
गाजा में 'बंकर बस्टर बम' गिरा रही है इजरायली सेना, 24 घंटे में 400 आतंकी ठिकाने तबाह, 178 की मौत
AajTak
युद्धविराम के बाद शुरू हुई जंग में इजरायली सेना गाजा में कहर बरपा रही है. यहां आसमान और जमीन से एक साथ हमले किए जा रहे हैं. बीते 24 घंटों के दौरान आईडीएफ ने 400 आतंकी ठिकाने तबाह कर दिए हैं. इन हमलों में 178 लोगों की मौत हो गई है. युद्धविराम खत्म होने पर हमास और अमेरिका एक-दूसरे को जिम्मेदार ठहरा रहे हैं.
युद्धविराम खत्म होने के बाद हमास और इजरायल के बीच शुरू हुई जंग भीषण रूप ले चुकी है. शुक्रवार को इजरायल ने महज 24 घंटे के अंदर हमास के 400 से ज्यादा आतंकी ठिकानों को तबाह कर दिया है. इस दौरान कम से कम 178 लोगों की मौत हो गई है. हमास ने भी इजराइल पर फिर से रॉकेट दागना शुरू कर दिया है. हालांकि, इजरायल एंटी रॉकेट मिसाइल के जरिए उन्हें टारगेट पर पहुंचने से पहले ही ध्वस्त कर दे रहा है. दूसरी तरफ युद्धविराम खत्म होने पर हमास और अमेरिका एक-दूसरे को जिम्मेदार ठहरा रहे हैं.
इजरायल ने एक वीडियो जारी कर दावा किया कि उसने शुक्रवार को हमास के 400 से ज्यादा ठिकानों को निशाना बनाया है. गाजा में मौजूद फिलिस्तीनी स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा है कि शुक्रवार सुबह से शुरू हुई इजरायली बमबारी की वजह से 178 फिलिस्तीनियों की मौत हुई है. इस बमबारी में 589 लोग घायल भी हुए हैं. इजरायल ने अमेरिकी 'बंकर बस्टर बम' का भी इस्तेमाल शुरू कर दिया है. इस बम का वजन 907 किलो है. इन बमों का इस्तेमाल अमेरिका ने अफगानिस्तान, इराक और सीरिया में भी किया था.
बेहद ताकतवर और असरदार होते हैं बंकर बस्टर बम
बंकर बस्टर बम बेहद ताकतवर और असरदार होते हैं. ये जमीन के अंदर तेजी से जाते हैं. अंदर पहुंचने के बाद विस्फोट होता है. ये कॉन्क्रीट से बनी नींव, बंकर या सुरंगों को उड़ाने की क्षमता रखते हैं. इस तरह के बमों का इस्तेमाल लंबे वक्त से होता आ रहा है. सबसे ज्यादा इस्तेमाल वियतनाम युद्ध के समय हुआ था. इन बमों की नोज खास तरह से बनाई जाती है, ताकि ये अपने वजन और ग्रैविटी का फायदा लेकर तेज रफ्तार से जमीन के अंदर चले जाएं. इसके बाद टारगेट की तरफ छेद करते हुए भयानक विस्फोट करें.
हमास के ऑपरेशनल कमांड सेंटर पर इजरायल का हमला
इजरायल डिफेंस फोर्सेस का दावा है कि हमास ने रॉकेट अटैक करके युद्धविराम का उल्लंघन किया है, जिसका मुंहतोड़ जवाब दिया जा रहा है. इसी कड़ी में गाजा में 400 से अधिक आतंकवादी ठिकानों पर हमला किया गया, जबकि खान यूनिस के इलाके में 50 से ज्यादा ठिकाने ध्वस्त किए गए. आईडीएफ के लड़ाकू विमानों ने एक मस्जिद के अंदर इस्लामिक जिहाद के ऑपरेशनल कमांड सेंटर पर हमला करके तबाह कर दिया है. इजरायली नौसेना के सैनिकों ने भी हमास के सैन्य ठिकानों पर हमला किया है.

