'अज्ञात हमलावरों' ने गोलियों से भून डाला है. अमीर सरफराज तांबा को लश्कर-ए-तैयबा के सरगना हाफिज सईद का बेहद करीबी माना जाता था. इसलिए उसकी मौत के बाद से ही लश्कर के आतंकियों में हलचल मची हुई है.
बताया जा रहा है कि अमीर सरफराज की मौत के बाद पंजाब प्रांत के मुरीदके में लश्कर हेड ऑफिस और लाहौर के लश्कर की मस्जिद में टॉप आतंकियों की एक मीटिंग हुई. मीटिंग में आमिर सरफराज उर्फ तांबा की अज्ञात हमलावरों के जरिए की गई हत्या को लेकर चर्चा की गई. सूत्रों के मुताबिक लश्कर के टॉप आतंकियों में ISI को लेकर गुस्सा है. इसका कारण हाल-फिलहाल में लश्कर के कई आतंकियों का पाकिस्तान में अज्ञात हमलावरों के जरिए खात्मा होना है.
हाफिज सईद पर भी हो चुका है फिदायीन हमला
अमीर सरफराज तांबा हाफिज सईद के लिए बेहद अहम शख्स था. सरबजीत की हत्या को अंजाम देने के बाद आमिर सरफराज का स्वागत खुद हाफिज सईद ने किया था, जिसका वीडियो उस वक्त काफी वायरल हुआ था. लश्कर के गुस्से का एक कारण यह भी है कि हाफिज सईद पर भी 2021 में फिदायीन हमला हो चुका है, जिसके बाद से हाफिज अंडरग्राउंड हो चुका है.
तांबा की छाती और पैरों में गोलियों के निशान
रिपोर्ट्स के मुताबिक अमीर सरफराज तांबा का घर लाहौर के घनी आबादी वाले इलाके सनंत नगर में है. हमले को अंजाम देने आए हमलावर बाइक पर सवार होकर आए थे, उन्होंने तांबा पर ताबड़तोड़ फायरिंग की. उसे गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया. तांबा की छाती और पैरों पर गोलियों के निशान हैं.

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