
यूपी: सिविल जज ने अपने सरकारी आवास में की आत्महत्या, मौके से सुसाइड नोट बरामद
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बदायूं के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आलोक प्रियदर्शी ने बताया कि जज कॉलोनी परिसर में प्रथम मंजिल पर रहने वाली सिविल जज जूनियर डिवीजन ज्योत्सना राय (27) ने अपने बेडरूम में पंखे से फांसी का फंदा लगाकर सुसाइड कर लिया है. मौके से सुसाइड नोट बरामद हुआ है. मामले की जांच की जा रही है.
उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले के कोतवाली सदर क्षेत्र की जज कॉलोनी में बदायूं न्यायालय में सिविल जज जूनियर के पद पर तैनात ज्योत्सना राय ने अपने आवास पर फांसी का फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली. सूचना मिलते ही बदायूं के जिला जज, जिलाधिकारी और एसएसपी मौके पर पहुंचे और घटना की जानकारी ली. मृतका के शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है. पुलिस को मौके से एक सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है.
बदायूं के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आलोक प्रियदर्शी ने बताया कि जज कॉलोनी परिसर में प्रथम मंजिल पर रहने वाली सिविल जज जूनियर डिवीजन ज्योत्सना राय (27) ने अपने बेडरूम में पंखे से फांसी का फंदा लगाकर सुसाइड कर लिया है. सुबह 10 बजे तक जब वे अपने कोर्ट नहीं पहुंचीं तो उनके साथी जजों ने उनको फोन किया लेकिन जब फोन रिसीव नहीं हुआ तो उनके आवास पर पहुंचकर देखा कि उनका बेडरूम अंदर से बंद था. सूचना पर पुलिस ने बेडरूम का दरवाजा तोड़ा तो बगल वाले कमरे में महिला जज का शव पंखे से लटका मिला.
उन्होंने बताया कि मूल रूप से जनपद मऊ की रहने वाली महिला जज ज्योत्सना राय (27 वर्ष) बदायूं में सिविल जज जूनियर डिविजन के पद पर 29 अप्रेल 2023 से तैनात थीं. इससे पूर्व वे अयोध्या में न्यायिक मजिस्ट्रेट के पद पर कार्यरत थीं. उनके कमरे से उनके हाथ का लिखा हुआ एक सुसाइड नोट सहित कुछ दस्तावेज प्राप्त हुए हैं, जो आत्महत्या की गुत्थी को सुलझाने में अहम साबित हो सकते हैं. बताया जा रहा है कि वह डिप्रेशन में चल रही थीं.

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