
शेख हसीना पर जारी तनाव के बीच अजीत डोभाल से क्यों मिले बांग्लादेश के NSA?
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बांग्लादेश के एनएसए खलीलुर रहमान का भारत दौरा ऐसे समय में हुआ है, जब बांग्लादेश की कोर्ट ने पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना को हाल ही में मौत की सजा सुनाई है. इसके बाद बांग्लादेश ने भारत से शेख हसीना को निर्वासित करने का अनुरोध किया. बांग्लादेश में 2024 में हुए तख्तापलट के बाद शेख हसीना पांच अगस्त ने भारत में शरण ले ली थी.
पड़ोसी मुल्क बांग्लादेश इस समय उथल-पुथल के दौर से गुजर रहा है. इस बीच बांग्लादेश के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) खलीलुर रहमान की अगुवाई में एक प्रतिनिधिमंडल ने बुधवार को दिल्ली में एनएसए अजीत डोभाल से मुलाकात की.
बांग्लादेश और भारत के NSA के बीच दिल्ली में हुई यह बैठक कोलंबो सिक्योरिटी कॉन्क्लेव (CSC) की सातवीं एनएसए स्तरीय बैठक के तहत की गई. इस बैठक में दोनों देशों के प्रतिनिधिमंडल ने सीएससी के कार्यों की समीक्षा की.
हालांकि, सीएससी की बैठक 20 नवंबर को होगी. विदेश मंत्रालय के मुताबिक, एनएसए डोभाल सीएससी के सदस्य देशों मालदीव्स, मॉरीशस, श्रीलंका और बांग्लादेश के अपने समकक्षों की मेजबानी करेंगे. इस बैठक में सशेल्स पर्यवेक्षक राष्ट्र के तौर पर हिस्सा लेगा. मलेशिया को अतिथि के तौर पर आमंत्रित किया गया है.
विदेश मंत्रालय ने जारी बयान में कहा कि सीएससी के उद्देश्य के अनुरूप राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकारों की सातवीं बैठक प्रतिभागियों के लिए सहयोग के विभिन्न स्तंभों यानी समुद्री सुरक्षा एवं संरक्षा, आतंकवाद और कट्टरता का मुकाबला, अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध से लड़ाई, साइबर सुरक्षा तथा महत्वपूर्ण अवसंरचनाओं का संरक्षण तथा मानवीय सहायता और आपदा राहत के तहत हुई गतिविधियों की समीक्षा करने तथा 2026 के लिए रोडमैप और कार्ययोजना पर चर्चा करने का अवसर होगी.
सीएससी का गठन इसके सदस्यों देशों के बीच सुरक्षा के मामलों में सहयोग को बढ़ावा देने के लिए किया गया था. साथ ही हिंद महासागर क्षेत्र में क्षेत्रीय सुरक्षा को मजबूत बनाने के लिए साझेदारी को गहरा करने के उद्देश्य से की गई थी.

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