
'अगर किसी ने गलत किया तो उसे सजा मिले...', सिंगर जुबिन गर्ग की पत्नी ने की न्याय की मांग
AajTak
असम के दिवंगत गायक जुबिन गर्ग की पत्नी गरिमा सैकिया गर्ग ने कहा कि अगर कोई दोषी साबित होता है तो उसे सबसे कड़ी सजा मिलनी चाहिए ताकि जुबिन को न्याय मिल सके. उन्होंने सरकार और न्यायिक प्रणाली पर भरोसा जताते हुए कहा कि जुबिन का मामला विशेष है और न्याय दिलाने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाने चाहिए.
असम के दिवंगत गायक जुबिन गर्ग के निधन के बाद उनकी पत्नी गरिमा सैकिया गर्ग ने न्याय की गुहार लगाई है. उन्होंने कहा कि अगर किसी ने कोई गलती की है और वह दोषी साबित होता है तो उसे अंतिम और कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए. गरिमा ने कहा, 'ज़ुबिन गर्ग को न्याय मिलना ही चाहिए.'
गरिमा सैकिया गर्ग ने आगे कहा कि सरकार और न्यायिक प्रणाली जो भी कदम उठा रही है, वह सही दिशा में है. उन्होंने कहा, 'यह सिर्फ एक आम व्यक्ति का मामला नहीं है, यह जुबिन का मामला है. मुझे कानूनी व्यवस्था पर पूरा भरोसा है कि वे सही फैसला लेंगे. न्याय दिलाने के लिए जो भी आवश्यक कदम हैं, वे उठाए जाएंगे.'
उन्होंने दोहराया कि अगर किसी व्यक्ति ने सचमुच कुछ गलत किया है और जांच में वह दोषी पाया जाता है, तो उसे सबसे कड़ी सजा मिलनी चाहिए ताकि ज़ुबिन गर्ग को न्याय मिल सके. इस बयान के बाद ज़ुबिन गर्ग के प्रशंसकों और पूरे असम में एक बार फिर न्याय की मांग तेज हो गई है.
पत्नी गरिमा सैकिया गर्ग को दूसरा पोस्टमार्टम सौंपा असम पुलिस ने शनिवार को दिवंगत गायक जुबिन गर्ग की पत्नी गरिमा सैकिया गर्ग को दूसरा पोस्टमार्टम रिपोर्ट सौंपा. इससे पहले गुरुवार को उन्हें सिंगापुर में हुआ पहला पोस्टमार्टम रिपोर्ट दिया गया था. अधिकारियों के मुताबिक, यह रिपोर्ट CID की विशेष जांच टीम (SIT) के अधिकारी ने सीधे उनके घर पर जाकर सौंपी.
CID की नौ सदस्यीय विशेष जांच टीम वर्तमान में जुबिन गर्ग की मौत की जांच कर रही है. CID की अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मोरमी दास, जो SIT की सदस्य भी हैं, ने गरिमा को उनके घर काहिलीपाड़ा, गुवाहाटी में यह रिपोर्ट दी. दास ने रिपोर्ट सौंपने के बाद बताया कि उन्होंने गरिमा और जुबिन की बहन पाल्मे बोर्थाकुर के बयान भी दर्ज किए हैं.
सिंगापुर में हुई थी रहस्यमयी मौत 19 सितंबर को जुबिन गर्ग की मौत सिंगापुर में समुद्र में तैराकी करते समय रहस्यमय परिस्थितियों में हुई थी. वह वहां चौथे नॉर्थईस्ट इंडिया फेस्टिवल में हिस्सा लेने गए थे, जिसका आयोजन श्यामकानु महांता और उनकी कंपनी ने किया था.

दिल्ली के शास्त्री पार्क इलाके से एक दुखद और गंभीर खबर आई है जहां एक 11 साल के बच्चे की हत्या हुई है. बच्चे की आंख और सिर पर गंभीर चोट के निशान पाए गए हैं. जानकारी के अनुसार, पिता ने ही अपने पुत्र की हत्या की है और उसने घटना के बाद एक वीडियो बनाकर अपने परिवार को भेजा. इस घटना के बाद आरोपी फरार है और इस मामले की जांच जारी है.

स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के PRO ने दावा करते हुए कहा कि प्रयागराज प्रशासन के बड़े अधिकारी ने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद से सम्मान पूर्वक दोबारा स्नान कराने की कोशिश की है. जिसके बाद स्वामी अवमुक्तेश्वरानंद की तरफ से प्रशासन के लिखित में माफी मांगने, मारपीट करने वालो पर कार्रवाई और चारों शंकराचार्य के स्नान की मांग की गई.

दिल्ली में कांग्रेस द्वारा मनरेगा बचाओ आंदोलन तेज़ी से जारी है. 24 अकबर रोड स्थित कांग्रेस मुख्यालय के सामने बड़ी संख्या में कांग्रेस के नेता और कार्यकर्ता एकत्रित हुए हैं. यह विरोध प्रदर्शन मनरेगा कानून में किए जा रहे बदलावों के खिलाफ किया जा रहा है. मनरेगा योजना के तहत मजदूरों को रोजगार देने वाली इस योजना में बदलावों को लेकर कांग्रेस ने सरकार के खिलाफ अपनी नाराजगी जाहिर की है.

भारत और यूरोपीय संघ के बीच हुए मुक्त व्यापार समझौते ने क्षेत्रीय आर्थिक समीकरणों में बड़ा बदलाव ला दिया है. इस ऐतिहासिक डील से पाकिस्तान को निर्यात के क्षेत्र में चुनौती का सामना करना पड़ रहा है. पाकिस्तान के विदेश कार्यालय ने इस डील से पैदा हुए संभावित नकारात्मक प्रभाव से निपटने के लिए यूरोपीय अधिकारियों से संपर्क किया है. यह समझौता दोनों पक्षों के आर्थिक और व्यापारिक संबंधों को मजबूत करेगा.

मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने मियां मुसलमानों को लेकर फिर से विवादित बयान दिया है. उन्होंने कहा है कि अगर राज्य के मियां मुसलमानों को परेशान करना हो तो वह रात दो बजे तक जाकर भी परेशान कर सकते हैं. इसके साथ ही उन्होंने मियां मुसलमानों को पांच रुपए देने की बजाय चार रुपए देने की बात कह कर विवादों को जन्म दिया है. इसपर पर अब विपक्ष हमलावर है.

अमेरिका ने ब्रिटेन, फ्रांस,इजरायल और चार अरब देशों के साथ मिलकर ईरान पर हमले की गुप्त टारगेट लिस्ट तैयार की है. मेन टारगेट न्यूक्लियर साइट्स (फोर्डो, नंटाज, इस्फाहान), IRGC कमांडर्स, बैलिस्टिक मिसाइल फैक्ट्रीज और स्ट्रैटेजिक बेस हैं. ट्रंप ने प्रदर्शनों और न्यूक्लियर प्रोग्राम को लेकर धमकी दी है, लेकिन अभी हमला नहीं हुआ. अरब देश युद्ध से डर रहे हैं.

सुप्रीम कोर्ट ने यूजीसी द्वारा लागू किए गए नए नियमों पर रोक लगा दी है. छात्रों ने इस फैसले का स्वागत किया है और कहा कि यूजीसी का यह कानून छात्रों में भेदभाव उत्पन्न करता है. छात्रों का कहना है कि वे नियमों में बदलाव नहीं बल्कि पुराने नियमों को वापस चाहते हैं. यदि नियमों में कोई बदलाव नहीं किया गया तो वे भविष्य में भी प्रदर्शन जारी रखेंगे.






