
हूती विद्रोहियों ने किडनैप किया इंटरनेशनल जहाज, इजरायल ने कही ये बात
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इजरायली सेना ने कहा,'दक्षिणी लाल सागर में यमन के हूती विद्रोहियों ने इंटरनेशनल जहाज का अपहरण कर लिया है, यह वैश्विक ताकतों के लिए बड़ी चुनौती है. जहाज तुर्की से भारत के रास्ते पर रवाना हुआ था, जिसमें अलग-अलग देशों के नागरिक थे. यह इजरायली जहाज नहीं है.'
यमन के हूती विद्रोहियों ने लाल सागर में एक जहाज का अपहरण कर लिया. शुरुआत में यह कहा गया कि यह इजरायल का जहाज है, जिसका नाम गैलेक्सी लीडर है. लेकिन बाद में इजरायल की तरफ से साफ किया गया कि हूती विद्रोहियों ने जिस जहाज पर कब्जा किया है, वह इजरायल का नहीं, बल्कि इंटरनेशनल जहाज है. इजरायल ने यह भी बताया कि उस जहाज में एक भी इजरायली नागरिक नहीं है.
इजरायली सेना ने कहा,'दक्षिणी लाल सागर में यमन के हूती विद्रोहियों ने इंटरनेशनल जहाज का अपहरण कर लिया है, यह वैश्विक ताकतों के लिए बड़ी चुनौती है. जहाज तुर्की से भारत के रास्ते पर रवाना हुआ था, जिसमें अलग-अलग देशों के नागरिक थे. यह इजरायली जहाज नहीं है.'
इजरायल के PMO ने जारी किया बयान
इस घटना पर इजरायल के प्रधानमंत्री कार्यालय की तरफ से भी बयान आया है. पीएम कार्यालय की तरफ से कहा गया कि इजरायल अंतरराष्ट्रीय जहाज पर ईरानी हमले की कड़ी निंदा करता है. जहाजपर ब्रिटिश कंपनी का स्वामित्व है, जिसे जापानी फर्म संचालित करती है. इजरायल ने आरोप लगाया कि जहाज को ईरान के कहने पर किडनैप किया गया है.
जहाज पर थे इन देशों के नागरिक
इजरायल के प्रधानमंत्री कार्यालय ने बताया कि उस जहाज में यूक्रेनी, बल्गेरियाई, फिलिपिनो और मैक्सिकन सहित कई देशों के 25 सदस्य हैं. हालांकि, जहाज पर कोई भी इजरायली नागरिक नहीं है. इजरायल ने आगे कहा कि यह ईरानी आतंकवाद का एक और जीता जागता उदाहरण है.

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