
'जातिगत जनगणना जनता की मांग...', पार्टी कार्यकर्ताओं संग बैठक में बोले कांग्रेस अध्यक्ष खड़गे
AajTak
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने मंगलवार को पार्टी कार्यकर्ताओं संग बैठक में चुनाव की तैयारियों को लेकर चर्चा की है. इस दौरान उन्होंने कहा कि कांग्रेस का ध्यान "बेलगाम बेरोजगारी" और "अनियंत्रित महंगाई" से जुड़े मुद्दों पर है. उन्होंने दावा किया कि मोदी के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार के तहत संविधान पर हमला जारी है. उन्होंने यह भी कहा कि जाति जनगणना लोगों की मांग है.
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने मंगलवार को पार्टी महासचिव, राज्य यूनिट चीफ और एआईसीसी के स्टेट इंचार्ज के साथ बैठक की है. बैठक में उन्होंने पार्टी से जुड़े मामलों और चुनाव की तैयारियों के लिए कई मुद्दों पर चर्चा की.
उन्होंने बैठक में कहा कि कांग्रेस का ध्यान "बेलगाम बेरोजगारी" और "अनियंत्रित महंगाई" से जुड़े मुद्दों पर है और वह इन समस्याओं के इर्द-गिर्द राष्ट्रव्यापी कैंपेन शुरू करने की तैयारी कर रहे हैं. इस कैंपेन की जरिए वह लोगों से रुबरु होंगे. खड़गे ने कहा कि सेबी और अडानी के बीच "सांठगांठ के चौंकाने वाले खुलासे" की गहन जांच की जरूरत है.
सरकार SEBI अध्यक्ष का ले इस्तीफा: खड़गे
कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा, "शेयर बाजार में छोटे निवेशकों का पैसा खतरे में नहीं डाला जा सकता. मोदी सरकार को तुरंत सेबी अध्यक्ष का इस्तीफा मांगना चाहिए और इस संबंध में एक जेपीसी का गठन करना चाहिए."
उन्होंने दावा किया कि मोदी के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार के तहत संविधान पर हमला जारी है.उन्होंने यह भी कहा कि जाति जनगणना लोगों की मांग है.
कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि पार्टी किसानों की फसलों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) की कानूनी गारंटी की मांग को लेकर अपनी लड़ाई जारी रखेगी. हमारे देशभक्त युवाओं पर थोपी गई अग्निपथ योजना को खत्म किया जाना चाहिए.

आज जब वक्त इतना कीमती हो गया है कि लोग हरेक चीज की दस मिनट में डिलीवरी चाहते हैं. वहीं दूसरी तरफ विडंबना ये है कि भारत का एक शहर ऐसा है जहां इंसान को कहीं जाने के लिए सड़कों पर ट्रैफिक में फंसना पड़ता है. यहां हर साल औसतन 168 घंटे लोग ट्रैफिक में फंसे रहते हैं. यानी पूरे एक हफ्ते का समय सिर्फ ट्रैफिक में चला जाता है.

जिस शहर की फायरब्रिगेड के पास छोटे से तालाब के पानी से एक शख्स को निकालने के लिए टूल नहीं है, वह किसी बड़े हादसे से कैसे निबटेगा. युवराज मेहता की मौत ने नोएडा की आपदा राहत तैयारियां की कलई खोल दी है. सवाल यह है कि जब नोएडा जैसे यूपी के सबसे समृद्ध शहर में ये हालात हैं तो बाकी शहर-कस्बों की स्थिति कितनी खतरनाक होगी.

दिल्ली-एनसीआर में वायु गुणवत्ता में सुधार के कारण कमीशन ऑफ एयर क्वालिटी इंप्रवूमेंट (CAQM) ने GRAP-3 पाबंदियां हटा दी हैं. AQI में सुधार के चलते अब कंस्ट्रक्शन और आवाजाही पर लगी पाबंदियों में राहत मिली है. IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दिनों में AQI 'एवरेज' से 'खराब' श्रेणी में रह सकता है, जिसके कारण GRAP-3 के तहत गंभीर पाबंदियां लागू नहीं की जाएंगी.

AIMIM प्रवक्ता वारिस पठान ने स्पष्ट किया है कि मुसलमानों ने अब फैसला कर लिया है कि वे अब किसी भी ऐसे व्यक्ति को समर्थन नहीं देंगे जो केवल जातीय विभाजन करता है, बल्कि वे उस नेता के साथ जाएंगे जो विकास की बात करता है. उनका यह बयान समाज में सकारात्मक बदलाव और विकास को प्राथमिकता देने की दिशा में है. मुसलमान अब ऐसे नेताओं के साथ खड़े होंगे जो उनकी बेहतरी और समाज के समग्र विकास के लिए काम करें.









