
बच्चे ने जैसे ही लगाया जूते को हाथ तो अंदर से निकला कोबरा, जानिए आगे क्या हुआ
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जूते में कोबरा छिपा बैठा हुआ था. बच्चे ने जूता पहनना चाहा तो उसे सांप की फुकार सुनाई दी. सांप पकड़ने वाले को बुलाया गया और कोबरा का रेस्क्यू कराया गया. इसके बाद कोबरा को जंगल में छोड़ दिया गया.
तमिलनाडु के कुड्डालोर में एक बच्चे की जान खतरे में आने से बच गई. वह अपने जूते पहनने की तैयारी में था. तभी उसे जूतों में अजीब सी आवाज सुनाई दी और जूते में छुपकर बैठा बेबी कोबरा फन फैलाए हुए बाहर निकल आया. उसे देख बच्चा और उसके परिवार के लोग घबरा गए. उन लोगों ने तत्काल इसकी जानकारी इलाके के फेमस स्नेक कैचर को दी. उसने कोबरा का रेस्क्यू किया और फिर जंगल जाकर छोड़ दिया.
मंजाकुप्पम के रहने वाले स्नेक कैचर 36 साल के चेला ने बताया कि उन्हें शनिवार को रविचंद्रन नाम के व्यक्ति से सूचना मिली थी कि जूते में बेबी कोबरा मिला है. सूचना मिलते ही मैं मौके पर पहुंचा. देखा तो बच्चे के जूते में बेबी कोबरा मौजूद था. चेला ने कहा कि उन्होंने बेहद सावधानी के साथ कोबरा का रेस्क्यू किया.
जूते पहनने के पहले ध्यान दें देख लें
उन्होंने बताया कि लोगों को हमेशा ही ध्यान से जूतों को पहनना चाहिए. जूते पहनने से पहले एक बार जरूर देख लें कि कहीं उसने कोई जीव-जंतु को नहीं है. कई बार जहरीले सांप और अन्य जीव जूतों के अंदर छुप जाते हैं.
50 हजार से ज्यादा सांपों का कर चुके रेस्क्यू
चेला बताते हैं कि उन्होंने अभी तक पचास हजार से ज्यादा जहरीले सांपों का रेस्क्यू किया है. उन्होंने कहा कि आमतौर पर लोगों को अनुपयोगी वस्तुओं को एकांत क्षेत्रों में छोड़ने से बचना चाहिए. चेला कहते हैं कि बेबी कोबरा में भी बहुत जहरीला होता है. इसके डसने से भी जान जाने का खतरा बना रहता है. बताते चलें कि चेला इस क्षेत्र से प्रतिदिन औसतन 10 से 30 सांपों का रेस्क्यू करते हैं. इसके बाद इन सांपों को वेपुर वन रेंज में छोड़ देते हैं.

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