
महाराष्ट्र : तबादलों-पोस्टिंग में धांधली का आरोप की जांच कर मुख्य सचिव ने सौंपी रिपोर्ट, जानिए क्या है इसमें...
NDTV India
रिपोर्ट में लिखा है कि तब रश्मि शुक्ला ने जानबूझकर झूठ बोलकर इंडियन टेलीग्राफ कानून के तहत इजाजत ली जबकि राजनीतिक मतभेद, कारोबारी विवाद और पारिवारिक कलह इसमें नही आते. ये बात सामने आने पर रश्मि शुक्ला से स्पष्टीकरण लेने का आदेश दिया गया था, तब उन्होंने मुख्यमंत्री, गृहमंत्री और ACS से मिलकर अपनी गलती के लिए माफी मांगी और कैंसर बीमारी से अपने पति की मौत की वजह से बच्चों के पढ़ाई की दुहाई दी थी.
आईपीएस रश्मि शुक्ला की ओर से ओर से एक पत्र लिखकर ट्रांसफर रैकेट चलने और अफसरों-नेताओं के इसमें शामिल होने के आरोप ने महाराष्ट्र की सियासत में तूफान ला दिया है. विपक्षी पार्टी बीजेपी ने इस मामले में उद्धव ठाकरे नीत गठबंधन सरकार के खिलाफ हमलावर रुख अपना रखा है. इस बीच राज्य के मुख्य सचिव सीताराम कुंटे ने तबादले और पोस्टिंग के आरोप पर मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे को अपनी रिपोर्ट सौंप दी है. रिपोर्ट में मुख्य सचिव इस निष्कर्ष पर पहुँचे हैं कि रश्मि शुक्ला में जिस अवधि में कॉल रिकॉर्डिंग कर तबादला पोस्टिंग में गड़बड़ी का दावा किया था, उस दौरान किसी भारतीय पुलिस सेवा (IPS) अधिकारी का तबादला या पोस्टिंग नहीं की गई थी. साल 2020 में एकाध अपवाद को छोड़कर ज्यादातर बदली पुलिस अस्थापना एक की सिफारिश पर ही हुई थी इसलिए उस दौरान जब रिपोर्ट मुख्यमंत्री के सामने रखी गई थी तब कोई कार्रवाई नहीं की गई.