दिल्ली के सदर बाजार में गोरखीमल धनपत राय की दुकान की रस्सी आज़ादी के बाद से ध्वजारोहण में निरंतर उपयोग की जाती है. प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के कार्यकाल के बाद यह रस्सी नि:शुल्क उपलब्ध कराई जाने लगी. इस रस्सी को सेना पूरी सम्मान के साथ लेने आती है, जो इसकी ऐतिहासिक और भावनात्मक महत्ता को दर्शाता है. सदर बाजार की यह रस्सी भारत के स्वाधीनता संग्राम और सांस्कृतिक गौरव का प्रतीक बनी हुई है. देखिए रिपोर्ट.

संभल में दंगा मामले के बाद सीजेएम के तबादले को लेकर विवाद शुरू हो गया है. पुलिस के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के आदेश दिए गए थे लेकिन पुलिस ने कार्रवाई नहीं की. इस पर सीजेएम का अचानक तबादला हुआ और वकील प्रदर्शन कर रहे हैं. समाजवादी पार्टी, कांग्रेस और AIMIM ने न्यायपालिका पर दबाव बनाने का आरोप लगाया है. इस विवाद में राजनीतिक सियासत भी जुड़ी है. हाई कोर्ट के आदेशानुसार जजों के ट्रांसफर होते हैं लेकिन इस बार बहस हुई कि क्या यहां राज्य सरकार ने हस्तक्षेप किया.

दावोस में भारत वैश्विक आर्थिक चुनौतियों का सामना करने और एक बेहतर भविष्य बनाने के लिए पूरी तैयारी कर रहा है. इस संदर्भ में सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव से खास बातचीत की गई जिसमें उन्होंने बताया कि AI को लेकर भारत की क्या योजना और दृष्टिकोण है. भारत ने तकनीकी विकास तथा नवाचार में तेजी लाई है ताकि वैश्विक प्रतिस्पर्धा में आगे रह सके. देखिए.

महाराष्ट्र के स्थानीय निकाय चुनावों के बाद ठाणे जिले के मुंब्रा क्षेत्र में राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं. एमआईएम के टिकट पर साढ़े पांच हजार से अधिक वोट के अंतर से जीत हासिल करने वाली सहर शेख एक बयान की वजह से चर्चा में हैं. जैसे ही उनका बयान विवादास्पद हुआ, उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका बयान धार्मिक राजनीति से जुड़ा नहीं था. सहर शेख ने यह भी कहा कि उनके बयान को गलत तरीके से प्रस्तुत किया जा रहा है और वे उस तरह की राजनीति का समर्थन नहीं करतीं.

नोएडा के सेक्टर 150 में इंजीनियर युवराज मेहता की दर्दनाक मौत के बाद योगी सरकार ने जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है. हादसे के जिम्मेदार बिल्डर अभय कुमार को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि नोएडा अथॉरिटी के अधिकारियों पर भी गाज गिरी है. प्रशासन ने अब भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने के लिए पुख्ता इंतजाम शुरू कर दिए हैं.

महाराष्ट्र के ठाणे में तीन नाबालिग लड़कियों के लापता होने से सनसनी फैल गई. कल्याण के बारावे गांव से दो सगी बहनें और उनकी 13 साल की भांजी घर से निकलने के बाद वापस नहीं लौटीं. परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. एक अहम सूचना के आधार पर पुलिस टीम को लखनऊ भेजा गया है, जहां लड़कियों की तलाश की जा रही है.

छत्तीसगढ़ के रायपुर में मिड-डे मील योजना से जुड़े हजारों रसोइया और सहायिकाएं अपनी मांगों को लेकर तूता मैदान में अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे हैं. रसोइया संघ के अध्यक्ष के अनुसार, उन्हें मात्र 66 रुपये प्रतिदिन मानदेय मिलता है, जो उनके परिवार का खर्च चलाने के लिए अपर्याप्त है. ठंड के बावजूद वे 22 दिनों से धरना दे रहे हैं पर शासन के कोई प्रतिनिधि उनसे अब तक नहीं मिले हैं.






