
Animal को 'टॉक्सिक' बताए जाने पर बोले Ranbir Kapoor, 'अच्छी बात है कि सिनेमा एक डिबेट शुरू करता है'
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रणबीर कपूर की फिल्म 'एनिमल' को बहुत लोगों ने टॉक्सिक बताते हुए फिल्म की खूब आलोचना की. उन्होंने कहा इसे अच्छा कहा कि उनकी फिल्म से टॉक्सिक मर्दानगी को लेकर एक डिबेट शुरू हो रही है. रणबीर ये भी बोले कि बुरे लोगों पर फिल्में नहीं बनेंगी तो समाज सुधरेगा ही नहीं.
डायरेक्टर संदीप रेड्डी वांगा की फिल्म 'एनिमल',पिछले साल की सबसे बड़ी हिट्स में से एक रही. वर्ल्डवाइड 900 करोड़ रुपये से ज्यादा का कलेक्शन करने वाली ये फिल्म, सुपरस्टार रणबीर कपूर के करियर की सबसे बड़ी फिल्म बन गई.
एक तरफ तो फिल्म ने थिएटर्स में लगातार धमाल मचाए रखा और शुरू के दिनों में इसके टिकट मिलन मुश्किल था. तो दूसरी तरफ, बहुत सारे क्रिटिक्स और सोशल मीडिया यूजर्स नेफिल्म के कंटेंट की तगड़ी आलोचना की. फिल्म को 'टॉक्सिक मर्दानगी और वायलेंस' का सेलिब्रेशन बताते हुए इसे लगातार आलोचना के लेंस से देखा गया.
1 दिसंबर 2023 को थिएटर्स में रिलीज हुई 'एनिमल' हाल ही में ओटीटी प्लेटफॉर्म नेटफ्लिक्स पर भी आ गई. फिल्म की ओटीटी रिलीज के बाद ये चर्चा सोशल मीडिया पर फिर से गर्म होने लगी है. अब 'एनिमल' के हीरो रणबीर कपूर ने एक नए इंटरव्यू में फिल्म की इस आलोचना पर जवाब दिया है.
रणबीर ने कहा जरूर बननी चाहिए ऐसी फिल्में 'एनिमल' के स्टार रणबीर कपूर ने कहा कि बुर लोगों पर भी फिल्में बननी चाहिए क्योंकि इससे एक कन्वर्सेशन शुरू होती है. नेटफ्लिक्स इंडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा, 'टॉक्सिक मर्दानगी को लेकर एक बहुत हेल्दी डिबेट शुरू हो चुकी है, और ये बहुत अच्छी बात है क्योंकि कम से कम सिनेमा एक कन्वर्सेशन शुरू करता है. अगर कुछ गलत है, आप दिखाएंगे नहीं कि वो गलत है, और जबतक समाज में उसपर बातचीत नहीं शुरू होगी, आपको इसका एहसास ही नहीं होगा.'
ऑडियंस का काम है सही-गलत तय करना 'तो जो रोल हम निभा रहे हैं, वो किरदार हैं. ये बहुत महत्वपूर्ण है कि एक्टर्स के तौर पर हम उनसे सहानुभूति रखें, क्योंकि हमें इन्हें निभाना होता है. लेकिन दर्शकों के तौर पर, आपको तय करना होता है कि क्या गलत है. आप एक गलत व्यक्ति पर फिल्म बना सकते हैं और ये बनाई जानी चाहिए. क्योंकि अगर आप इन लोगों पर फिल्म नहीं बनाएंगे तो समाज में कभी सुधार होगा ही नहीं.'
रणबीर की बात का समर्थन करते हुए बॉबी ने कहा, 'स्टोरीटेलिंग समाज का आईना है. ये आपको दिखाता है कि समाज में क्या हो रहा है और बहुत सारी चीजें ऐसी हो रही हैं जिनके बारे में हम बात नहीं करना चाहते.'













